नालंदा में कृषि उत्पादन को बढ़ावा देने और किसानों की आमदनी दोगुनी करने के उद्देश्य से RAD (राष्ट्रीय कृषि विकास) योजना के तहत जमीनी स्तर पर कार्य तेज कर दिए गए हैं। योजना के तहत चयनित किसानों ने अधिकृत विक्रेताओं से मक्का-चीना फसल के उन्नत बीज और आवश्यक कृषि उपादानों की खरीदारी कर ली है। अधिकारियों ने किया स्थलीय निरीक्षण इस प्रक्रिया में पारदर्शिता और गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए कृषि विभाग के अधिकारी सीधे किसानों के खेतों तक पहुंच रहे हैं। बीज क्रय के बाद जिले के अलग-अलग प्रखंडों में प्रखंड कृषि पदाधिकारी (BAO) और अनुमंडल कृषि पदाधिकारी (SAO) ने सघन स्थलीय निरीक्षण किया। अधिकारियों ने खेतों में जाकर न सिर्फ बीज की गुणवत्ता और वितरण प्रक्रिया का सत्यापन किया, बल्कि खेतों में बुआई की वस्तुस्थिति का भी जायजा लिया। इस दौरान अधिकारियों ने यह सुनिश्चित किया कि किसानों ने निर्धारित मापदंडों के अनुसार ही कृषि इनपुट्स की खरीदारी की है।
किसानों को दिए गए जरूरी टिप्स निरीक्षण के दौरान कृषि अधिकारियों ने किसानों के साथ सीधा संवाद कर उन्हें उन्नत खेती के गुर सिखाए। किसानों को वैज्ञानिक तरीके से खेती करने, मिट्टी की जरूरत के हिसाब से संतुलित उर्वरक का प्रयोग करने, समय पर सिंचाई व्यवस्था सुनिश्चित करने और फसलों को बीमारियों से बचाने के लिए कीट प्रबंधन के संबंध में महत्वपूर्ण मार्गदर्शन दिया गया। बढ़ेगा फसलों का रकबा और उत्पादन जिला कृषि पदाधिकारी ने इस संबंध में बताया कि RAD योजना का मुख्य उद्देश्य किसानों को उन्नत कृषि तकनीक से जोड़ना है। इसके प्रभावी क्रियान्वयन से नालंदा जिले में मक्का और चीना जैसी फसलों के रकबे (क्षेत्रफल) और उत्पादकता, दोनों में भारी वृद्धि होने की उम्मीद है। उत्पादन बढ़ने से सीधा असर किसानों की आर्थिक स्थिति पर पड़ेगा और उनकी आय में इजाफा होगा। कृषि विभाग की ओर से इस पूरी योजना की सतत मॉनिटरिंग की जा रही है। ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि सरकारी योजना का शत-प्रतिशत लाभ जमीनी स्तर पर अधिक से अधिक किसानों को मिल सके। नालंदा में कृषि उत्पादन को बढ़ावा देने और किसानों की आमदनी दोगुनी करने के उद्देश्य से RAD (राष्ट्रीय कृषि विकास) योजना के तहत जमीनी स्तर पर कार्य तेज कर दिए गए हैं। योजना के तहत चयनित किसानों ने अधिकृत विक्रेताओं से मक्का-चीना फसल के उन्नत बीज और आवश्यक कृषि उपादानों की खरीदारी कर ली है। अधिकारियों ने किया स्थलीय निरीक्षण इस प्रक्रिया में पारदर्शिता और गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए कृषि विभाग के अधिकारी सीधे किसानों के खेतों तक पहुंच रहे हैं। बीज क्रय के बाद जिले के अलग-अलग प्रखंडों में प्रखंड कृषि पदाधिकारी (BAO) और अनुमंडल कृषि पदाधिकारी (SAO) ने सघन स्थलीय निरीक्षण किया। अधिकारियों ने खेतों में जाकर न सिर्फ बीज की गुणवत्ता और वितरण प्रक्रिया का सत्यापन किया, बल्कि खेतों में बुआई की वस्तुस्थिति का भी जायजा लिया। इस दौरान अधिकारियों ने यह सुनिश्चित किया कि किसानों ने निर्धारित मापदंडों के अनुसार ही कृषि इनपुट्स की खरीदारी की है।
किसानों को दिए गए जरूरी टिप्स निरीक्षण के दौरान कृषि अधिकारियों ने किसानों के साथ सीधा संवाद कर उन्हें उन्नत खेती के गुर सिखाए। किसानों को वैज्ञानिक तरीके से खेती करने, मिट्टी की जरूरत के हिसाब से संतुलित उर्वरक का प्रयोग करने, समय पर सिंचाई व्यवस्था सुनिश्चित करने और फसलों को बीमारियों से बचाने के लिए कीट प्रबंधन के संबंध में महत्वपूर्ण मार्गदर्शन दिया गया। बढ़ेगा फसलों का रकबा और उत्पादन जिला कृषि पदाधिकारी ने इस संबंध में बताया कि RAD योजना का मुख्य उद्देश्य किसानों को उन्नत कृषि तकनीक से जोड़ना है। इसके प्रभावी क्रियान्वयन से नालंदा जिले में मक्का और चीना जैसी फसलों के रकबे (क्षेत्रफल) और उत्पादकता, दोनों में भारी वृद्धि होने की उम्मीद है। उत्पादन बढ़ने से सीधा असर किसानों की आर्थिक स्थिति पर पड़ेगा और उनकी आय में इजाफा होगा। कृषि विभाग की ओर से इस पूरी योजना की सतत मॉनिटरिंग की जा रही है। ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि सरकारी योजना का शत-प्रतिशत लाभ जमीनी स्तर पर अधिक से अधिक किसानों को मिल सके।


