सिद्धार्थनगर में अवैध खनन की जांच के दौरान रविवार शाम एक डंपर चालक ने उपजिलाधिकारी (एसडीएम) सदर की सरकारी गाड़ी पर डंपर चढ़ाने का प्रयास किया। इस घटना में एसडीएम सदर कल्याण सिंह मौर्या और उनके साथ मौजूद कर्मी बाल-बाल बच गए। सतर्कता और सूझबूझ से एक बड़ा हादसा टल गया। यह घटना रविवार शाम करीब साढ़े पांच बजे की है। एसडीएम सदर कल्याण सिंह मौर्या बर्डपुर क्षेत्र से निरीक्षण कर लौट रहे थे। इसी दौरान भदवल गांव के पास उनकी नजर मिट्टी से लदे एक संदिग्ध डंपर पर पड़ी। खनन से संबंधित दस्तावेजों की जांच के लिए उन्होंने अपने चालक को डंपर का पीछा करने का निर्देश दिया। कुछ दूरी पर रास्ता खराब होने के कारण डंपर आगे निकल गया। करीब आधे घंटे बाद डंपर तेज रफ्तार से उसी मार्ग से वापस आता दिखाई दिया। एसडीएम के साथ मौजूद होमगार्ड जवान ने वाहन रोकने का संकेत दिया, लेकिन चालक ने रफ्तार और बढ़ा दी। आरोप है कि चालक ने सरकारी गाड़ी की ओर डंपर मोड़ते हुए उसे चढ़ाने का प्रयास किया। एसडीएम के चालक ने तुरंत वाहन को पीछे कर संभावित दुर्घटना को टाल दिया। इसके बाद एसडीएम की टीम ने डंपर का पीछा जारी रखा। करीब पांच किलोमीटर आगे जाकर डंपर एक स्थान पर फंस गया। सरकारी वाहन को नजदीक आता देख चालक डंपर छोड़कर मौके से फरार हो गया। टीम ने तत्काल डंपर को कब्जे में लेकर सीज कर दिया। एसडीएम सदर कल्याण सिंह मौर्या ने बताया कि खनन संबंधी दस्तावेजों की जांच के दौरान चालक ने वाहन रोकने के बजाय भागने का प्रयास किया और लौटते समय सरकारी वाहन को टक्कर मारने की कोशिश भी की। डंपर को सीज कर सदर थाना पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया है। मामले में आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।


