अलीगढ़ में T20 वर्ल्ड कप में पाकिस्तान की जीत के बाद क्रिकेट प्रेमियों में गजब का उत्साह देखा गया। क्रिकेटर रिंकू सिंह के पिता खानचंद बीमारी में मैच देखते रहे। टीम इंडिया की जीत पर कहा कि महाशिवरात्रि का दिन है, भारत की जीत निश्चित थी। वहीं, भारत की निर्णायक जीत होते ही जगह–जगह आतिशबाजी और ढोल–नगाड़े बजाकर जश्न मनाया गया। कोलंबो में खेले गए T20 वर्ल्ड कप 2026 के फाइनल में भारत ने अपने चिर-प्रतिद्वंदी पाकिस्तान को 61 रनों से हराकर विश्व विजेता का खिताब अपने नाम कर लिया। इस जीत के साथ ही भारत ने न सिर्फ कप जीता, बल्कि अलीगढ़ के उभरते सितारे रिंकू सिंह ने अपनी चमक से करोड़ों दिलों को जीत लिया। 4 गेंदों में बनाए 11 रन मैच के निर्णायक मोड़ पर जब टीम इंडिया को फिनिशिंग टच की जरूरत थी। उस समय रिंकू सिंह क्रीज पर उतरे। रिंकू ने दबाव की स्थिति में अपनी नेचुरल गेम खेलते हुए न केवल स्कोर को 175 तक पहुंचाया, बल्कि पाकिस्तान के मुख्य तेज गेंदबाजों की लय भी बिगाड़ दी। उनकी 11 रनों की संक्षिप्त लेकिन प्रभावी नाबाद पारी और बाउंड्री पर चीते जैसी फुर्ती ने भारत की जीत में अहम भूमिका निभाई। जहां से शुरू हुआ सफर, वहीं मना जश्न जैसे ही भारतीय गेंदबाजों ने पाकिस्तान का आखिरी विकेट गिराया, अलीगढ़ के महुआखेड़ा स्थित क्रिकेट स्टेडियम में खुशी का माहौल देखा गया। यह वही मैदान है जहां रिंकू सिंह ने पसीना बहाकर विश्व स्तर तक का सफर तय किया है। स्टेडियम के बाहर दर्जनों ढोल वादकों ने मोर्चा संभाल लिया। क्रिकेट प्रेमी रिंकू के परिजन और कोच मसूद-उज-जफर अमीन को बधाई देने लगे। इस दौरान मिठाई का वितरण किया गया। सुबह की थी प्रार्थना रिंकू की बहन नेहा सिंह ने कहा कि उन्होंने सुबह ही भगवान शिव से टीम इंडिया की जीत के लिए प्रार्थना की थी। उन्होंने कहा कि भारत-पाकिस्तान मुकाबले में भारतीय टीम का प्रदर्शन शानदार रहा और आगे भी टीम ऐसे ही जीत हासिल करती रहे, यही उनकी कामना है।


