महाशिवरात्रि पर शिव की नगरी काशी में सुरक्षा के चाक चौबंद इंतजाम हैं। शिव की आराधना के इस महापर्व के लिए पुलिस कमिश्नर ने फुल प्रूफ प्लान तैयार किया है। शहर में हर चौराहे, सड़क और प्रमुख स्थलों के अलावा चप्पे चप्पे पर फोर्स तैनात रहेगा। सीपी ने काशी विश्वनाथ मंदिर परिक्षेत्र को 4 जोन में बांटा है। इसमें मंदिर के अंदर का रेड जोन, एलो जोन और ग्रीन जोन समेत गंगा घाट को शामिल किया है। इन चार जोन को 13 सेक्टर और 30 सब सेक्टर में बांटकर सुरक्षा बल को तैनात किया है। मंदिर में हर समय 2000 पुलिसकर्मी तैनात रहेंगे। काशी विश्वनाथ मंदिर, दशाश्वमेध और अस्सी समेत सभी गंगाघाट और शिवालयों पर फोर्स तैनात किया गया है। पूरे मंदिर क्षेत्र में थ्री लेयर सिक्योरिटी फोर्स रहेगी। पहला घेरा एनएसजी, दूसरा घेरा केंद्रीय सुरक्षा बल, तीरा घेरा पीएसी और पुलिस का होगा। वहीं एटीएस, एसटीएफ, आईबी और एलआईयू भी तैनात की है। मंदिर के जोन का इंचार्ज एडिशनल पुलिस उपायुक्त या सहायक पुलिस आयुक्त को बनाया है। हर सेक्टर में एसीपी या सीओ स्तर का अधिकारी इंचार्ज बनाया है। सब सेक्टर में थानेदारों समेत इंस्पेक्टर और दरोगा को जिम्मेदारी दी गई है। वहीं इनका सुपरविजन डीसीपी स्तर के आईपीएस अफसर करेंगे। पुलिस कमिश्नर मोहित अग्रवाल ने शनिवार रात काशी विश्वनाथ मंदिर में सिक्योरिटी ब्लू प्रिंट और इंट्री प्वाइंट चेक किए। मंदिर के हर लेयर की सिक्योरिटी का रियलिटी चेक किया और ड्रिल करके फाइनल ओके किया। इसके साथ ही पुलिस टीम का होमवर्क भी देखा। श्री काशी विश्वनाथ मंदिर एवं आस-पास के क्षेत्रों में पुलिस फोर्स के साथ चक्रमण भी किया। सीपी और एडिशनल सीपी ने रामापुरा से गोदौलिया, 4 नंबर गेट, ललिता घाट, मणिकर्णिका घाट होते हुए मैदागिन तक पैदल भ्रमण कर सुरक्षा एवं व्यवस्थाओं का स्थलीय निरीक्षण किया गया। सीपी ने जोन के संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। सीपी ने सम्पूर्ण क्षेत्र को 4 जोन, 13 सेक्टर एवं 30 सब-सेक्टरों में विभाजित कर पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती की। बतााय कि त्रिस्तरीय सुरक्षा घेरा स्थापित करते हुए सुदृढ़ बैरिकेडिंग एवं नियंत्रित प्रवेश और निकास व्यवस्था लागू की गई है। शिवबारातों के सुचारु संचालन, मार्ग सुरक्षा एवं यातायात नियंत्रण हेतु विशेष प्रबंध किए गए हैं। सीसीटीवी निगरानी, कंट्रोल रूम से सतत मॉनिटरिंग, विशेष ट्रैफिक प्लान, नो-व्हीकल जोन का कड़ाई से पालन किया जाएगा। इसके साथ ही पार्किंग एवं डायवर्जन व्यवस्था का व्यापक प्रचार सुनिश्चित किया गया है। सीपी ने मंदिर परिसर और बाहर बनाए गए हेल्प डेस्क, महिला पुलिस तैनाती, फायर एवं मेडिकल समन्वय टीम को देखा। इसके साथ ही ब्रीफिंग में पुलिस कर्मियों को विनम्र, सतर्क एवं उत्तरदायी व्यवहार के निर्देश दिए। बताया कि प्रत्येक श्रद्धालु को सुरक्षित, व्यवस्थित एवं सम्मानजनक अनुभव प्राप्त हो सके।
पुलिस कमिश्नर ने जारी किए निर्देश – शिवबारातों के सुचारु संचालन, मार्ग सुरक्षा, यातायात नियंत्रण एवं भीड़ प्रबंधन के लिए विशेष प्रबंध किए गए हैं। – सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से निगरानी एवं कंट्रोल रूम से सतत मॉनिटरिंग करने हेतु निर्देशित किया गया। – नो-व्हीकल जोन का भी कड़ाई से पालन कराये जाने के निर्देश दिये। – पार्किंग स्थलों की स्पष्ट पहचान, संकेतक बोर्ड एवं डायवर्जन प्लान का व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित करने हेतु निर्देशित किया। – ई-रिक्शा, ऑटो एवं अन्य वाहनों के संचालन को सुव्यवस्थित रखने के लिए यातायात पुलिस को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। – हेल्प डेस्क एवं सूचना केंद्रों को सक्रिय रखते हुए बाहरी जनपद/राज्यों से आने वाले श्रद्धालुओं को आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान करें। – महिला श्रद्धालुओं की सुरक्षा हेतु महिला पुलिस बल की पर्याप्त तैनाती सुनिश्चित करने के निर्देश दिये गये । – फायर ब्रिगेड, एम्बुलेंस एवं मेडिकल टीम को सतर्क मोड पर रहें और मंदिर समेत अन्य विभागों से समन्वय स्थापित करें। – ड्यूटी पर प्रत्येक अधिकारी/कर्मचारी को सतर्कता, अनुशासन एवं उत्तरदायित्व की भावना के साथ कार्य करे।


