बक्सर जिले के ब्रह्मपुर प्रखंड में महाशिवरात्रि से पहले ऐतिहासिक बाबा ब्रह्मेश्वरनाथ धाम के पास खुले में मांस की बिक्री को लेकर धार्मिक संगठनों में गहरा रोष है। गुरुवार को ब्रह्मपुर थाना में आयोजित जनता दरबार के दौरान गौ रक्षा दल ने इस मुद्दे को उठाते हुए तत्काल प्रतिबंध की मांग की। इसी बीच, पुलिस अधीक्षक शुभम आर्य ने ब्रह्मपुर थाना का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान थाने में लगभग 200 लंबित कांड सामने आने पर एसपी ने नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने अनुसंधानकर्ताओं को चेतावनी देते हुए कहा कि लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और कार्रवाई तय है। जनता दरबार में फरियादियों की कम संख्या पर भी एसपी आर्य ने असंतोष जताया। उन्होंने इसे प्रचार-प्रसार की कमी और प्रशासनिक विफलता बताते हुए संबंधित अधिकारियों को फटकार लगाई। एसपी ने जोर दिया कि जनता दरबार का उद्देश्य तभी पूरा होगा जब आम लोग बिना किसी डर के अपनी शिकायतें रख सकें। गौ रक्षा दल के प्रतिनिधियों ने अपनी बात रखते हुए कहा कि बाबा ब्रह्मेश्वरनाथ धाम केवल एक मंदिर नहीं, बल्कि पूरे क्षेत्र की आस्था का केंद्र है। उनके अनुसार, मंदिर के आसपास खुले में मांस की बिक्री सीधे तौर पर धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाती है। उन्होंने मांग की कि मंदिर क्षेत्र को तुरंत “नो-मीट ज़ोन” घोषित किया जाए और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। इस मुद्दे पर स्थानीय राजनीतिक हलकों में भी हलचल तेज हो गई है। स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते इस मामले में कार्रवाई नहीं की गई, तो यह एक बड़े जनआंदोलन का रूप ले सकता है। बक्सर जिले के ब्रह्मपुर प्रखंड में महाशिवरात्रि से पहले ऐतिहासिक बाबा ब्रह्मेश्वरनाथ धाम के पास खुले में मांस की बिक्री को लेकर धार्मिक संगठनों में गहरा रोष है। गुरुवार को ब्रह्मपुर थाना में आयोजित जनता दरबार के दौरान गौ रक्षा दल ने इस मुद्दे को उठाते हुए तत्काल प्रतिबंध की मांग की। इसी बीच, पुलिस अधीक्षक शुभम आर्य ने ब्रह्मपुर थाना का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान थाने में लगभग 200 लंबित कांड सामने आने पर एसपी ने नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने अनुसंधानकर्ताओं को चेतावनी देते हुए कहा कि लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और कार्रवाई तय है। जनता दरबार में फरियादियों की कम संख्या पर भी एसपी आर्य ने असंतोष जताया। उन्होंने इसे प्रचार-प्रसार की कमी और प्रशासनिक विफलता बताते हुए संबंधित अधिकारियों को फटकार लगाई। एसपी ने जोर दिया कि जनता दरबार का उद्देश्य तभी पूरा होगा जब आम लोग बिना किसी डर के अपनी शिकायतें रख सकें। गौ रक्षा दल के प्रतिनिधियों ने अपनी बात रखते हुए कहा कि बाबा ब्रह्मेश्वरनाथ धाम केवल एक मंदिर नहीं, बल्कि पूरे क्षेत्र की आस्था का केंद्र है। उनके अनुसार, मंदिर के आसपास खुले में मांस की बिक्री सीधे तौर पर धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाती है। उन्होंने मांग की कि मंदिर क्षेत्र को तुरंत “नो-मीट ज़ोन” घोषित किया जाए और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। इस मुद्दे पर स्थानीय राजनीतिक हलकों में भी हलचल तेज हो गई है। स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते इस मामले में कार्रवाई नहीं की गई, तो यह एक बड़े जनआंदोलन का रूप ले सकता है।


