भभुआ सदर अस्पताल में गुरुवार को उस समय हंगामा हो गया, जब जदयू के एससी-एसटी प्रकोष्ठ की प्रदेश महासचिव गीता गुप्ता को कथित तौर पर ‘दलाल’ कहा गया। यह घटना अस्पताल के सीटी स्कैन केंद्र पर हुई, जहां करीब आधे घंटे तक तीखी नोकझोंक चलती रही। गीता गुप्ता मोहनिया प्रखंड के घेघिया गांव निवासी दीपक पासी के 10 वर्षीय पुत्र ऋतिक कुमार का सिर का सीटी स्कैन कराने अस्पताल पहुंची थीं। बच्चे को लगातार सिरदर्द की शिकायत थी और डॉक्टर की सलाह पर उसे सीटी स्कैन के लिए लाया गया था। आरोप है कि पीपीपी मोड में संचालित सीटी स्कैन केंद्र के इंचार्ज ने बच्चे का स्कैन तत्काल करने से इनकार कर दिया और इंतजार करने को कहा। जब गीता गुप्ता ने अपना परिचय देते हुए नंबर के अनुसार जांच करने का आग्रह किया, तो विवाद बढ़ गया। इसी दौरान उन्हें कथित रूप से ‘दलाल’ कह दिया गया। इसके बाद दोनों पक्षों में तीखी बहस शुरू हो गई। मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई और लगभग आधे घंटे तक तनावपूर्ण माहौल बना रहा। वहीं, सीटी स्कैन केंद्र के इंचार्ज ने गीता गुप्ता पर टेक्नीशियन पर हाथ उठाने का आरोप लगाया है। बाद में, वहां मौजूद लोगों के हस्तक्षेप से मामला शांत हुआ। गीता गुप्ता ने कहा कि अस्पताल में दलालों का काम आसानी से हो जाता है, लेकिन जनप्रतिनिधियों को अपमानित किया जा रहा है। उन्होंने इस मामले की शिकायत बिहार सरकार और जिला प्रशासन से करने की बात कही है। भभुआ सदर अस्पताल में गुरुवार को उस समय हंगामा हो गया, जब जदयू के एससी-एसटी प्रकोष्ठ की प्रदेश महासचिव गीता गुप्ता को कथित तौर पर ‘दलाल’ कहा गया। यह घटना अस्पताल के सीटी स्कैन केंद्र पर हुई, जहां करीब आधे घंटे तक तीखी नोकझोंक चलती रही। गीता गुप्ता मोहनिया प्रखंड के घेघिया गांव निवासी दीपक पासी के 10 वर्षीय पुत्र ऋतिक कुमार का सिर का सीटी स्कैन कराने अस्पताल पहुंची थीं। बच्चे को लगातार सिरदर्द की शिकायत थी और डॉक्टर की सलाह पर उसे सीटी स्कैन के लिए लाया गया था। आरोप है कि पीपीपी मोड में संचालित सीटी स्कैन केंद्र के इंचार्ज ने बच्चे का स्कैन तत्काल करने से इनकार कर दिया और इंतजार करने को कहा। जब गीता गुप्ता ने अपना परिचय देते हुए नंबर के अनुसार जांच करने का आग्रह किया, तो विवाद बढ़ गया। इसी दौरान उन्हें कथित रूप से ‘दलाल’ कह दिया गया। इसके बाद दोनों पक्षों में तीखी बहस शुरू हो गई। मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई और लगभग आधे घंटे तक तनावपूर्ण माहौल बना रहा। वहीं, सीटी स्कैन केंद्र के इंचार्ज ने गीता गुप्ता पर टेक्नीशियन पर हाथ उठाने का आरोप लगाया है। बाद में, वहां मौजूद लोगों के हस्तक्षेप से मामला शांत हुआ। गीता गुप्ता ने कहा कि अस्पताल में दलालों का काम आसानी से हो जाता है, लेकिन जनप्रतिनिधियों को अपमानित किया जा रहा है। उन्होंने इस मामले की शिकायत बिहार सरकार और जिला प्रशासन से करने की बात कही है।


