झुंझुनूं. राजस्थान की भजनलाल सरकार के तीसरे बजट में झुंझुनूं जिले को कई अहम घोषणाओं की सौगात मिली है। बजट में आधारभूत ढांचा, पेयजल, पर्यटन और सैनिक कल्याण जैसे क्षेत्रों पर विशेष जोर दिखाई दिया। जिससे जिले के विकास को नया रोडमैप मिलेगा। हालांकि कुछ बड़ी उम्मीदें अधूरी भी रह गईं। झुंझुनूं में एयरपोर्ट निर्माण के लिए फिजिबिलिटी सर्वे कराया जाएगा। इसमें भूमि उपलब्धता, हवाई मार्ग की तकनीकी स्थिति और संभावित यात्री संख्या का आकलन होगा। सर्वे मानकों पर खरा उतरने पर शेखावाटी क्षेत्र से हवाई सेवाओं का रास्ता साफ हो सकेगा, जिससे व्यापार, पर्यटन और निवेश को गति मिलने की संभावना है।
32 हजार करोड़ की यमुना जल परियोजना से मिलेगा स्थायी समाधान
शेखावाटी में यमुना जल लाने की महत्वाकांक्षी योजना पर करीब 32 हजार करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। इससे झुंझुनूं की वर्षों पुरानी पेयजल समस्या के समाधान की दिशा में ठोस कदम बढ़ेगा। शुद्ध पेयजल के साथ किसानों को सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी मिलेगा और कृषि क्षेत्र को नई मजबूती मिलेगी।
दोरासर का सैन्य शक्ति स्मारक बनेगा वॉर म्यूजियम
देश को सर्वाधिक सैनिक देने वाले झुंझुनूं जिले में दोरासर स्थित सैन्य शक्ति स्मारक को अब वॉर म्यूजियम के रूप में विकसित किया जाएगा। यहां शहीदों की अमर गाथाओं को सहेजा जाएगा, जिससे आने वाली पीढ़ियों में राष्ट्रभक्ति की भावना और सुदृढ़ होगी। यह घोषणा सैनिकों और उनके परिवारों के सम्मान से जुड़ी महत्वपूर्ण पहल मानी जा रही है।
सैनिकों-वीरांगनाओं के लिए हाईटेक इंटीग्रेटेड कॉम्प्लेक्स
सैनिकों, वीरांगनाओं और उनके परिवारों की समस्याओं के त्वरित समाधान हेतु इंटीग्रेटेड सैनिक कॉम्प्लेक्स स्थापित किया जाएगा। यहां पेंशन, पुनर्वास और कल्याण योजनाओं से जुड़ी सुविधाएं एक ही छत के नीचे उपलब्ध होंगी। झुंझुनूं सहित जोधपुर, शेरगढ़ और टोंक के लिए संयुक्त रूप से 36 करोड़ रुपए का बजट प्रावधान किया गया है।
मंडावा-नवलगढ़ की हवेलियां वर्ल्ड हेरिटेज सूची की ओर
शेखावाटी की पहचान बनी मंडावा और नवलगढ़ की ऐतिहासिक हवेलियों को यूनेस्को वर्ल्ड हेरिटेज सूची में शामिल कराने की दिशा में पहल की जाएगी। विश्वप्रसिद्ध भित्ति चित्रकला वाली इन हवेलियों के संरक्षण और जीर्णोद्धार के लिए विशेष फंड बनेगा। इससे विदेशी पर्यटकों की संख्या बढ़ेगी और स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। शेखावाटी की पहचान ओपन एयर आर्ट गैलरी के रूप में है।
चिकित्सा क्षेत्र: जिला अस्पतालों में बनेंगे प्रतिक्षालय, खुलेंगे मेंटल हेल्थ केयर
बजट में चिकित्सा क्षेत्र में की गई घोषणाओं को जिले के मरीजों को लाभ मिलेगा। जिले के राजकीय भगवानदास खेतान अस्पताल व राजकीय जिला अस्पताल नवलगढ़ में मरीजों को ठहरने के लिए प्रतिक्षालय बनेंगे। राजकीय भगवानदास खेतान अस्पताल जिले का सबसे बड़ा अस्पताल होने की वजह से यहां पर अत्याधिक मरीजों का भार होता है। औसतन रोजाना यहां पर पांच हजार मरीजों का आना-जाना रहता है। ये मरीज नजदीकी क्षेत्रों से ही नहीं बल्कि जिले के दुर-दराज क्षेत्रों से आते हैं। समय लगने की वजह से कई बार चिकित्सकों को दिखा नहीं पाते हैं। इनके परिजन ठहरने के लिए जगह नहीं होने की वजह से मरीज के भर्ती होने की िस्थति में रात के समय रूकने जैसी समस्याओं से परेशान रहते हैं। वहीं, नवलगढ़ का राजकीय जिला अस्पताल झुंझुनूं-जयपुर मार्ग पर है। एक्सीडेंटल केस के चलते यहां पर काफी मरीजों को इलाज होता है। भर्ती होने की िस्थति में प्रतिक्षालय बन जाने से परिजन यहां पर ठहर सकेंगे। इसके अलावा जिले में अनेक ऐसे मरीज होते हैं जिनके पास डॉक्यूमेंट का अभाव है। बजट घोषणा के अनुसार अब जिनके पास डॉक्यूमेंट नहीं होगा तो भी वे इलाज करा सकेंगे। रोड एक्सीडेंट में पीडि़तों को तत्काल सहायता मिले, इसलिए हाइवे पर रेस्ट सेंटर पर एम्बुलेंस तैनात की जाएगी। झुंझुनूं जिले से झुंझुनूं-सीकर-जयपुर, झुंझुनूं-चिड़ावा-सिंघाना-दिल्ली, सूरजगढ़-लोहारू, झुंझुनूं-फतेहपुर नेशनल हाइवे व झुंझुनूं-उदयपुरवाटी-खंडेला-सीकर हाइवे गुजर रहे हैं। इनपर चिह्नित जगह एम्बुलेंस तैनात होने से हादसे में घायलों को इलाज का प्राइमरी सपोर्ट तो मिलेगा ही। साथ ही तुरंत नजदीक अस्पतालों में ले जाकर इलाज होगा। दोनों जिला अस्पतालों में मेंटल हेल्थ केयर सेंटर भी खुलेंगे।
सेना क्षेत्र: 485 शहीद परिवारों की बेटियों को मिलेगा फायदा
देश की सेवा में झुंझुनू के सैनिकों का गौरवशाली योगदान रहा है। देश की रक्षा के लिए जिले अब तक 485 के करीब शहीद दे चुका है। ये शहीद अलग-अलग हुए वार व सीमा पर रक्षा करते शहीद हुए हैं। वर्तमान में 50 हजार से पूर्व सैनिक हैं। इनमें से लगभग 30,000 सैनिक इस समय देश की सीमाओं और रक्षा सेवाओं में तैनात हैं। बजट में शहीद की बेटियों के लिए दो हजार रुपए छात्रवृत्ति का प्रावधान किया गया है। जिले के 485 शहीदों में ज्यादार के बेटियां हैं। इन बेटियों को छात्रवृत्ति मिलने से संबल मिल सकेगा। इसके अलावा हाइटेक इंटीग्रेटेड सैनिक कांपलेक्स की स्थापना से पूर्व, वर्तमान सैनिकों, वीरांगनाओं व इनके परिवारों से जुड़ी समस्याओं के समाधान के साथ-साथ सैनिक कल्याण की योजनाओं का लाभ लेने के लिए जगह-जगह नहीं भटकना पड़ेगा। कांपलेक्स में एक ही जगह समाधान हो सकेगा।
रोजगार के अवसर: होमगार्ड बनने व जलदाय विभाग मेंं नौकरी का मौका मिलेगा
बजट में होमगार्ड के पद बढ़ाने व जलदाय विभाग में तीन हजार के करीब संविदा पर कर्मचारी भर्ती करने का प्रावधान किया गया है। जिले में वर्तमान में 330 होमगार्ड के पद हैं। इनके बनिस्पत 297 ही कार्यरत हैं। इनमें भी काफी होमगार्ड डयूटी नहीं मिलने की वजह से घर पर ही रहते हैं। विभागीय जानकारों के अनुसार 20-25 पद झुंझुनूं जिले के हिस्से में आएंगे। इसके अलावा झुंझुनूं जलदाय विभाग में कई पद खाली चल रहे हैं। संविदा पर भर्ती के बाद कुछ कर्मचारी झुंझुनूं को भी मिलने की उम्मीद है। युवाओं को ब्याज मुक्त लोन मिलने से स्टार्टअप या अन्य कोई व्यवसाय शुरू कर सकेंगे।
महिलाओं के लिए : महिला स्वयं सहायता समूह को मिलेगा एक करोड़ का ऋण
बजट में महिलाओं के हितों को ध्यान में रखते हुए कई प्रावधान किए गए हैं। इनमें जिले में सैकड़ों की संख्या में महिला स्वयं सहायता समुह चल रहे हैं। स्वयं सहायता समुह के संचालन के लिए अब 50 लाख की जगह एक करोड़ का ऋण मिल सकेगा। इसके अलावा 50 करोड़ की लागत से महिला पुर्नवास केंद्र की स्थापना की जाएगी। वहीं, लखपति दीदी योजना में कर्ज की सीमा बढ़ाई गई है। जिले में योजना से जुड़ी महिलाओं को ज्यादा कर्ज मिल सकेगा।
शहरी पेयजल समस्या: जिला कलक्टर को मिलेगी एक करोड
गर्मी में शहरी पेयजल समस्याओं के समाधान के लिए जिला कलक्टर को एक करोड़ रुपए का बजट मिलेगा। समर कंटिजेंसी के लिए जिला कलक्टर शहरों में पेयजल की सुविधाओं के विस्तार के क्षेत्र में काम करेंगे। जिले के ज्यादातर शहरों में गर्मियों में पेयजल की गंभीर समस्या हो जाती है। इसमें नए टयूबवेल का निर्माण शामिल है।
खेती-किसानी: पशुपालकों को दूध पर मिलेगा बोनस
खेती-किसानों के क्षेत्र में बजट में महत्वूर्ण प्रावधान किए गए हैं। जिले में पशुपालन का दायरा बड़ा है। पशुपालन कर दूध बेचने वालों को अब दूध पर अनुदान दिया जाएगा। माना जा रहा है कि जिले में पांच लाख पशुपालक हैं, जो दूध बेचकर अपने परिवार का गुजारा करते हैं। इसके अलावा लाखों किसान ब्याज मुक्त फसली ऋण ले सकेंगे। कृषि यंत्रों की खरीद, डिग्गी व फार्म पोंड निर्माण, तारबंदी, वर्मी कंपोस्ट यूनिट स्थापना पर अनुदान मिलेगा। किसानों के लिए सस्ती बिजली का प्रावधान किया गया है।
इंफ्रास्ट्रक्चर विकास: नई सड़कों पर करोड़ों का निवेश
जिले में सड़क निर्माण को गति देने के लिए करोड़ों रुपए के बजट की घोषणा की गई है। सूरजगढ़ उपखंड में जाखोद से राठियों की ढाणी तक 2 किमी सड़क निर्माण पर 50 लाख रुपए तथा जाखोद से लोटिया रोड तक 3 किमी सड़क के लिए 75 लाख रुपए स्वीकृत किए गए हैं। वहीं झुंझुनूं क्षेत्र में विभिन्न मिसिंग लिंक सड़कों के निर्माण के लिए 12 करोड़ 50 लाख रुपए खर्च किए जाएंगे। इसके अतिरिक्त छऊ से बजावा तक 5 किमी सड़क निर्माण पर 1 करोड़ 45 लाख रुपए, खेतड़ी उपखंड के डाडाफतेहपुरा–नालपुर–गौरीर–रामबास मार्ग के 13 किमी निर्माण पर 11 करोड़ रुपए तथा उदपुरवाटी से बाकरा–झुंझुनूं–नवलगढ़ सीमा तक 16.5 किमी सड़क निर्माण पर 10 करोड़ रुपए व्यय किए जाने का प्रावधान किया गया है।
मठ-मंदिर: कुलोदय दुर्गा मंदिर का होगा विकास
बजट में मंदिरों में विकास कार्य कराने का प्रावधान किया गया है। जिले में कुलोद में िस्थतकुलोद माता मंदिर का विकास कार्य कराया जाएगा। इसके तहत मंदिर में अब श्रद्धालुओं की भीड़ नजर आएगी।
बिजली-पानी, कृषि और पशुपालन क्षेत्र: जीएसएस, एईएन कार्यालय, सहायक कृषि कार्यालय खुलेंगे
बजट में बिजली क्षेत्र में बजट प्रावधान किया गया है। नवलगढ़ के देवीपुरा बणी में 33/11 केवी जीएसएस का निर्माण किया जाएगा। इसके अलावा खेतड़ी के मेहाड़ा में सहायक अभियंता कार्यालय खोला जाएगा। इसके अलावा नवलगढ़ में जलदाय विभाग का सहायक अभियंता कार्यालय खोला जाएगा। गोठड़ा नवलगढ़ में सहायक कृषि अधिकारी कार्यालय की स्थापना की जाएगी। नेवरी व इंद्रपुरा के पशु चिकित्सालयों का प्रथम श्रेणी में क्रमोन्नत होंगे। खेतड़ी के पशु चिकित्सालय को बहुउद्देशीय अस्पताल बनाया जाएगा।
पुलिस व जेल: बालाजी होगी पुलिस चौकी, जेल में मुलाकात कक्ष और बंदियों के लिए लॉकर्स
जिले के गुढ़ागौड़जी थानाक्षेत्र के बालाजी में पुलिस चौकी की स्थापना की जाएगी। इसके अलावा मंडावा रोड िस्थत जिला जेल में बंद बंदियों के परिजनों के लिए आधुनिक मुलाकात कक्ष की स्थापना की जाएगी। इसके अलावा जेल में बंदियों के लॉकर्स का निर्माण किया जाएगा।


