MP News: अशोकनगर जिले के चंदेरी क्षेत्र के कडराना गांव में ड्रग्स की अवैध लैब संचालित कर ड्रग्स कारोबार करते पकड़े गए आरोपी प्रियांशु जैन और राघवेंद्र परमार पुलिस रिमांड पर है। जिन्होंने पूछताछ में खुलासा किया है कि पांच करोड़ रुपए कर्ज हो जाने से उन्होंने इंटरनेट पर ड्रग्स बनाना सीखा और कारोबार शुरू किया। पूछताछ में आरोपियों ने चौकाने वाला खुलासा किया है। बताया कि कारोबार ठप होने और भारी कर्ज चढ़ जाने के कारण उसने रातों-रात अमीर बनने का खौफनाक रास्ता चुना। इम्स बनाने के लिए उसने किसी एक्सपर्ट से ट्रेनिंग नहीं ली, बल्कि इंटरनेट और यूट्यूब को अपना गुरु बनाया। पिछले डेढ़ महीने से ये आरोपी कडराना में गुपचुप तरीके से ड्रग्स तैयार कर रहे थे।
भाजपा की नेमप्लेटः रसूख की आड़ में काला धंधा
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने प्रियांशु जैन की कार एमपी 04 सीयू 5184 भी जब्त की है। यह कार प्रियांशु के नाम पर है और भोपाल के पते पर दर्ज है, लेकिन सबसे चौकाने वाली बात इस पर लगी भाजपा युवा मोर्चा चंदेरी उपाध्यक्ष की नेमप्लेट है। इसी नेमप्लेट से वह राजनीतिक रसूख दिखाता था। आरोपी का भाई हिमांशु जैन चुनमुन भाजपा युवा मोर्चा का मंडल उपाध्यक्ष है और चंदेरी में फिल्म लाइन प्रोड्यूसर के तौर पर काम करता है।
तंगी से अचानक अमीरी तक का सफर
चंदेरी में चर्चा है कि प्रियांशु के परिवार की आर्थिक स्थिति बीते कुछ समय पहले खराब हो गई थी। हालात यहां तक पहुंच गए थे कि उनकी आटा मिल बंद हो गई थी। अचानक पासा पलटा और बंद पड़ी मिल फिर शुरू हो गई।
कॉल रिकॉर्ड्स व बैंक खाते खंगाल रहा नारकोटिक्स विभाग
नारकोटिक्स अब दोनों गिरफ्तार आरोपियों के कॉल रिकॉर्ड्स और बैंक खातों को खंगाल रही है। ताकि कॉल डिटेल से उनके कारोबार से जुड़े लोगों का पता लगाया जा सके और बैंक ट्रांजेक्शनों से उनके कारोबार की जानकारी मिल सके। इसके लिए इंदौर की नारकोटिक्स विंग इस नशे के कारोबार की जांच में जुटी हुई है। इससे मामले में इस कारोबार से जुड़े अन्य खुलासे भी होने की संभावना है। (MP News)
प्रयांशु का भाजपा से लेना-देना नहीं- जिलाध्यक्ष
प्रियांशु जैन का भाजपा से कोई भी लेना देना नहीं है, वह हमारी पार्टी का न सदस्य है और न कोई पदाधिकारी। हिमांशु जैन कौन है इसके बारे में मैं पता करके बताऊंगा।- आलोक तिवारी, जिलाध्यक्ष भाजपा



