मुंगेर को फाइलेरिया मुक्त बनाने के उद्देश्य से मंगलवार को सामूहिक दवा सेवन अभियान का शुभारंभ किया गया। इस अभियान के तहत जिले के 14 लाख 36 हजार 984 लक्षित लाभार्थियों को फाइलेरिया रोधी दवा खिलाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। अभियान का औपचारिक शुभारंभ सदर अस्पताल परिसर में जिलाधिकारी निखिल धनराज ने फीता काटकर किया। इस अवसर पर उन्होंने स्वयं दवा का सेवन किया और फाइलेरिया से पीड़ित एक मरीज को कीट भी प्रदान किया। एलबेंडाजोल और DEC नामक दो प्रकार की दवाओं का वितरण जिलाधिकारी ने बताया कि फाइलेरिया उन्मूलन के लिए एलबेंडाजोल और DEC नामक दो प्रकार की दवाओं का वितरण किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस अभियान के माध्यम से सभी लक्षित लाभार्थियों तक दवा पहुंचाना और उनका सेवन सुनिश्चित कराना प्रशासन की प्राथमिकता है। अधिक से अधिक लोगों की सहभागिता सुनिश्चित करने के लिए 11 फरवरी को जिले के सभी आंगनबाड़ी केंद्रों पर मेगा कैंप का आयोजन किया जाएगा। इन कैंपों में स्वास्थ्यकर्मी बूथ लगाकर समुदाय के लाभार्थियों को अपने सामने दवा खिलाएंगे। जीविका समूह की महिलाओं को भी इन मेगा कैंपों में दवा दी जाएगी। विशेष बूथ लगाकर बच्चों को फाइलेरिया रोधी दवा दी जाएगी जिलाधिकारी ने आगे बताया कि प्रशिक्षित स्वास्थ्यकर्मी आगामी 14 दिनों तक घर-घर जाकर छूटे हुए लाभार्थियों को दवा का सेवन कराएंगे। इसके उपरांत अभियान के अंतिम तीन दिनों में सभी विद्यालयों में विशेष बूथ लगाकर बच्चों को फाइलेरिया रोधी दवा दी जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि फाइलेरिया रोधी दवाएं पूरी तरह सुरक्षित हैं। सिर्फ 2 साल से कम आयु के बच्चे, गर्भवती महिलाएं तथा गंभीर बीमारी से ग्रसित व्यक्ति दवा का सेवन नहीं करेंगे। आमजन से अभियान में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की इस अवसर पर अपर समाहर्ता मनोज कुमार, उप विकास आयुक्त अजीत कुमार, सिविल सर्जन डॉ. राजू, जिला फाइलेरिया पदाधिकारी डॉ. रामप्रवेश प्रसाद सहित स्वास्थ्य विभाग के अन्य पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित थे। सभी अधिकारियों ने स्वयं दवा का सेवन कर आमजन से अभियान में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की। मुंगेर को फाइलेरिया मुक्त बनाने के उद्देश्य से मंगलवार को सामूहिक दवा सेवन अभियान का शुभारंभ किया गया। इस अभियान के तहत जिले के 14 लाख 36 हजार 984 लक्षित लाभार्थियों को फाइलेरिया रोधी दवा खिलाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। अभियान का औपचारिक शुभारंभ सदर अस्पताल परिसर में जिलाधिकारी निखिल धनराज ने फीता काटकर किया। इस अवसर पर उन्होंने स्वयं दवा का सेवन किया और फाइलेरिया से पीड़ित एक मरीज को कीट भी प्रदान किया। एलबेंडाजोल और DEC नामक दो प्रकार की दवाओं का वितरण जिलाधिकारी ने बताया कि फाइलेरिया उन्मूलन के लिए एलबेंडाजोल और DEC नामक दो प्रकार की दवाओं का वितरण किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस अभियान के माध्यम से सभी लक्षित लाभार्थियों तक दवा पहुंचाना और उनका सेवन सुनिश्चित कराना प्रशासन की प्राथमिकता है। अधिक से अधिक लोगों की सहभागिता सुनिश्चित करने के लिए 11 फरवरी को जिले के सभी आंगनबाड़ी केंद्रों पर मेगा कैंप का आयोजन किया जाएगा। इन कैंपों में स्वास्थ्यकर्मी बूथ लगाकर समुदाय के लाभार्थियों को अपने सामने दवा खिलाएंगे। जीविका समूह की महिलाओं को भी इन मेगा कैंपों में दवा दी जाएगी। विशेष बूथ लगाकर बच्चों को फाइलेरिया रोधी दवा दी जाएगी जिलाधिकारी ने आगे बताया कि प्रशिक्षित स्वास्थ्यकर्मी आगामी 14 दिनों तक घर-घर जाकर छूटे हुए लाभार्थियों को दवा का सेवन कराएंगे। इसके उपरांत अभियान के अंतिम तीन दिनों में सभी विद्यालयों में विशेष बूथ लगाकर बच्चों को फाइलेरिया रोधी दवा दी जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि फाइलेरिया रोधी दवाएं पूरी तरह सुरक्षित हैं। सिर्फ 2 साल से कम आयु के बच्चे, गर्भवती महिलाएं तथा गंभीर बीमारी से ग्रसित व्यक्ति दवा का सेवन नहीं करेंगे। आमजन से अभियान में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की इस अवसर पर अपर समाहर्ता मनोज कुमार, उप विकास आयुक्त अजीत कुमार, सिविल सर्जन डॉ. राजू, जिला फाइलेरिया पदाधिकारी डॉ. रामप्रवेश प्रसाद सहित स्वास्थ्य विभाग के अन्य पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित थे। सभी अधिकारियों ने स्वयं दवा का सेवन कर आमजन से अभियान में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की।


