बायतु क्षेत्र के भोजासर समेत आसपास के गांवों में हाइटेंशन ट्रांसमिशन लाइन को लेकर आंदोलनरत किसानों ने अपनी वाजिब मांगें पूरी नहीं होने पर सैकड़ों ट्रैक्टरों के साथ सोमवार शाम को बाड़मेर जिला कलेक्ट्रेट कूच का ऐलान कर दिया। बायतु उपखंड मुख्यालय से रवाना हुए तो प्रशासन हरकत में आया और निंबाणियों की ढाणी के टोल प्लाजा पर क्रेन लगाकर किसानों के ट्रैक्टरों को रुकवा दिया। बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात कर दिया गया। वहीं एसडीएम सहित प्रशासनिक अधिकारी भी सामने पहुंचे और किसानों से समझाइश शुरू की। निंबाणियों की ढाणी टोल पर ट्रैक्टरों को रोकने के लिए एक क्रेन लगा कर रास्ता बंद कर दिया गया। किसान बाड़मेर कलेक्ट्रेट पहुंच वार्ता करने पर अड़ गए और हाइवे पर ही धरना लगा दिया। सड़क पर बैठे किसानों को बायतु प्रधान सिमरथा राम चौधरी, भाजपा नेता जोगाराम मूंढ़ भोजासर, कुंभ सिह सऊ, आरएलपी नेता थानसिंह डोली, जालाराम पालीवाल ने कहा कि प्रशासन को चेतावनी दी गई थी कि प्रोजेक्ट के प्रतिनिधि एवं जिला प्रशासन स्तर के अधिकारी से वार्ता कर किसानो को पर्याप्त मुआवजा दे वरना बाड़मेर कूच किया जायेगा। बायतु विधायक हरीश चौधरी ने कहा कि वाजिब मांगो को लेकर आंदोलन रत किसानो के साथ पुलिस व प्रशासन गैर कानूनी कार्यवाही कर रहे है जो उचित नहीं है। किसानो की अवाप्त जमीन के पर्याप्त मुआवजे के लिए नियमों में बदलाव का हम प्रयास कर रहे हैं। प्रशासन ने कंपनी के साथ मिलकर किसानो की आवाज को दबाने का प्रयास किया तो इसे बर्दाश्त नही करेंगे। किसानों की प्रशासन से वार्ता सफल, धरना समाप्त प्रशासन द्वारा सकारात्मक वार्ता के आश्वासन पर किसानों का प्रतिनिधि मंडल वार्ता के लिए राजी हुआ। किसान प्रतिनिधि मंडल में बायतु प्रधान सिमरथाराम बेनीवाल, आरएलपी नेता जालाराम पालीवाल, भाजपा युवा नेता जोगाराम भोजासर, एडवोकेट कुंभसिंह सऊ, भुराराम सऊ, बायतु भीमजी सरपंच किशना राम मेघवाल, बोड़वा सरपंच चैनाराम शामिल रहें। वार्ता में प्रशासनिक अधिकारी बाड़मेर एसडीएम यथार्थ शेखर, यूआईटी सचिव श्रवणसिंह राजावत, बायतु तहसीलदार मोनालिसा देथा, पुलिस एडमिशन एसपी प्रभुलाल धनिया, बाड़मेर वृत्ताधिकारी रमेश शर्मा के साथ पावर ग्रिड के स्टेट कॉर्डिनेटर अधिकारी मौजूद रहे। बायतु वृत्ताधिकारी शिवनारायण चौधरी, बायतु थानाधिकारी डॉ. मनोहर विश्नोई, नागाणा थानाधिकारी अशोक विश्नोई, रीको थानाधिकारी भंवरसिंह सहारण मौजूद रहे। महिलाओं की पुलिस से झड़प निंबानियों की ढाणी टोल प्लाजा पर किसानो के काफिले को पुलिस द्वारा रोकने पर महिलाएं भड़क गई। अधिकारियों के साथ वार्ता पर अड़ गई तब वहां मौजूद महिला पुलिसकर्मियों ने महिलाओं को खदेड़ने का प्रयास किया। इससे हंगामा खड़ा हो गया। काफी देर बाद समझाइश पर मामला शांत हुआ।


