गया जिले के कोंच प्रखंड कार्यालय परिसर स्थित सभागार में साप्ताहिक जनता दरबार का आयोजन किया गया। इसकी अध्यक्षता प्रखंड विकास पदाधिकारी विपुल भारद्वाज और अंचलाधिकारी मुकेश कुमार ने संयुक्त रूप से की। जनता दरबार में मुख्य रूप से राजस्व और भूमि सुधार से संबंधित मामले सामने आए। ग्रामीणों ने अपनी समस्याओं के समाधान के लिए अधिकारियों को आवेदन सौंपे। आंती गांव निवासी अनिल कुमार पासवान ने जमीन की मालगुजारी रसीद में सुधार के लिए आवेदन दिया। वहीं, कुंई गांव के मुन्नी लाल यादव, सुरेंद्र यादव और महेंद्र यादव ने अपनी जमाबंदी के डिजिटल रिकॉर्ड में सुधार की मांग की। अंचलाधिकारी मुकेश कुमार ने प्राप्त आवेदनों की समीक्षा की और संबंधित कर्मियों को आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि सभी मामलों का शीघ्रता से निष्पादन सुनिश्चित किया जाएगा। बैठक में विभिन्न विभागों के पदाधिकारी भी उपस्थित थे ताकि जन समस्याओं का मौके पर ही समाधान तलाशा जा सके। जनता दरबार में आंगनवाड़ी सुपरवाइजर ममता कुमारी, प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी सुमन शेखर और प्रखंड सहकारिता पदाधिकारी मौजूद रहे। हालांकि, इस महत्वपूर्ण बैठक में शिक्षा विभाग और कृषि विभाग से कोई भी कर्मी या पदाधिकारी उपस्थित नहीं था, जिसे लेकर चर्चा भी हुई। जनता दरबार का मुख्य उद्देश्य स्थानीय स्तर पर लोगों की समस्याओं को सुनकर उनका त्वरित समाधान करना है, ताकि उन्हें जिला मुख्यालय के चक्कर न लगाने पड़ें। गया जिले के कोंच प्रखंड कार्यालय परिसर स्थित सभागार में साप्ताहिक जनता दरबार का आयोजन किया गया। इसकी अध्यक्षता प्रखंड विकास पदाधिकारी विपुल भारद्वाज और अंचलाधिकारी मुकेश कुमार ने संयुक्त रूप से की। जनता दरबार में मुख्य रूप से राजस्व और भूमि सुधार से संबंधित मामले सामने आए। ग्रामीणों ने अपनी समस्याओं के समाधान के लिए अधिकारियों को आवेदन सौंपे। आंती गांव निवासी अनिल कुमार पासवान ने जमीन की मालगुजारी रसीद में सुधार के लिए आवेदन दिया। वहीं, कुंई गांव के मुन्नी लाल यादव, सुरेंद्र यादव और महेंद्र यादव ने अपनी जमाबंदी के डिजिटल रिकॉर्ड में सुधार की मांग की। अंचलाधिकारी मुकेश कुमार ने प्राप्त आवेदनों की समीक्षा की और संबंधित कर्मियों को आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि सभी मामलों का शीघ्रता से निष्पादन सुनिश्चित किया जाएगा। बैठक में विभिन्न विभागों के पदाधिकारी भी उपस्थित थे ताकि जन समस्याओं का मौके पर ही समाधान तलाशा जा सके। जनता दरबार में आंगनवाड़ी सुपरवाइजर ममता कुमारी, प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी सुमन शेखर और प्रखंड सहकारिता पदाधिकारी मौजूद रहे। हालांकि, इस महत्वपूर्ण बैठक में शिक्षा विभाग और कृषि विभाग से कोई भी कर्मी या पदाधिकारी उपस्थित नहीं था, जिसे लेकर चर्चा भी हुई। जनता दरबार का मुख्य उद्देश्य स्थानीय स्तर पर लोगों की समस्याओं को सुनकर उनका त्वरित समाधान करना है, ताकि उन्हें जिला मुख्यालय के चक्कर न लगाने पड़ें।


