आगर मालवा में आजाद अध्यापक शिक्षक संघ ने रविवार शाम को कलेक्टर के जरिए मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन दिया। इसमें शिक्षकों की तनख्वाह, पेंशन और प्रमोशन जैसी 21 जरूरी मांगें उठाई गई हैं। शिक्षकों की मांग है कि उनकी नौकरी की गिनती पहले दिन से की जाए ताकि उन्हें पेंशन और ग्रेच्युटी का पूरा फायदा मिल सके। उन्होंने पुरानी पेंशन योजना को फिर से शुरू करने और 2026 से आठवां वेतनमान लागू करने की बात भी कही है। पदोन्नति और विभागों का मेल ज्ञापन में कहा गया है कि जनजातीय विभाग के शिक्षकों को शिक्षा विभाग में शामिल किया जाए। साथ ही खाली पदों पर जल्द प्रमोशन (पदोन्नति) की जाए। कम वेतन पाने वाले गुरुजी और संविदा शिक्षकों को भी प्राथमिक शिक्षकों के बराबर वेतन देने की मांग रखी गई है। बच्चों और परिवार के लिए सुविधाएं संघ ने मांग की है कि जो शिक्षक अब इस दुनिया में नहीं हैं, उनके घर वालों को जल्द नौकरी (अनुकंपा नियुक्ति) दी जाए। इसके अलावा शिक्षकों के लिए कैशलेस इलाज की सुविधा और 65 साल की उम्र में रिटायरमेंट देने की मांग की गई है। हाजिरी और छुट्टी के नियम शिक्षकों का कहना है कि ई-अटेंडेंस का नियम या तो सभी बड़े अफसरों पर लागू हो या फिर शिक्षकों को इससे छूट मिले। उन्होंने शनिवार की छुट्टी या उसके बदले एक्स्ट्रा लीव देने और तीन बच्चे होने के आधार पर की जा रही कार्रवाई को बंद करने की भी मांग की है।


