लंबित मांगों को ले राजस्व कर्मचारियों का प्रदर्शन

लंबित मांगों को ले राजस्व कर्मचारियों का प्रदर्शन

सिटी िरपोर्टर| बेगूसराय राजस्व कर्मचारी संघ की जिला इकाई ने गुरुवार को जिला मुख्यालय पर एक दिवसीय सांकेतिक धरना प्रदर्शन कर सरकार के प्रति कड़ा आक्रोश जताया। यह धरना राजस्व विभाग के साथ 4 जून 2025 को हुए समझौते के नौ महीने बाद भी मांगों के पूरा नहीं होने, असंवैधानिक रूप से कराए जा रहे कार्यों और दमनात्मक कार्रवाई के विरोध में किया गया। धरना की अध्यक्षता राजस्व कर्मचारी संघ के राज्य अध्यक्ष सह जिला अध्यक्ष कौशलेंद्र कुमार सिंह ने की। धरना सभा को संबोधित करते हुए उन्होंने स्पष्ट कहा कि यदि मांगों पर शीघ्र ठोस निर्णय नहीं लिया गया, तो 9 फरवरी के बाद राजस्व कर्मचारी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने को मजबूर होंगे। राज्य अध्यक्ष कौशलेंद्र कुमार सिंह ने कहा कि राजस्व कर्मचारियों की वर्षों पुरानी मांगों को लगातार नजरअंदाज किया जा रहा है। उन्होंने गृह जिला में पदस्थापन, ग्रेड पे को लेवल–2 से उत्क्रमित कर लेवल–5 (ग्रेड पे 2800) करने, राजस्व कर्मचारी का पदनाम बदलकर सहायक राजस्व अधिकारी करने, प्रत्येक राजस्व कर्मचारी को एक सहायक लिपिक उपलब्ध कराने और राजस्व अधिकारी संवर्ग में 25 प्रतिशत पदों पर प्रोन्नति में लागू अघोषित अनैतिक कालबद्धता को तत्काल समाप्त करने की मांग रखी। इसके साथ ही स्वीकृत बल के अनुरूप रिक्त पदों पर अविलंब नियुक्ति, यात्रा भत्ता और मोटरसाइकिल ईंधन भत्ता देने, सेवा संपुष्टि, वर्ष 2011 के बाद अनुकंपा पर बहाल राजस्व कर्मचारियों के संवर्ग परिवर्तन आदेश को निरस्त करने जैसी मांगें भी प्रमुख रहीं। उन्होंने चेतावनी दी कि 9 फरवरी को पटना में मुख्यमंत्री के समक्ष राज्यव्यापी धरना प्रदर्शन किया जाएगा। इसके बाद भी समाधान नहीं हुआ, तो अनिश्चितकालीन हड़ताल का रास्ता अपनाया जाएगा। अन्य संगठनों का समर्थन धरना को संबोधित करते हुए अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ के जिला मंत्री मोहन मुरारी ने राजस्व कर्मचारियों की मांगों का समर्थन किया। उन्होंने पुरानी पेंशन योजना लागू करने, चार श्रम कानूनों को निरस्त करने, जनवरी 2026 से आठवां वेतन आयोग लागू करने, तब तक पांच हजार रुपये न्यूनतम अंतरिम राहत देने, ठेका और संविदा कर्मियों की सेवा नियमित करने तथा निजीकरण पर रोक लगाने की मांग उठाई। साथ ही उन्होंने 12 फरवरी को प्रस्तावित राष्ट्रव्यापी एक दिवसीय हड़ताल को सफल बनाने का आह्वान किया। धरना सभा को जिला मंत्री मुरारी सिंह, पंचायत सचिव संघ के जिला मंत्री शंकर मोची, संयुक्त मंत्री अनिल कुमार गुप्ता और रामानंद सागर सहित कई वक्ताओं ने संबोधित किया। कार्यक्रम में सत्येंद्र कुमार आदि ​थे। सिटी िरपोर्टर| बेगूसराय राजस्व कर्मचारी संघ की जिला इकाई ने गुरुवार को जिला मुख्यालय पर एक दिवसीय सांकेतिक धरना प्रदर्शन कर सरकार के प्रति कड़ा आक्रोश जताया। यह धरना राजस्व विभाग के साथ 4 जून 2025 को हुए समझौते के नौ महीने बाद भी मांगों के पूरा नहीं होने, असंवैधानिक रूप से कराए जा रहे कार्यों और दमनात्मक कार्रवाई के विरोध में किया गया। धरना की अध्यक्षता राजस्व कर्मचारी संघ के राज्य अध्यक्ष सह जिला अध्यक्ष कौशलेंद्र कुमार सिंह ने की। धरना सभा को संबोधित करते हुए उन्होंने स्पष्ट कहा कि यदि मांगों पर शीघ्र ठोस निर्णय नहीं लिया गया, तो 9 फरवरी के बाद राजस्व कर्मचारी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने को मजबूर होंगे। राज्य अध्यक्ष कौशलेंद्र कुमार सिंह ने कहा कि राजस्व कर्मचारियों की वर्षों पुरानी मांगों को लगातार नजरअंदाज किया जा रहा है। उन्होंने गृह जिला में पदस्थापन, ग्रेड पे को लेवल–2 से उत्क्रमित कर लेवल–5 (ग्रेड पे 2800) करने, राजस्व कर्मचारी का पदनाम बदलकर सहायक राजस्व अधिकारी करने, प्रत्येक राजस्व कर्मचारी को एक सहायक लिपिक उपलब्ध कराने और राजस्व अधिकारी संवर्ग में 25 प्रतिशत पदों पर प्रोन्नति में लागू अघोषित अनैतिक कालबद्धता को तत्काल समाप्त करने की मांग रखी। इसके साथ ही स्वीकृत बल के अनुरूप रिक्त पदों पर अविलंब नियुक्ति, यात्रा भत्ता और मोटरसाइकिल ईंधन भत्ता देने, सेवा संपुष्टि, वर्ष 2011 के बाद अनुकंपा पर बहाल राजस्व कर्मचारियों के संवर्ग परिवर्तन आदेश को निरस्त करने जैसी मांगें भी प्रमुख रहीं। उन्होंने चेतावनी दी कि 9 फरवरी को पटना में मुख्यमंत्री के समक्ष राज्यव्यापी धरना प्रदर्शन किया जाएगा। इसके बाद भी समाधान नहीं हुआ, तो अनिश्चितकालीन हड़ताल का रास्ता अपनाया जाएगा। अन्य संगठनों का समर्थन धरना को संबोधित करते हुए अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ के जिला मंत्री मोहन मुरारी ने राजस्व कर्मचारियों की मांगों का समर्थन किया। उन्होंने पुरानी पेंशन योजना लागू करने, चार श्रम कानूनों को निरस्त करने, जनवरी 2026 से आठवां वेतन आयोग लागू करने, तब तक पांच हजार रुपये न्यूनतम अंतरिम राहत देने, ठेका और संविदा कर्मियों की सेवा नियमित करने तथा निजीकरण पर रोक लगाने की मांग उठाई। साथ ही उन्होंने 12 फरवरी को प्रस्तावित राष्ट्रव्यापी एक दिवसीय हड़ताल को सफल बनाने का आह्वान किया। धरना सभा को जिला मंत्री मुरारी सिंह, पंचायत सचिव संघ के जिला मंत्री शंकर मोची, संयुक्त मंत्री अनिल कुमार गुप्ता और रामानंद सागर सहित कई वक्ताओं ने संबोधित किया। कार्यक्रम में सत्येंद्र कुमार आदि ​थे।  

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *