शेखपुरा में मेडियेशन ड्राइव और 14 मार्च को होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत की सफलता सुनिश्चित करने के लिए मंगलवार को अधिवक्ताओं के साथ एक बैठक आयोजित की गई। इस बैठक का उद्देश्य इन आयोजनों के माध्यम से अधिक से अधिक मामलों का निपटारा करना था। पूरे देश में 1 जनवरी से 31 मार्च तक 90 दिवसीय मेडियेशन ड्राइव चल रहा है। इसका लक्ष्य सुलह के आधार पर मामलों का त्वरित निष्पादन करना है। इसी कड़ी में 14 मार्च को जिला न्यायालय परिसर में राष्ट्रीय लोक अदालत का भी आयोजन किया जाएगा। सुशील प्रसाद ने अधिवक्ताओं के साथ बैठक की प्रधान जिला जज संतोष कुमार तिवारी के निर्देश पर जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव सुशील प्रसाद ने अधिवक्ताओं के साथ यह बैठक की। इसमें जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष विनोद कुमार सिंह, महासचिव विपिन कुमार, संयुक्त सचिव चंद्रमौली यादव और विधिक सेवा प्राधिकार के बचाव पक्ष के अधिवक्ता वीरेंद्र कुमार, गुरुवेश नंदन, तरुण कुमार, राहुल कुमार सहित कई अधिवक्ता उपस्थित थे। सचिव सुशील प्रसाद ने सभी अधिवक्ताओं से अपील की कि वे अपने-अपने प्रभाव क्षेत्र में लोगों को मध्यस्थता अभियान का लाभ उठाने के लिए प्रेरित करें। उन्होंने 14 मार्च को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत में भी अधिक से अधिक मामलों के निपटारे हेतु लोगों को प्रोत्साहित करने का आग्रह किया। लोग अपनी सुविधा अनुसार मामलों का करा सकते हैं निपटारा प्राधिकार ने बताया कि लोगों के मामलों के आपसी सहमति से निपटारे के लिए सात न्यायिक पदाधिकारी और छह प्रशिक्षित मध्यस्थता अधिवक्ता प्रतिदिन उपलब्ध रहते हैं। यहां आकर लोग अपनी सुविधा अनुसार मामलों का निपटारा करा सकते हैं। मध्यस्थता से मामलों के निपटारे से न केवल लोगों के बीच मनमुटाव कम होगा, बल्कि न्यायालय में लंबित मामलों की संख्या भी घटेगी और न्यायिक प्रणाली पर पड़ने वाला बोझ भी कम होगा। शेखपुरा में मेडियेशन ड्राइव और 14 मार्च को होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत की सफलता सुनिश्चित करने के लिए मंगलवार को अधिवक्ताओं के साथ एक बैठक आयोजित की गई। इस बैठक का उद्देश्य इन आयोजनों के माध्यम से अधिक से अधिक मामलों का निपटारा करना था। पूरे देश में 1 जनवरी से 31 मार्च तक 90 दिवसीय मेडियेशन ड्राइव चल रहा है। इसका लक्ष्य सुलह के आधार पर मामलों का त्वरित निष्पादन करना है। इसी कड़ी में 14 मार्च को जिला न्यायालय परिसर में राष्ट्रीय लोक अदालत का भी आयोजन किया जाएगा। सुशील प्रसाद ने अधिवक्ताओं के साथ बैठक की प्रधान जिला जज संतोष कुमार तिवारी के निर्देश पर जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव सुशील प्रसाद ने अधिवक्ताओं के साथ यह बैठक की। इसमें जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष विनोद कुमार सिंह, महासचिव विपिन कुमार, संयुक्त सचिव चंद्रमौली यादव और विधिक सेवा प्राधिकार के बचाव पक्ष के अधिवक्ता वीरेंद्र कुमार, गुरुवेश नंदन, तरुण कुमार, राहुल कुमार सहित कई अधिवक्ता उपस्थित थे। सचिव सुशील प्रसाद ने सभी अधिवक्ताओं से अपील की कि वे अपने-अपने प्रभाव क्षेत्र में लोगों को मध्यस्थता अभियान का लाभ उठाने के लिए प्रेरित करें। उन्होंने 14 मार्च को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत में भी अधिक से अधिक मामलों के निपटारे हेतु लोगों को प्रोत्साहित करने का आग्रह किया। लोग अपनी सुविधा अनुसार मामलों का करा सकते हैं निपटारा प्राधिकार ने बताया कि लोगों के मामलों के आपसी सहमति से निपटारे के लिए सात न्यायिक पदाधिकारी और छह प्रशिक्षित मध्यस्थता अधिवक्ता प्रतिदिन उपलब्ध रहते हैं। यहां आकर लोग अपनी सुविधा अनुसार मामलों का निपटारा करा सकते हैं। मध्यस्थता से मामलों के निपटारे से न केवल लोगों के बीच मनमुटाव कम होगा, बल्कि न्यायालय में लंबित मामलों की संख्या भी घटेगी और न्यायिक प्रणाली पर पड़ने वाला बोझ भी कम होगा।


