सरधना के सुनीता हत्याकांड के आरोपी पारस सोम की उम्र को लेकर डाली गई याचिका में आज वादी पक्ष रूलिंग पेश करेगा। इस मामले में पारस सोम के अधिवक्ता की ओर से उसकी उम्र को लेकर याचिका डाली गई है, जिसमें वारदात के वक्त पारस सोम को साढ़े 17 वर्ष का बताया गया है। 31 जनवरी को हुई सुनवाई में वादी पक्ष के अधिवक्ता ने अपोज करते हुए वर्ष 2005 से जुड़ी एक रूलिंग पेश करने का दावा किया था। पहले जानते हैं क्या है कपसाड़ कांड
मेरठ में सरधना थाना क्षेत्र के गांव कपसाड़ में 8 जनवरी को गांव का पारस सोम इसी गांव की दलित समाज की रूबी को अगवा करके ले गया। जाते समय उसने रूबी की मां सुनीता पर बलकटी से वार कर गंभीर रूप से घायल कर दिया, जिसकी बाद में उपचार के दौरान मौत हो गई। इसके बाद गांव में तनाव बढ़ता चला गया। पुलिस ने हत्या व अपहरण का मुकदमा दर्ज किया। 10 जनवरी को गिरफ्तार हुआ पारस
गांव में तनाव बढ़ता चला गया। SSP डा. विपिन ताडा ने पुलिस की 10 टीमें आरोपी पारस की गिरफ्तारी व रूबी की बरामदगी के लिए लगा दीं। 10 जनवरी की रात पुलिस को दोनों की लोकेशन सहारनपुर में मिली, जिसके बाद पुलिस ने पारस सोम को गिरफ्तार करते हुए रूबी को सकुशल बरामद कर लिया। 11 जनवरी से जेल में बंद है पारस सोम
अगले दिन 11 जनवरी को कड़ी सुरक्षा में रूबी के कोर्ट के समक्ष बयान दर्ज कराए गए। यहां से रूबी को काउंसलिंग के लिए आशा ज्योति केंद्र भेज दिया गया। जबकि कोर्ट ने आरोपी पारस सोम को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया। तभी से पारस जेल में बंद है। रूबी को काउंसलिंग के बाद परिजनों की सुपुर्दगी में घर भेज दिया गया। बचाव में सामने आया तीन वकीलों का पैनल
कई दिन तक मामला सुर्खियों में रहा। इसी बीच तीन अधिवक्ताओं बलराम सोम, संजीव राणा और विजय शर्मा ने पारस को नाबालिग करार देते हुए उसके केस को जुबेनाइल बोर्ड में ट्रांसफर कराने का ऐलान कर दिया। कुछ साक्ष्य भी एकत्र किए, जिसके अनुसार पारस की उम्र लगभग साढ़े 17 वर्ष बैठ रही थी। अभी तक दो तारीख पर सुनवाई
पारस को नाबालिग घोषित कराने की जो याचिका है, उसमें पारस के अधिवक्ताओं ने शाहनवाज बनाम उत्तर प्रदेश सरकार वर्ष 2011 की रूलिंग का हवाला दिया है। उनका कहना है कि शाहनवाज पर भी हत्या व जानलेवा हमले का मुकदमा था। वारदात के वक्ता उसकी उम्र 17 वर्ष 10 माह थी। उसने हाईस्कूल का सर्टिफिकेट कोर्ट में पेश किया, जिसके बाद उसका केस जेजे बोर्ड ट्रांसफर कर दिया गया था। इस मामले में अभी तक दो तारीख लग चुकी हैं। आज वादी पक्ष पेश करेगा रूलिंग
कोर्ट ने याचिका मंजूर करते हुए इस प्रकरण से जुड़े लोगों को नोटिस जारी किया। 31 जनवरी की तारीख में केवल पीड़ित पक्ष से युवती का भाई पहुंचा। उनके अधिवक्ता ने सुप्रीम कोर्ट की प्रतिवादी पक्ष द्वारा पेश की गई रूलिंग को अपोज किया और उम्र का सही आंकलन करने के लिए पारस का कक्षा पांच का सर्टिफिकेट मंगाए जाने की मांग की। कोर्ट ने रूलिंग के बारे में पूछा तो वादी पक्ष ने मंगलवार को रूलिंग पेश करने का दावा किया।


