समस्तीपुर के रास्ते रक्सौल हावड़ा के बीच चलने वाली 13022 मिथिला एक्सप्रेस अब अंडाल स्टेशन पर भी 2 मिनट के लिए रुकेगी। ट्रेन के ठहराव को लेकर रेलवे मंडल प्रशासन की ओर से शुक्रवार देर शाम विज्ञप्ति जारी की गई है। रेलवे मंडल के मीडिया प्रभारी आर के सिंह ने कहा कि लंबे समय से रेल यात्री अंडाल स्टेशन पर मिथिला एक्सप्रेस ट्रेन की मांग कर रहे थे। यात्रियों की मांग को देखते हुए रेलवे मुख्यालय इसके लिए प्रस्ताव भेजा गया था, जिस पर मुख्यालय की ओर से स्वीकृति दी गई है। अब यह ट्रेन 2 मिनट के लिए अंडाल स्टेशन पर रुकेगी। रक्सौल से हावड़ा जाने के दौरान यह ट्रेन रात के 11:45 बजे अंडाल स्टेशन पर पहुंचेगी, जबकि 11:45 पर अगले स्टेशन के लिए प्रस्थान करेगी। ठहराव 31 जनवरी से अगले आदेश तक प्रभावी रहेगा। कोयला कारोबारी को मिलेगा लाभ कोलकाता (आसनसोल क्षेत्र) के अंडाल स्टेशन के आसपास मुख्य रूप से कोयला और रेलवे से संबंधित भारी औद्योगिक कारोबार होता है। यहां प्रमुख गतिविधियों में अंडाल मार्शलिंग यार्ड के माध्यम से कोयला लोडिंग, डीजल लोकोमोटिव परिचालन, तापीय ऊर्जा संयंत्रों के लिए कोयला आपूर्ति और माल ढुलाई शामिल है। इसके अलावा, छोटे स्तर पर स्थानीय स्टॉल और व्यापार भी संचालित होते हैं। अंडाल स्टेशन के आसपास के प्रमुख कारोबार का विवरण कोयला उद्योग: यह क्षेत्र पूर्व रेलवे के सबसे बड़े यार्डों में से एक है, जहां विभिन्न खदानों से कोयला लाकर लोडिंग की जाती है।
माल ढुलाई (Logistics): यहां से बकरेश्वर, फरक्का और सागरदिघी जैसे थर्मल पावर प्लांटों के लिए कोयले की ढुलाई की जाती है।
रेलवे कनेक्टिविटी: यह स्टेशन पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे को माल की आपूर्ति करने का एक महत्वपूर्ण केंद्र है। समस्तीपुर के रास्ते रक्सौल हावड़ा के बीच चलने वाली 13022 मिथिला एक्सप्रेस अब अंडाल स्टेशन पर भी 2 मिनट के लिए रुकेगी। ट्रेन के ठहराव को लेकर रेलवे मंडल प्रशासन की ओर से शुक्रवार देर शाम विज्ञप्ति जारी की गई है। रेलवे मंडल के मीडिया प्रभारी आर के सिंह ने कहा कि लंबे समय से रेल यात्री अंडाल स्टेशन पर मिथिला एक्सप्रेस ट्रेन की मांग कर रहे थे। यात्रियों की मांग को देखते हुए रेलवे मुख्यालय इसके लिए प्रस्ताव भेजा गया था, जिस पर मुख्यालय की ओर से स्वीकृति दी गई है। अब यह ट्रेन 2 मिनट के लिए अंडाल स्टेशन पर रुकेगी। रक्सौल से हावड़ा जाने के दौरान यह ट्रेन रात के 11:45 बजे अंडाल स्टेशन पर पहुंचेगी, जबकि 11:45 पर अगले स्टेशन के लिए प्रस्थान करेगी। ठहराव 31 जनवरी से अगले आदेश तक प्रभावी रहेगा। कोयला कारोबारी को मिलेगा लाभ कोलकाता (आसनसोल क्षेत्र) के अंडाल स्टेशन के आसपास मुख्य रूप से कोयला और रेलवे से संबंधित भारी औद्योगिक कारोबार होता है। यहां प्रमुख गतिविधियों में अंडाल मार्शलिंग यार्ड के माध्यम से कोयला लोडिंग, डीजल लोकोमोटिव परिचालन, तापीय ऊर्जा संयंत्रों के लिए कोयला आपूर्ति और माल ढुलाई शामिल है। इसके अलावा, छोटे स्तर पर स्थानीय स्टॉल और व्यापार भी संचालित होते हैं। अंडाल स्टेशन के आसपास के प्रमुख कारोबार का विवरण कोयला उद्योग: यह क्षेत्र पूर्व रेलवे के सबसे बड़े यार्डों में से एक है, जहां विभिन्न खदानों से कोयला लाकर लोडिंग की जाती है।
माल ढुलाई (Logistics): यहां से बकरेश्वर, फरक्का और सागरदिघी जैसे थर्मल पावर प्लांटों के लिए कोयले की ढुलाई की जाती है।
रेलवे कनेक्टिविटी: यह स्टेशन पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे को माल की आपूर्ति करने का एक महत्वपूर्ण केंद्र है।


