ग्रेटर नोएडा के सदल्लापुर गांव में एक दंपति की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई, जबकि उनके तीन बच्चे गंभीर रूप से बीमार हो गए। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि पूरे परिवार ने बुधवार रात दाल-चावल खाए थे, जिसके बाद उनकी तबीयत बिगड़ गई। यह घटना ईकोटेक थर्ड थाना क्षेत्र की है। दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में भर्ती दंपति की बड़ी बेटी वैष्णवी ने पुलिस को बताया कि खाना खाने के कुछ देर बाद सभी को उल्टियां होने लगीं। सुबह जब उसे होश आया, तो उसने अपने माता-पिता को जमीन पर पड़ा देखा। सबसे छोटी बेटी लाडो ने मोबाइल फोन लेकर पड़ोसी रामशंकर को सूचना दी, जिसके बाद पुलिस और एंबुलेंस मौके पर पहुंची। एडिशनल डीसीपी सेंट्रल जोन नोएडा संतोष कुमार ने बताया कि श्रवण कुमार का शव मकान के पीछे बने कमरे में फर्श पर मिला। उनकी गर्भवती पत्नी नीलम का शव बाहर गैलरी में सीढ़ियों के पास पड़ा था। नीलम के पैरों में चप्पल होने से यह आशंका जताई जा रही है कि उन्होंने बाहर निकलने की कोशिश की थी। तीनों बच्चे कमरे के बेड पर बेहोशी की हालत में मिले थे। उन्हें तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया, लेकिन हालत गंभीर होने के कारण दिल्ली रेफर कर दिया गया। अब उनकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और घटनास्थल से किसी जहरीले पदार्थ का रैपर या शीशी नहीं मिली है। उल्टी के नमूने जांच के लिए भेजे गए हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में अभी तक यह स्पष्ट नही हुआ है कि दंपति ने किस तरह के जहरीले पदार्थ का सेवन किया था और वह किस प्रकार का जहर था और उनके शरीर में कैसे पहुंचा इस बारे में पीएम रिपोर्ट कोई स्पष्ट कारण नहीं बता सकी है। इसके कारण पुलिस ने दंपति का बिशरा सुरक्षित कर लिया है। इसके साथ ही उल्टी के नमूने भी जांच के लिए सुरक्षित रखे गए हैं। इन सभी नमूनों को गाजियाबाद लैब भेजा गया है ताकि असली तरीके से मौत की असली वजह सामने आ सके। एडिशनल डीसीपी संतोष कुमार ने यह भी बताया की जांच में एक और हम बात सामने आई है की घटना स्थल से ना तो कोई सुसाइड नोट बरामद हुआ है और ना ही किसी भी तरह की कोई जहर की शीशी रैपर यह जहरीली दवा मिली है इसी कारण से पुलिस इस मामले को संदिग्ध मानकर चल रही है।
पुलिस का यह भी कहना है कि आसपास किसी भी तरह का कोई सीसीटीवी नहीं होने के कारण अब यह अंदेशा लगाना बेहद कठिन हो गया है कि पूरे दिन में कौन-कौन उसे घर में आए थे और रात में क्या-क्या हुआ था इन सभी सवालों का जवाब ढूंढने में काफी मशक्कत करनी पड़ रही है। उल्टी के नमूने लेकर जांच के लिए भेजे गए हैं जिनसे असली वजह पता चल पाएगी।


