प्रयागराज के धूमनगंज थाना क्षेत्र में पिकअप ड्राइवर की लापरवाही ने एक छात्रा की जान ले ली। शुक्रवार दोपहर स्कूटी सवार छात्रा को पिकअप ने टक्कर मारी। इसके बाद पिकअप लेकर भागते समय छात्रा उसमें फंसकर करीब 20 मीटर तक घिसटती चली गई थी। इससे उसकी मौत हो गई। यह दर्दनाक घटना शहर के धूमनगंज इलाके में मुंडेरा मंडी के गेट नंबर दो के सामने हुई। हादसे की वजह से करीब आधे घंटे तक प्रयागराज-कानपुर रोड पर आवागमन बाधित रहा। धूमनगंज पुलिस ने शव व दुर्घटनाग्रस्त स्कूटी को हटवाया, तब जाकर आवागमन बहाल हुआ। कौशांबी की रहने वाली कौशांबी जिले के चरवा थानांतर्गत समसपुर गांव निवासी भइया लाल प्रजापति मजदूरी करते हैं। उनके तीन बच्चों में 18 वर्षीया नेहा इकलौती बेटी थी। वह इलाहाबाद इंटर कालेज में इंटरमीडिएट की छात्रा थी। वह मुंडेरा में किराये पर कमरा लेकर रहती थी। शुक्रवार दोपहर वह स्कूटी में पेट्रोल भरवाने धूमनगंज के पंप पर गई थी। वहां से वापस कमरे पर लौटने लगी। मुंडेरा मंडी के गेट नंबर दो के सामने जैसे ही पहुंची, पीछे से आए पिकअप ने स्कूटी में जोरदार टक्कर मारी। नेहा का कपड़ा पिकअप में फंस गया, जिस कारण वह करीब 20 मीटर तक घिसटते चली गई। आसपास के लोग मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। बैग में मिला मोबाइल नंबर दुर्घटना के कारण प्रयागराज-कानपुर मार्ग पर आवागमन ठप हो गया। मौके पर पहुंची धूमनगंज पुलिस को मृतका के बैग से कुछ कागजात व मोबाइल फोन मिला। इसमें लिखे मोबाइल नंबरों पर फोन लगाया तो उसकी पहचान नेहा के रूप में हो गई। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम हाउस भिजवाया गया। डाॅक्टर बनना चाहती थी नेहा के घरवालों को उससे बड़ी उम्मीद थी। पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे घरवालों ने बताया कि वह शुरू से ही पढ़ाई में मेधावी थी। वह डॉक्टर या आइएएस बनना चाहती थी। पढ़ाई में तेज होने की वजह से उसे मुंडेरा में किराये पर कमरा दिलाया गया। स्कूल आने-जाने में दिक्कत न हो, इसके लिए स्कूटी भी खरीद कर दी थी।


