लखनऊ की समिट बिल्डिंग की पार्किंग में कारोबारी को थार से कुचलने वाले दोनों आरोपियों को जमानत मिल गई है। पुलिस ने उनका शांति भंग में चालान किया था। इस वजह से उनकी 1 दिन ही जमानत हो गई। हालांकि, मामले में हत्या की कोशिश की धारा में मुकदमा दर्ज है। अन्य आरोपियों की पुलिस तलाश कर रही है। घटना में घायल कारोबारी के एक पैर की 3 जगह से हड्डी टूटी है। दूसरे पैर में भी गहरा जख्म है। इस वजह से वह चल-फिर नहीं पा रहे हैं। उनके दोस्त के सिर और कान में गंभीर चोट हैं। उनका भी उपचार चल रहा है। भास्कर रिपोर्टर ने पीड़ित कारोबारी, उनके दोस्त और पुलिस से इस मामले में बातचीत की तो यह बातें सामने आईं। कारोबारी ने बताया कि दबंगों ने उनके ऊपर करीब 25 मिनट तक थार चढ़ाए रखा, जिससे वह बेहोश हो गए। अस्पताल में होश आया। वहीं, पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। पढ़िए पूरी रिपोर्ट… देखिए 3 तस्वीरें… पहले पढ़िए घटनाक्रम… मूल रूप से फतेहपुर निवासी पवन पटेल सरोजनीनगर के न्यू गुडोरा में रहकर बिल्डिंग मटेरियल का कारोबार करते हैं। उन्होंने बताया कि गांव से कुछ दोस्त आए थे। जिन्होंने रात में घूमने की इच्छा जाहिर की तो समिट बिल्डिंग में 22 जनवरी की रात पार्टी कराने ले आए। दोस्त प्रशांत सचान और अन्य साथियों के साथ समिट बिल्डिंग स्थित किंग क्लब में पार्टी की। रात करीब एक बजे सभी लोग कार से घर जाने के लिए पार्किंग से बाहर निकले। इस दौरान परिसर में एक थार और कार सवार कुछ युवक आपस में झगड़ा कर रहे थे। पवन ने बताया कि उन्होंने दोस्तों के साथ बीच-बचाव करने की कोशिश की। जिस पर आरोपी भड़क गए और गाली-गलौज करते हुए मारपीट पर उतारू हो गए। आरोपियों ने प्रशांत की चेन लूटने का प्रयास किया। उनके ऊपर थार चढ़ा दी। अब पढ़िए पीड़ितों ने जो बताया… दबंगों ने 25 मिनट तक थार चढ़ाए रखा पवन ने बताया कि प्रशांत के साथ मारपीट के दौरान उसने वहां से भागकर किसी तरह खुद को बचाया। इस दौरान अन्य साथी भी पहुंच गए। मामले की जानने की कोशिश, लेकिन आरोपी युवक लगातार गाली- गलौज करते रहे। इसकी वजह से वह मदद लेने के लिए बाहर की तरफ भागे। सिक्योरिटी गार्ड से गेट बंद करने के लिए कहा। तभी पीछे से थार सवार दबंगों ने उन्हें टक्कर मार दी। वह जमीन पर गिर गए। इसके बाद दबंगों ने थार को बैक करके उनके ऊपर चढ़ा दी। करीब 25 मिनट तक थार उनके दोनों पैरों पर चढ़ी रही। इसके बाद वह बेहोश हो गए। उसके बाद क्या हुआ यह उन्हें नहीं पता चला। उन्हें होश आया तो अस्पताल में थे। 3 जगह से टूटी पैर की हड्डी पवन ने बताया कि घटना में उनके एक पैर की हड्डी 3 जगह से टूट गई है। उस पर कच्चा प्लास्टर चढ़ा है। दूसरे पैर में भी गंभीर जख्म हुए हैं। उस पैर में सूजन बनी हुई है। वह वॉकर के सहारे चल रहे हैं। डॉक्टरों ने 4 दिन बाद पक्का प्लास्टर चढ़ाने को कहा है। दूसरे के विवाद में हम लोगों को पीटा पवन के दोस्त प्रशांत सचान ने बताया कि वह लोग पार्टी करके लौट रहे थे। रास्ते में दो पक्ष विवाद कर रहा था। वहां से गुजरने में दिक्कत हो रही थी। जिसके चलते आपत्ति जताई तो दबंगों ने हमला कर दिया। हम लोग अलग क्लब से निकले और आरोपी लड़के अलग क्लब से निकले। दूसरे के विवाद का बदला लेने के लिए हम लोगों से मारपीट करने लगे। दो गाड़ियों से दबंग आए थे। घटना में एक स्विफ्ट डिजायर भी थी। थार को गेट बंद करके रोक लिया गया लेकिन डिजायर वाले भाग गए। अस्पताल में एक घंटे बाद होश आया प्रशांत ने बताया कि दबंग पवन के ऊपर से थार हटा ही नहीं रहे थे। शोर-शराबा होने पर पुलिस भी आ गई। पुलिस और लोकल सिक्योरिटी के साथ मिलकर थार हटाने का प्रयास किया गया, लेकिन सफलता नहीं मिली। इसके बाद पुलिस ने दबंगों से चाबी लेकर थार हटाई। पवन को थार के नीचे से निकालकर लोहिया अस्पताल पहुंचाया गया। जहां करीब एक घंटे बाद उन्हें होश आया। पुलिस ने मौके से उत्तराखंड के रुद्रपुर निवासी आकाश यादव और मोहित मेवाड़ी को गिरफ्तार किया। पुलिस की कार्यशैली पर उठे सवाल समिट बिल्डिंग के गेट नंबर- 4 से सटी हुई पुलिस चौकी है। जो घटना स्थल से मुश्किल से 30 मीटर पर होगी। बावजूद इसके आरोपियों को कोई डर नहीं था। करीब आधे घंटे से पार्किंग में विवाद चलता रहा, लेकिन पुलिस को पता भी नहीं चला। हालांकि, पुलिस का दावा है कि 12 बजे क्लब बंद करवा दिया जाता है। अंदर की सिक्योरिटी 12.30 से 1 बजे तक पूरी पार्किंग खाली करवा देती है। इस घटना ने पुलिस की कार्यशैली पर सवाल खड़े किए हैं। इंस्पेक्टर विभूतिखंड अमर सिंह ने बताया कि पीड़ित की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। घटना में इस्तेमाल थार को कब्जे में ले लिया गया है। फरार अन्य आरोपियों की तलाश में दबिश दी जा रही है। अक्सर विवादों में रहती है समिट बिल्डिंग घटना -1 लखनऊ के विभूति खंड स्थित समिट बिल्डिंग में 31 दिसंबर की रात पार्टी के बाद दो पक्ष आपस में भिड़ गए। जिसके बाद दोनों में जमकर लात-घूसे चले। वहां मौजूद पुलिसकर्मियों ने दोनों पक्षों को अलग किया। घटना – 2 कंचन पुरम त्रिवेणी नगर अलीगंज के रहने वाले दीपू जायसवाल पुत्र प्रभु दयाल जायसवाल 12 जनवरी 2025 की रात करीब 10 बजे समिट बिल्डिंग में फायरफ्लाई बार में गए थे। उनके साथ दो दोस्त यश और मयंक भी थे। रात करीब 12.45 बजे बाउंसर से किसी बात को लेकर बहसबाजी हो गई। इसके बाद बाउंसर ने उनको गंदी-गंदी गालियां दी। वहां से उनको धक्का देकर भगाने लगे। जिसका दीपू ने विरोध किया तो उनके साथ मारपीट शुरू कर दी। बाउंसर रोहतास अपार्टमेंट के सामने गेट नंबर-1 तक मारते हुए लाए। दीपू के गले की सोने की चेन भी छीन ली थी। ————————– यह खबर भी पढ़िए… नशे में धुत ड्राइवर ने 5 गाड़ियों पर डंपर चढ़ाया…CCTV:डॉक्टर और 2 मेडिकल छात्र गंभीर घायल, लखनऊ में SGPGI के गेट पर हादसा लखनऊ में एक डंपर सड़क किनारे खड़ीं 5 गाड़ियों पर चढ़ गया। 3 लोगों को भी अपनी चपेट में ले लिया। तीनों गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया। पुलिस ने डंपर ड्राइवर को हिरासत में ले लिया है। पूरी खबर पढ़ें


