Ajit Pawar Bollywood Connection: महाराष्ट्र की राजनीति से आज एक बेहद चौंकाने वाली खबर सामने आई है। राज्य के उपमुख्यमंत्री और कद्दावर नेता अजित पवार का बुधवार सुबह बारामती में प्लेन क्रैश में मौत हो गई। 64 साल के अजित पवार लियरजेट-45 विमान में सवार थे, जो लैंडिंग के समय तकनीकी खराबी के चलते हासे का शिकार हो गया। जिस समय हादसा हुआ उस समय विमान में 6 लोगों मौजूद थे उनकी भी मौत हो गई है। इस खबर के फैलते ही पूरे देश और महाराष्ट्र के राजनीतिक गलियारों में शोक की लहर दौड़ गई है।
अजित पवार का था बॉलीवुड से कनेक्शन (Ajit Pawar Bollywood Connection)
अजित पवार को लोग एक सख्त और प्रभावशाली राजनेता के तौर पर जानते थे, लेकिन बहुत कम लोगों को पता है कि उनके परिवार की जड़ें बॉलीवुड फिल्म इंडस्ट्री से जुड़ी थीं। 22 जुलाई 1959 को जन्मे अजित पवार के पिता, अनंतराव पवार, मशहूर फिल्म निर्देशक वी. शांताराम के बेहद करीबी थे। उन्होंने मुंबई के ऐतिहासिक ‘राजकमल स्टूडियो’ में लंबे समय तक काम किया था। हालांकि, पर्दे पर उनका नाम निर्माता या निर्देशक के रूप में नहीं आया, लेकिन ‘दो आंखें बारह हाथ’ और ‘नवरंग’ जैसी कल्ट क्लासिक फिल्मों के प्रोडक्शन और तकनीकी चीजों में उनका बड़ा योगदान माना जाता है।

अजित पवार ने क्यों चुना था राजनीति का सफर? (Ajit Pawar Political Career)
अजित पवार के पिता चाहते थे कि अजित भी फिल्म इंडस्ट्री में अपना करियर बनाएं, लेकिन ‘दादा’ (जैसा कि उनके समर्थक उन्हें बुलाते थे) की किस्मत में कुछ और ही लिखा था। उन्होंने अपने चाचा शरद पवार की उंगली पकड़कर राजनीति के मैदान में कदम रखा। 1982 में एक सहकारी चीनी मिल से शुरू हुआ उनका सफर उन्हें महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री के पद तक ले आया। बारामती उनकी कर्मभूमि रही, जहां से उन्होंने लगातार छह बार विधानसभा चुनाव जीता।
कैसे हुआ अजित पवार का प्लेन क्रैश? (Ajit Pawar Death In Plane Crash)
अजित पवार की पहचान एक ऐसे नेता की थी जो सुबह 6 बजे से काम शुरू कर देते थे। वह खुद को हमेशा एक किसान बताते थे और खेती-किसानी की उन्हें गहरी समझ थी। अब उनके जाने के बाद प्रशासन फिलहाल इस विमान हादसे की बारीकी से जांच कर रहा है ताकि दुर्घटना के असली कारणों का पता चल सके। अजित पवार का जाना महाराष्ट्र के लिए एक अपूरणीय क्षति है। उन्होंने न केवल अपने चाचा शरद पवार की विरासत को संभाला, बल्कि अपनी एक अलग और बेबाक पहचान भी बनाई।



