यूनिवर्सिटी ग्रांट्स कमिशन (UGC) एक्ट के खिलाफ सवर्ण समुदाय में फैले रोष के बीच BJP नेता व ओलिंपियन रेसलर योगेश्वर दत्त भी खुलकर मैदान में आ गए हैं। योगेश्वर ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट से दो दिन में 3 पोस्ट कर इस एक्ट पर विरोध दर्ज कराया। पहलवान ने लिखा- अगर बच्चों के भविष्य के लिए ही नहीं लड़ सकते तो जीवन के क्या मायने? एक पोस्ट में विभीषण व द्रौपदी चीरहरण का जिक्र करते हुए लिखा- बड़े-बड़े योद्धाओं ने चुप्पी साधी और जिस सत्ता-कुर्सी के लालच में किया, न वह सत्ता रही, न कुर्सी। सर्वनाश हो गया सभी का। सोशल मीडिया यूजर्स ने इन पोस्ट पर मिलेजुले कमेंट्स किए। कुछ ने यह सवाल भी उठाया कि पहलवानों और किसानों के आंदोलन के दौरान आप कहां थे? दैनिक भास्कर एप ने इन पोस्ट को लेकर रेसलर से बात की। उन्होंने कहा- नए एक्ट से समाज में खाई बढ़ेगी। कॉलेज-यूनिवर्सिटियों में खिलाड़ी एक साथ खेलते हैं। वहां ऐसे झूठे मामले दर्ज करवा कर खिलाड़ियों का करियर खत्म किया जाएगा। 3 पॉइंट में समझिए योगेश्वर दत्त की 3 पोस्ट में क्या… योगेश्वर दत्त की 2 पोस्ट… सोशल मीडिया पर सपोर्ट के साथ ट्रोलिंग भी
सोशल मीडिया पर योगेश्वर दत्त की पोस्ट को लेकर मिली-जुली प्रतिक्रियाएं आ रही हैं। सवर्ण समुदाय से जुड़े यूजर भाजपा से होने के बावजूद UGC एक्ट के विरोध का सपोर्ट करने के लिए उनका बड़ा कदम बता रहे हैं। वहीं, किसान आंदोलन व पहलवान आंदोलन से जुड़े लोग उन्हें ट्रोल भी कर रहे हैं। योगेश्वर की पोस्टों पर ऐसे कमेंट्स आ रहे… योगेश्वर दत्त को एक्ट से 2 ऐतराज पहलवान से नेता बने योगेश्वर दत्त की कहानी…
UGC एक्ट के खिलाफ उतरे BJP नेता रेसलर योगेश्वर:सोशल मीडिया पर लिखा- द्रौपदी चीरहरण पर योद्धाओं ने चुप्पी साधी, सभी का सर्वनाश हुआ


