लुधियाना जिले में जगराओं के सुभाष गेट पर एक महिला से पर्स छीनने के मामले में पुलिस ने चार दिन बाद कार्रवाई की है। पुलिस ने वारदात को अंजाम देने वाले आरोपियों की पहचान करने के बाद केस दर्ज किया। पुलिस ने आरोपियों की पहचान गांव देहड़का के रहने वाले जगदीप सिंह और मनी के रूप में की है। वहीं पुलिस ने कार्रवाई करते हुए एक आरोपी जगदीप को गिरफ्तार कर लिया है। सामान खरीदने आई थी बाजार थाना सिटी के एएसआई रणधीर सिंह ने बताया कि पीड़ित महिला राजवीर कौर, गांव काउके कलां, की रहने वाली अपने रिश्तेदारों के साथ खरीदारी के लिए जगराओं आई थीं। खरीदारी के बाद जब वे सुभाष गेट स्थित पेट्रोल पंप के पास खड़ी अपनी गाड़ी की ओर जा रही थीं, तभी यह वारदात हुई। पर्स छीनकर हुए थे फरार इसी दौरान पीछे से आए बाइक सवार बदमाशों ने उन्हें घेर लिया। पीछे बैठे बदमाश ने लोहे की रॉड से हमला करने की धमकी देकर महिला के कंधे से पर्स छीन लिया। इसके बाद दोनों आरोपी मौके से लप्पे शाह रोड की ओर फरार हो गए। पीड़िता ने दी पुलिस को शिकायत पीड़िता राजवीर कौर ने बताया कि अचानक हुई इस वारदात से वह कुछ पलों के लिए सदमे में आ गईं। उनके शोर मचाने पर आसपास के लोग इकट्ठा हुए और पेट्रोल पंप से गाड़ी निकाल रहे उनके पति को घटना की जानकारी दी गई। इसके बाद पुलिस को सूचित किया गया। पुलिस की कार्यशैली पर उठे सवाल हालांकि, पुलिस ने घटना के चार दिन बाद आरोपियों के खिलाफ थाना सिटी में मामला दर्ज किया। शहरवासियों का कहना है कि यह कोई पहला मामला नहीं है, और अक्सर ऐसे मामलों में एफआईआर दर्ज करने में देरी होती है। सुरक्षा दावों पर उठे सवाल लोगों का यह भी आरोप है कि पुलिस तभी कामयाबी का श्रेय लेती है जब पीड़ित खुद आरोपियों का सुराग लगा दे या उन्हें पकड़वा दे। दिनदहाड़े सुभाष गेट जैसे भीड़भाड़ वाले इलाके में हुई इस लूट ने ‘ऑपरेशन प्रहार’ जैसे पुलिस अभियानों और सुरक्षा दावों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। शहरवासी सवाल उठा रहे हैं कि जब शहर के व्यस्ततम चौराहे सुरक्षित नहीं हैं, तो आम नागरिक की सुरक्षा कैसे सुनिश्चित होगी।


