हिसार जिले के ढंडूर गांव में सोमवार को एक फर्नीचर फैक्ट्री के कमरों में सो रहे 3 लोगों की दम घुटने से मौत हो गई। जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। बताया जा रहा है कि ठंड से बचने के लिए इन लोगों ने रात को कमरे के अंदर लोहे की बाल्टी में आग जलाई हुई थी, जिससे गैस भर गई और यह हादसा हो गया। जानकारी के अनुसार ढंडूर गांव स्थित एक फर्नीचर फैक्ट्री में उत्तर प्रदेश के रहने वाले अनुज, साहिल, अमरजीत, शिवा और संजय चार-पांच दिन पहले ही काम के लिए आए थे। गणतंत्र दिवस की छुट्टी होने के कारण सोमवार को फैक्ट्री में कोई काम नहीं हुआ और सभी लोग कमरे में ही सोते रहे। दोपहर करीब 1:00 बजे तक जब कमरे में कोई हलचल नहीं हुई और बाहर लगी लाइट भी जलती रही, तो पास के क्वार्टर में रहने वाले फैक्ट्री में काम करने वाले कर्मी आशुतोष को शक हुआ। कमरे में बेसुध पड़े थे पांचों लोग आशुतोष ने आसपास के अन्य कर्मचारियों को इसकी सूचना दी। इसके बाद कमरे की ऊपर बनी कांच की खिड़की से झांक कर देखा गया, जहां पांचों लोग बेसुध हालत में पड़े मिले। आनन-फानन में खिड़की का शीशा तोड़ा गया और अंदर पानी डाला गया। इस दौरान देखा गया कि 3 लोगों की सांसें थम चुकी थीं। इसके बाद तुरंत डायल 112 पर कॉल कर पुलिस को सूचना दी गई। घटना की सूचना मिलते ही एम्बुलेंस मौके पर पहुंची और सभी पांचों लोगों को हिसार के नागरिक अस्पताल ले जाया गया। डॉक्टरों ने जांच के बाद 3 को मृत घोषित कर दिया, जबकि 2 की हालत गंभीर होने के कारण उन्हें निजी अस्पताल में रेफर कर दिया गया। आग से निकली गैस के कारण दम घुटा आशुतोष ने बताया कि कमरे में दो खिड़कियां थीं, जिनमें से एक पर कांच लगा हुआ था और दूसरी अंदर से बंद थी। गेट का दरवाजा तोड़कर अंदर प्रवेश किया गया, जहां एक लोहे की बाल्टी में आग जली हुई मिली। माना जा रहा है कि आग से निकली गैस के कारण दम घुटने से यह हादसा हुआ। फिलहाल सदर थाना पुलिस ने तीनों शवों को कब्जे में लेकर हिसार के नागरिक अस्पताल की मॉर्च्युरी में रखवा दिया है। मृतकों के परिजनों को सूचना दी जा रही है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। तीनों शवों का पोस्टमॉर्टम मंगलवार को किया जाएगा।


