समस्तीपुर में अधूरे नाले और सड़क निर्माण को लेकर भाकपा माले ने नगर निगम कार्यालय का घेराव करने की घोषणा की है। पार्टी ने चेतावनी दी है कि यदि 15 दिनों के भीतर निर्माण काम पूरा नहीं किया गया, तो स्थानीय लोगों के सहयोग से घेराव किया जाएगा। समस्तीपुर जिला मुख्यालय से सटे आधे दर्जन से अधिक मुहल्लों में नाला और सड़क निर्माण के लिए जेसीबी से गड्ढे खोद कर ठेकेदार करीब छह महीने से गायब है। काम बंद होने के कारण मुहल्लेवासियों का घर से निकलना मुश्किल हो गया है, और खोदे गए गड्ढों में गिरकर लोग लगातार दुर्घटनाओं का शिकार हो रहे हैं। यह समस्या नगर निगम क्षेत्र के वार्ड नंबर 40 की गली नंबर 3B, नक्कू स्थान, वार्ड नंबर 34 के शांति विहार और सरोजिनी गली सहित कई अन्य वार्डों में व्याप्त है। नाला-सड़क निर्माण की स्थिति का जायजा लिया शिकायत मिलने के बाद भाकपा माले की जांच टीम ने सुरेंद्र प्रसाद सिंह के नेतृत्व में इन वार्डों का दौरा किया। टीम में दीनबंधु प्रसाद और जीतेंद्र कुमार शामिल थे। उन्होंने निर्माण स्थलों पर खोदे गए गड्ढों और नाला-सड़क निर्माण की स्थिति का जायजा लिया और स्थानीय लोगों से जानकारी ली। जांच के दौरान टीम ने पाया कि किसी भी निर्माण स्थल पर प्राक्कलन (एस्टीमेट) का बोर्ड नहीं लगाया गया है। इससे यह स्पष्ट नहीं हो पा रहा है कि नाला और सड़क आरसीसी है या पीसीसी, निर्माण एजेंसी कौन है, काम शुरू होने और समाप्त होने की तिथि क्या है, और आवंटित राशि कितनी है। भाकपा माले नेताओं ने आरोप लगाया कि करीब छह महीने से गड्ढे खोदकर काम शुरू करने के बाद ठेकेदार और निर्माण एजेंसी गायब हैं। लोगों और वाहनों का घर से निकलना मुश्किल हो गया है। बार-बार शिकायत के बावजूद, नगर निगम के जेई, आयुक्त, मेयर और उप मेयर कथित तौर पर ‘कमीशनखोरी’ में लिप्त होने के कारण सुनने को तैयार नहीं हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि निर्माण काम में घटिया स्तर की ईंट, बालू, गिट्टी, छड़ और सीमेंट का प्रयोग किया जा रहा है। चेतावनी दी गई है कि 15 दिन के अंदर रुका हुआ काम शुरू कर पूरा नहीं किया जाता है, तो भाकपा माले स्थानीय लोगों को साथ लेकर नगर निगम का घेराव समेत निर्माण स्थल के आसपास सड़क जाम आंदोलन शुरू करेगी। समस्तीपुर में अधूरे नाले और सड़क निर्माण को लेकर भाकपा माले ने नगर निगम कार्यालय का घेराव करने की घोषणा की है। पार्टी ने चेतावनी दी है कि यदि 15 दिनों के भीतर निर्माण काम पूरा नहीं किया गया, तो स्थानीय लोगों के सहयोग से घेराव किया जाएगा। समस्तीपुर जिला मुख्यालय से सटे आधे दर्जन से अधिक मुहल्लों में नाला और सड़क निर्माण के लिए जेसीबी से गड्ढे खोद कर ठेकेदार करीब छह महीने से गायब है। काम बंद होने के कारण मुहल्लेवासियों का घर से निकलना मुश्किल हो गया है, और खोदे गए गड्ढों में गिरकर लोग लगातार दुर्घटनाओं का शिकार हो रहे हैं। यह समस्या नगर निगम क्षेत्र के वार्ड नंबर 40 की गली नंबर 3B, नक्कू स्थान, वार्ड नंबर 34 के शांति विहार और सरोजिनी गली सहित कई अन्य वार्डों में व्याप्त है। नाला-सड़क निर्माण की स्थिति का जायजा लिया शिकायत मिलने के बाद भाकपा माले की जांच टीम ने सुरेंद्र प्रसाद सिंह के नेतृत्व में इन वार्डों का दौरा किया। टीम में दीनबंधु प्रसाद और जीतेंद्र कुमार शामिल थे। उन्होंने निर्माण स्थलों पर खोदे गए गड्ढों और नाला-सड़क निर्माण की स्थिति का जायजा लिया और स्थानीय लोगों से जानकारी ली। जांच के दौरान टीम ने पाया कि किसी भी निर्माण स्थल पर प्राक्कलन (एस्टीमेट) का बोर्ड नहीं लगाया गया है। इससे यह स्पष्ट नहीं हो पा रहा है कि नाला और सड़क आरसीसी है या पीसीसी, निर्माण एजेंसी कौन है, काम शुरू होने और समाप्त होने की तिथि क्या है, और आवंटित राशि कितनी है। भाकपा माले नेताओं ने आरोप लगाया कि करीब छह महीने से गड्ढे खोदकर काम शुरू करने के बाद ठेकेदार और निर्माण एजेंसी गायब हैं। लोगों और वाहनों का घर से निकलना मुश्किल हो गया है। बार-बार शिकायत के बावजूद, नगर निगम के जेई, आयुक्त, मेयर और उप मेयर कथित तौर पर ‘कमीशनखोरी’ में लिप्त होने के कारण सुनने को तैयार नहीं हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि निर्माण काम में घटिया स्तर की ईंट, बालू, गिट्टी, छड़ और सीमेंट का प्रयोग किया जा रहा है। चेतावनी दी गई है कि 15 दिन के अंदर रुका हुआ काम शुरू कर पूरा नहीं किया जाता है, तो भाकपा माले स्थानीय लोगों को साथ लेकर नगर निगम का घेराव समेत निर्माण स्थल के आसपास सड़क जाम आंदोलन शुरू करेगी।


