उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने आज भागलपुर के सुल्तानगंज स्थित अजगैबीनाथ धाम क्षेत्र में प्रस्तावित राष्ट्रीय हवाई अड्डे के लिए हवाई सर्वेक्षण किया। वे हेलिकॉप्टर से कृष्णानंद स्टेडियम पहुंचे, जहां से उन्होंने जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी के साथ मसदी, कमरगंज और गनगनिया क्षेत्रों में प्रस्तावित हवाई अड्डा स्थल का निरीक्षण किया। भारत सरकार की ओर से बजट 2025–26 में स्वीकृत न्यू ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट परियोजना को लेकर जमीनी स्तर पर काम तेज कर दिया गया है। सुल्तानगंज में प्रस्तावित एयरपोर्ट निर्माण को अब अंतिम रूप दे दिया गया है, जिसके लिए बिहार सरकार ने 972 एकड़ भूमि अधिग्रहण के लिए 400 करोड़ रुपए की राशि पहले ही उपलब्ध करा दी है। एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एएआई) के दिशा-निर्देशों के अनुरूप जिला प्रशासन ऑब्सटेकल लिमिटेशन सरफेस (ओएलएस) सर्वे रिपोर्ट सहित अन्य आवश्यक तकनीकी रिपोर्ट तैयार करने में जुटा हुआ है। इसी क्रम में उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी के साथ प्रस्तावित एयरपोर्ट स्थल का हवाई सर्वेक्षण किया। हवाई सर्वे के माध्यम से पूरे क्षेत्र की भौगोलिक स्थिति, अवरोधों और तकनीकी पहलुओं का जायजा लिया गया। तैयारियों की विस्तार से समीक्षा की हवाई सर्वे के बाद उपमुख्यमंत्री ने निरीक्षण भवन में प्रमंडलीय आयुक्त, जिलाधिकारी और संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक की। बैठक में अब तक की गई तैयारियों की विस्तार से समीक्षा की गई। उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि भूमि अधिग्रहण और एयरपोर्ट निर्माण की प्रक्रिया में किसी भी स्तर पर अनावश्यक देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि यह एयरपोर्ट सिर्फ भागलपुर ही नहीं, बल्कि पूरे अंग क्षेत्र के विकास की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा। उन्होंने बताया कि एयरपोर्ट के साथ-साथ क्षेत्र के समग्र विकास पर सरकार का विशेष ध्यान है। मरीन ड्राइव का निर्माण तेजी से चल रहा सुल्तानगंज में गंगा किनारे मरीन ड्राइव का निर्माण तेजी से चल रहा है, फोरलेन सड़क लगभग पूरी हो चुकी है, जबकि शिव कॉरिडोर को लेकर भी योजनाएं तेजी से आगे बढ़ रही हैं। उन्होंने यह भी कहा कि सुल्तानगंज से देवघर तक के धार्मिक रूट को एकीकृत रूप से विकसित करने की योजना है, जिससे देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधा मिल सके। इससे कांवरिया पथ, पर्यटन, व्यापार और रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। सम्राट चौधरी ने कहा है कि राष्ट्रीय हवाई अड्डे के साथ-साथ मैरीन ड्राइव, सुल्तानगंज से देवघर रेल लाइन और शिव कॉरिडोर जैसी महत्वपूर्ण परियोजनाओं पर भी तेजी से काम चल रहा है। इन सभी योजनाओं के लिए भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है, और जल्द ही धरातल पर काम दिखाई देगा। उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने आज भागलपुर के सुल्तानगंज स्थित अजगैबीनाथ धाम क्षेत्र में प्रस्तावित राष्ट्रीय हवाई अड्डे के लिए हवाई सर्वेक्षण किया। वे हेलिकॉप्टर से कृष्णानंद स्टेडियम पहुंचे, जहां से उन्होंने जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी के साथ मसदी, कमरगंज और गनगनिया क्षेत्रों में प्रस्तावित हवाई अड्डा स्थल का निरीक्षण किया। भारत सरकार की ओर से बजट 2025–26 में स्वीकृत न्यू ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट परियोजना को लेकर जमीनी स्तर पर काम तेज कर दिया गया है। सुल्तानगंज में प्रस्तावित एयरपोर्ट निर्माण को अब अंतिम रूप दे दिया गया है, जिसके लिए बिहार सरकार ने 972 एकड़ भूमि अधिग्रहण के लिए 400 करोड़ रुपए की राशि पहले ही उपलब्ध करा दी है। एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एएआई) के दिशा-निर्देशों के अनुरूप जिला प्रशासन ऑब्सटेकल लिमिटेशन सरफेस (ओएलएस) सर्वे रिपोर्ट सहित अन्य आवश्यक तकनीकी रिपोर्ट तैयार करने में जुटा हुआ है। इसी क्रम में उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी के साथ प्रस्तावित एयरपोर्ट स्थल का हवाई सर्वेक्षण किया। हवाई सर्वे के माध्यम से पूरे क्षेत्र की भौगोलिक स्थिति, अवरोधों और तकनीकी पहलुओं का जायजा लिया गया। तैयारियों की विस्तार से समीक्षा की हवाई सर्वे के बाद उपमुख्यमंत्री ने निरीक्षण भवन में प्रमंडलीय आयुक्त, जिलाधिकारी और संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक की। बैठक में अब तक की गई तैयारियों की विस्तार से समीक्षा की गई। उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि भूमि अधिग्रहण और एयरपोर्ट निर्माण की प्रक्रिया में किसी भी स्तर पर अनावश्यक देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि यह एयरपोर्ट सिर्फ भागलपुर ही नहीं, बल्कि पूरे अंग क्षेत्र के विकास की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा। उन्होंने बताया कि एयरपोर्ट के साथ-साथ क्षेत्र के समग्र विकास पर सरकार का विशेष ध्यान है। मरीन ड्राइव का निर्माण तेजी से चल रहा सुल्तानगंज में गंगा किनारे मरीन ड्राइव का निर्माण तेजी से चल रहा है, फोरलेन सड़क लगभग पूरी हो चुकी है, जबकि शिव कॉरिडोर को लेकर भी योजनाएं तेजी से आगे बढ़ रही हैं। उन्होंने यह भी कहा कि सुल्तानगंज से देवघर तक के धार्मिक रूट को एकीकृत रूप से विकसित करने की योजना है, जिससे देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधा मिल सके। इससे कांवरिया पथ, पर्यटन, व्यापार और रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। सम्राट चौधरी ने कहा है कि राष्ट्रीय हवाई अड्डे के साथ-साथ मैरीन ड्राइव, सुल्तानगंज से देवघर रेल लाइन और शिव कॉरिडोर जैसी महत्वपूर्ण परियोजनाओं पर भी तेजी से काम चल रहा है। इन सभी योजनाओं के लिए भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है, और जल्द ही धरातल पर काम दिखाई देगा।


