पूर्वी चंपारण में शुक्रवार की सुबह ग्रामीण बैंक के मैनेजर का शव उनके कमरे में फंदे से लटका मिला है। मृतक की पहचान जितेंद्र कुमार पासवान(40) के रूप में हुई है। ये एक साल से मोतिहारी के रामगढ़वा ग्रामीण बैंक में मैनेजर के पद पर कार्यरत थे। घटना के बाद से मृतक की पत्नी दोनों बेटियों को लेकर फरार है। वहीं, पड़ोसियों ने घटना की सूचना पुलिस को दी। जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची। शव को फंदे से उतारकर कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। फिलहाल, FSL की टीम भी इस मामले को लेकर जांच कर रही है। मृतक के भाई का कहना है, भाभी का 6 महीने से एक्स्ट्रा मेरिटल अफेयर चल रहा था। इसी वजह से उसने भाई की हत्या कर दी। बैंक मैनेजर का कमरे में मिला शव ने बताया, शुक्रवार की सुबह मैं उसे घर आने के लिए फोन कर रहा था। घर पर पूजा थी और उसकी छुट्टी भी थी। इस वजह से हमने सोचा पूरा परिवार एक साथ त्योहार मनाएगा। 3-4 बार कॉल करने पर उसने फोन नहीं उठाया। इसके बाद मैंने भाभी को फोन किया। वो कॉल उठाते ही रोने लगीं। उन्होंने मुझे बताया, गुरुवार की रात मेरी जितेंद्र से लड़ाई हो गई थी। इसी गुस्से में आकर मैं दूसरे कमरे में सोने चली गई थी। जब सुबह 8 बजे सोकर उठी तो देखा वो अपने कमरे में मेरे दुपट्टा के सहारे पंखा में फंदा बनाकर लटके हैं। मैं जोर-जोर से रोने लगी। इसी दौरान आस-पड़ोस के लोग मौके पर पहुंच गए। उन्होंने तुरंत पुलिस को जानकारी दी। आगे बताया, भाभी को घटना के बारे में करीब 8 बजे जानकारी मिल गई थी, लेकिन उन्होंने हमें करीब घटना से 3 घंटे बाद दिया है। सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस घटना की जानकारी मिलते ही रामगढ़वा थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू की और घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। फोरेंसिक जांच की संभावना को भी ध्यान में रखते हुए पुलिस ने कई अहम बिंदुओं पर जानकारी जुटाई है। इसके बाद शव को पोस्टमॉर्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया गया। परिजनों ने जताई हत्या की आशंका मृतक के परिजनों ने इस मामले में हत्या की आशंका जताई है। परिजनों का कहना है कि जितेंद्र कुमार पासवान पूरी तरह स्वस्थ थे और उनकी किसी से दुश्मनी नहीं थी, लेकिन बैंक से जुड़े कुछ मामलों को लेकर वे तनाव में जरूर थे। परिजनों ने आरोप लगाया कि साजिश के तहत उनकी हत्या की गई है और इसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। बैंक में तनाव और लेनदेन की जांच सूत्रों के अनुसार, ग्रामीण बैंक में हाल के दिनों में कुछ लेनदेन और प्रशासनिक मामलों को लेकर दबाव की बात सामने आ रही है। पुलिस इस एंगल से भी जांच कर रही है कि कहीं मौत का संबंध बैंक से जुड़े किसी विवाद या लेनदेन से तो नहीं है। बैंक कर्मियों से भी पूछताछ की जा रही है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि हाल के दिनों में मैनेजर किसी तनाव या विवाद में थे या नहीं। क्षेत्र में फैली सनसनी घटना के बाद रामगढ़वा और आसपास के इलाके में सनसनी फैल गई। बैंक कर्मियों और स्थानीय लोगों में दहशत का माहौल है। लोग इस बात को लेकर चर्चा कर रहे हैं कि एक जिम्मेदार पद पर कार्यरत अधिकारी की इस तरह संदिग्ध मौत कई सवाल खड़े करती है। वहीं बैंक परिसर में भी शोक का माहौल देखा गया। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों का खुलासा हो सकेगा। फिलहाल किसी नतीजे पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। सभी पहलुओं- हत्या, आत्महत्या या अचानक तबीयत बिगड़ने को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है। पुलिस का बयान रामगढ़वा थाना पुलिस ने बताया कि मामला गंभीर है और हर एंगल से जांच की जा रही है। परिजनों के आरोपों को भी जांच का हिस्सा बनाया गया है। पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि सच्चाई सामने लाने के लिए किसी भी बिंदु को नजरअंदाज नहीं किया जाएगा। परिजनों की मांग मृतक के परिजनों ने प्रशासन से मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष और गहन जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। उनका कहना है कि जब तक सच्चाई सामने नहीं आ जाती, तब तक उन्हें न्याय नहीं मिलेगा। ग्रामीण बैंक के मैनेजर की इस संदिग्ध मौत ने पूरे जिले को झकझोर कर रख दिया है। पूर्वी चंपारण में शुक्रवार की सुबह ग्रामीण बैंक के मैनेजर का शव उनके कमरे में फंदे से लटका मिला है। मृतक की पहचान जितेंद्र कुमार पासवान(40) के रूप में हुई है। ये एक साल से मोतिहारी के रामगढ़वा ग्रामीण बैंक में मैनेजर के पद पर कार्यरत थे। घटना के बाद से मृतक की पत्नी दोनों बेटियों को लेकर फरार है। वहीं, पड़ोसियों ने घटना की सूचना पुलिस को दी। जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची। शव को फंदे से उतारकर कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। फिलहाल, FSL की टीम भी इस मामले को लेकर जांच कर रही है। मृतक के भाई का कहना है, भाभी का 6 महीने से एक्स्ट्रा मेरिटल अफेयर चल रहा था। इसी वजह से उसने भाई की हत्या कर दी। बैंक मैनेजर का कमरे में मिला शव ने बताया, शुक्रवार की सुबह मैं उसे घर आने के लिए फोन कर रहा था। घर पर पूजा थी और उसकी छुट्टी भी थी। इस वजह से हमने सोचा पूरा परिवार एक साथ त्योहार मनाएगा। 3-4 बार कॉल करने पर उसने फोन नहीं उठाया। इसके बाद मैंने भाभी को फोन किया। वो कॉल उठाते ही रोने लगीं। उन्होंने मुझे बताया, गुरुवार की रात मेरी जितेंद्र से लड़ाई हो गई थी। इसी गुस्से में आकर मैं दूसरे कमरे में सोने चली गई थी। जब सुबह 8 बजे सोकर उठी तो देखा वो अपने कमरे में मेरे दुपट्टा के सहारे पंखा में फंदा बनाकर लटके हैं। मैं जोर-जोर से रोने लगी। इसी दौरान आस-पड़ोस के लोग मौके पर पहुंच गए। उन्होंने तुरंत पुलिस को जानकारी दी। आगे बताया, भाभी को घटना के बारे में करीब 8 बजे जानकारी मिल गई थी, लेकिन उन्होंने हमें करीब घटना से 3 घंटे बाद दिया है। सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस घटना की जानकारी मिलते ही रामगढ़वा थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू की और घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। फोरेंसिक जांच की संभावना को भी ध्यान में रखते हुए पुलिस ने कई अहम बिंदुओं पर जानकारी जुटाई है। इसके बाद शव को पोस्टमॉर्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया गया। परिजनों ने जताई हत्या की आशंका मृतक के परिजनों ने इस मामले में हत्या की आशंका जताई है। परिजनों का कहना है कि जितेंद्र कुमार पासवान पूरी तरह स्वस्थ थे और उनकी किसी से दुश्मनी नहीं थी, लेकिन बैंक से जुड़े कुछ मामलों को लेकर वे तनाव में जरूर थे। परिजनों ने आरोप लगाया कि साजिश के तहत उनकी हत्या की गई है और इसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। बैंक में तनाव और लेनदेन की जांच सूत्रों के अनुसार, ग्रामीण बैंक में हाल के दिनों में कुछ लेनदेन और प्रशासनिक मामलों को लेकर दबाव की बात सामने आ रही है। पुलिस इस एंगल से भी जांच कर रही है कि कहीं मौत का संबंध बैंक से जुड़े किसी विवाद या लेनदेन से तो नहीं है। बैंक कर्मियों से भी पूछताछ की जा रही है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि हाल के दिनों में मैनेजर किसी तनाव या विवाद में थे या नहीं। क्षेत्र में फैली सनसनी घटना के बाद रामगढ़वा और आसपास के इलाके में सनसनी फैल गई। बैंक कर्मियों और स्थानीय लोगों में दहशत का माहौल है। लोग इस बात को लेकर चर्चा कर रहे हैं कि एक जिम्मेदार पद पर कार्यरत अधिकारी की इस तरह संदिग्ध मौत कई सवाल खड़े करती है। वहीं बैंक परिसर में भी शोक का माहौल देखा गया। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों का खुलासा हो सकेगा। फिलहाल किसी नतीजे पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। सभी पहलुओं- हत्या, आत्महत्या या अचानक तबीयत बिगड़ने को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है। पुलिस का बयान रामगढ़वा थाना पुलिस ने बताया कि मामला गंभीर है और हर एंगल से जांच की जा रही है। परिजनों के आरोपों को भी जांच का हिस्सा बनाया गया है। पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि सच्चाई सामने लाने के लिए किसी भी बिंदु को नजरअंदाज नहीं किया जाएगा। परिजनों की मांग मृतक के परिजनों ने प्रशासन से मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष और गहन जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। उनका कहना है कि जब तक सच्चाई सामने नहीं आ जाती, तब तक उन्हें न्याय नहीं मिलेगा। ग्रामीण बैंक के मैनेजर की इस संदिग्ध मौत ने पूरे जिले को झकझोर कर रख दिया है।


