बिजनौर में दो दिन पूर्व नेहरू चौक स्थित ललता बिल्डिंग में फाइनेंस कंपनी के फील्ड ऑफिसर हरिओम की मौत के मामले में पुलिस ने खुलासा किया है। पुलिस के अनुसार, हरिओम के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रह रही महिला ने ही उसकी हत्या की थी, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया है। मृतक हरिओम की पहचान फाइनेंस कंपनी के फील्ड ऑफिसर के रूप में हुई थी। इस मामले में जनपद रायबरेली के गांव नकटुआ निवासी दीपेंद्र बहादुर सिंह पुत्र राघेन्द्र ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उन्होंने आरोप लगाया था कि हत्यारोपी शीतल निवासी हापुड़ और अन्य अज्ञात व्यक्ति ने पैसे के लेनदेन को लेकर हरिओम सिंह की हत्या की है। गिरफ्तार महिला की पहचान हापुड़ निवासी शीतल के रूप में हुई है, जो एक सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अधिकारी (CHO) है। पुलिस ने उसके पास से दो आईफोन बरामद किए हैं, जिनमें से एक आरोपी महिला का और दूसरा मृतक का है। पूछताछ में आरोपी महिला ने बताया कि वह हरिओम सिंह के साथ लगभग डेढ़ वर्ष से लिव-इन रिलेशनशिप में रह रही थी। दिसंबर 2025 में वह गर्भवती हुई थी, लेकिन उपचार के दौरान उसका मिसकैरेज हो गया। इस घटना के बाद दोनों के बीच विवाद बढ़ गया था। महिला ने बताया कि 15 जनवरी 2026 को मृतक द्वारा गाली-गलौज और मारपीट के बाद वह अपने घर चली गई थी। 18 जनवरी 2026 को जब वह दोबारा चांदपुर आई, तो उनके बीच फिर से विवाद हो गया। इसी दौरान हरिओम ने बिजली के केबल से पंखे पर फांसी लगाने का प्रयास किया। आरोपी महिला ने बताया कि उसने जान से मारने की नीयत से हरिओम के पैरों में लात मार दी, जिससे वह फंदे पर लटक गया। कुछ देर बाद आरोपी महिला ने उसे फंदे से उतारा और परिजनों व मित्रों को सूचना दी। हरिओम को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। महिला ने अपने कृत्य के कारण घटना घटित होने की बात स्वीकार की है। पुलिस ने आरोपी सीएचओ महिला शीतल को न्यायालय में पेश किया है।


