नीमच के ग्राम बासखेड़ा में आयोजित ‘मनरेगा बचाओ चौपाल’ में कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर इस योजना को जानबूझकर कमजोर करने का आरोप लगाया। इस कार्यक्रम में पूर्व सांसद और वरिष्ठ कांग्रेस नेत्री मीनाक्षी नटराजन मुख्य अतिथि के तौर पर शामिल हुईं। मीनाक्षी नटराजन ने कहा कि मनरेगा ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ है, जिसे कांग्रेस ने कानून बनाकर मजदूरों को एक अधिकार के रूप में दिया था। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार बजट में कटौती कर इस योजना को खत्म करने की साजिश रच रही है। उन्होंने घोषणा की कि अब पंचायत स्तर पर कमेटियां बनाई जाएंगी, जो मजदूरों की आवाज उठाएंगी और योजना में होने वाली धांधली को रोकेंगी। मशीनों के उपयोग और बजट कटौती पर घेरा जिला कांग्रेस अध्यक्ष तरुण बाहेती ने कहा कि तकनीकी दिक्कतों और बजट की कमी का बहाना बनाकर योजना को खत्म किया जा रहा है। उन्होंने काम के बदले मशीनों के इस्तेमाल और समय पर मजदूरी न मिलने को ग्रामीणों के साथ धोखा बताया। पूर्व विधायक डॉ. संपत स्वरूप जाजू ने भी बजट में की गई कटौती की निंदा की। बासखेड़ा में पंचायत कांग्रेस कमेटी का गठन संगठन को मजबूत करने के लिए बासखेड़ा पंचायत कांग्रेस कमेटी का गठन किया गया, जिसमें नाथूलाल मेघवाल को पंचायत अध्यक्ष और कैलाशी बाई को महिला अध्यक्ष बनाया गया। जिला अध्यक्ष ने ऐलान किया कि अब जिले की हर पंचायत में इसी तरह कमेटियां बनाई जाएंगी। वरिष्ठ नेताओं का सम्मान और महिलाओं की भागीदारी कार्यक्रम के दौरान वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं को महात्मा गांधी की तस्वीर भेंट कर सम्मानित किया गया। इस चौपाल में बड़ी संख्या में ग्रामीण महिलाएं शामिल हुईं और उन्होंने अपनी समस्याओं को नेताओं के सामने रखा। मौके पर नाथूसिंह राठौर, विनोद दक और अरविंद चोपड़ा सहित कई पदाधिकारी मौजूद रहे।


