खगड़िया में आगामी सरस्वती पूजा को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट हो गया है। पुलिस अधीक्षक राकेश कुमार ने स्पष्ट किया है कि पर्व की आड़ में कानून-व्यवस्था बिगाड़ने का प्रयास करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता पूजा को शांति, सौहार्द और अनुशासन के साथ संपन्न कराना है।एसपी राकेश कुमार ने जिले के सभी थाना अध्यक्षों और ओपी प्रभारियों को निर्देश दिए हैं। उन्हें पूजा से पहले विद्यालयों, शिक्षण संस्थानों और सार्वजनिक पूजा समितियों के साथ तत्काल शांति समिति की बैठकें आयोजित करने को कहा गया है। सदस्यों के लिए पहचान पत्र पहनना अनिवार्य इन बैठकों के माध्यम से आयोजकों को प्रशासनिक दिशा-निर्देशों से अवगत कराया जाएगा और उनकी जिम्मेदारियां तय की जाएंगी। प्रशासन ने इस बार आयोजकों की जवाबदेही बढ़ा दी है। सभी पूजा समितियों के सदस्यों के लिए पहचान पत्र पहनना अनिवार्य होगा। आयोजकों को यह भी प्रमाणित करना होगा कि उनका कोई आपराधिक इतिहास नहीं है। आयोजक मंडल के सदस्यों को अपना चरित्र प्रमाण-पत्र और आधार कार्ड की छायाप्रति पहले ही थाना स्तर पर जमा करानी होगी। यह निर्णय गृह विभाग के निर्देशों के तहत लिया गया है। डीजे पर रहेगा पूर्ण प्रतिबंध पूजा पंडालों में डीजे पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। विसर्जन जुलूस के दौरान भी डीजे बजाने की अनुमति नहीं होगी। अश्लील, भड़काऊ या आपत्तिजनक गीत बजाने पर संबंधित समिति के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए सभी थानों में डीजे परेड भी कराई जाएगी। एसपी राकेश कुमार ने सख्त चेतावनी दी है कि पूजा के नाम पर जबरन चंदा वसूली किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सड़क पर वाहन चालकों से जबरन चंदा वसूलने को अपराध माना जाएगा और दोषियों पर प्राथमिकी दर्ज की जाएगी। इसके लिए जिले में गश्ती व्यवस्था और चौकसी बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं। सोशल मीडिया पर भी पुलिस की पैनी नजर रहेगी। अफवाह, नफरत या भ्रामक संदेश फैलाने वालों पर त्वरित और कठोर कार्रवाई की जाएगी। विवादास्पद झांकी, पोस्टर, स्लोगन और कार्टून पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया है। समय-सीमा के भीतर कराना होगा विसर्जन विसर्जन के दौरान सुरक्षा को लेकर विशेष इंतजाम किए जाएंगे। निर्धारित समय-सीमा के भीतर ही विसर्जन कराना होगा, समय उल्लंघन की स्थिति में आयोजकों की अनुमति पर पुनर्विचार किया जाएगा। विसर्जन स्थलों पर गोताखोर, बचाव दल और पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती रहेगी। सभी विसर्जन मार्गों का भौतिक सत्यापन कर सुरक्षा व्यवस्था को चाक-चौबंद रखने का निर्देश दिया गया है। खगड़िया SP राकेश कुमार ने आम लोगों और पूजा आयोजकों से अपील की है कि वे प्रशासन का सहयोग करें और सरस्वती पूजा को शांति, अनुशासन और भाईचारे के साथ मनाएं। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा खगड़िया में आगामी सरस्वती पूजा को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट हो गया है। पुलिस अधीक्षक राकेश कुमार ने स्पष्ट किया है कि पर्व की आड़ में कानून-व्यवस्था बिगाड़ने का प्रयास करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता पूजा को शांति, सौहार्द और अनुशासन के साथ संपन्न कराना है।एसपी राकेश कुमार ने जिले के सभी थाना अध्यक्षों और ओपी प्रभारियों को निर्देश दिए हैं। उन्हें पूजा से पहले विद्यालयों, शिक्षण संस्थानों और सार्वजनिक पूजा समितियों के साथ तत्काल शांति समिति की बैठकें आयोजित करने को कहा गया है। सदस्यों के लिए पहचान पत्र पहनना अनिवार्य इन बैठकों के माध्यम से आयोजकों को प्रशासनिक दिशा-निर्देशों से अवगत कराया जाएगा और उनकी जिम्मेदारियां तय की जाएंगी। प्रशासन ने इस बार आयोजकों की जवाबदेही बढ़ा दी है। सभी पूजा समितियों के सदस्यों के लिए पहचान पत्र पहनना अनिवार्य होगा। आयोजकों को यह भी प्रमाणित करना होगा कि उनका कोई आपराधिक इतिहास नहीं है। आयोजक मंडल के सदस्यों को अपना चरित्र प्रमाण-पत्र और आधार कार्ड की छायाप्रति पहले ही थाना स्तर पर जमा करानी होगी। यह निर्णय गृह विभाग के निर्देशों के तहत लिया गया है। डीजे पर रहेगा पूर्ण प्रतिबंध पूजा पंडालों में डीजे पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। विसर्जन जुलूस के दौरान भी डीजे बजाने की अनुमति नहीं होगी। अश्लील, भड़काऊ या आपत्तिजनक गीत बजाने पर संबंधित समिति के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए सभी थानों में डीजे परेड भी कराई जाएगी। एसपी राकेश कुमार ने सख्त चेतावनी दी है कि पूजा के नाम पर जबरन चंदा वसूली किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सड़क पर वाहन चालकों से जबरन चंदा वसूलने को अपराध माना जाएगा और दोषियों पर प्राथमिकी दर्ज की जाएगी। इसके लिए जिले में गश्ती व्यवस्था और चौकसी बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं। सोशल मीडिया पर भी पुलिस की पैनी नजर रहेगी। अफवाह, नफरत या भ्रामक संदेश फैलाने वालों पर त्वरित और कठोर कार्रवाई की जाएगी। विवादास्पद झांकी, पोस्टर, स्लोगन और कार्टून पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया है। समय-सीमा के भीतर कराना होगा विसर्जन विसर्जन के दौरान सुरक्षा को लेकर विशेष इंतजाम किए जाएंगे। निर्धारित समय-सीमा के भीतर ही विसर्जन कराना होगा, समय उल्लंघन की स्थिति में आयोजकों की अनुमति पर पुनर्विचार किया जाएगा। विसर्जन स्थलों पर गोताखोर, बचाव दल और पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती रहेगी। सभी विसर्जन मार्गों का भौतिक सत्यापन कर सुरक्षा व्यवस्था को चाक-चौबंद रखने का निर्देश दिया गया है। खगड़िया SP राकेश कुमार ने आम लोगों और पूजा आयोजकों से अपील की है कि वे प्रशासन का सहयोग करें और सरस्वती पूजा को शांति, अनुशासन और भाईचारे के साथ मनाएं। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा


