मुजफ्फरपुर जिले में एक माइक्रो फाइनेंस कंपनी के नाम पर फर्जी कार्यालय खोलकर लोन देने के बहाने ठगी का मामला सामने आया है। इस संबंध में कंपनी के निदेशक कृष्ण कुमार ने तुर्की थाने में एफआईआर दर्ज कराई है। कृष्ण कुमार के अनुसार, उनकी पंजीकृत माइक्रो फाइनेंस कंपनी ‘प्रयास बचत विकास निधि’ के वे, उनके भाई संजय कुमार और दोस्त विजय कुमार निदेशक हैं। आरोप है कि कुछ अज्ञात लोग उनकी कंपनी के नाम और फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल कर विभिन्न क्षेत्रों में लोगों को ठग रहे थे। उन्होंने पहले भी पुलिस अधिकारियों को इस संबंध में सूचित किया था। 13 जनवरी को लोन दिलाने के नाम पर ठगी के प्रयास की जानकारी मिलने के बाद कई थानों में शिकायतें दर्ज कराई गईं। इसी क्रम में सूचना मिली कि तुर्की थाना क्षेत्र के चढ़ुआ पोखर मोहल्ले में महिलाओं को लोन देने के नाम पर ठगा जा रहा है। सूचना पर कृष्ण कुमार अपने सहयोगियों के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने वैशाली जिले के महुआ थाना क्षेत्र के कुतुबपुर निवासी विशाल कुमार को कंपनी के फर्जी दस्तावेजों के साथ मौके से पकड़ा। बाद में उसे तुर्की पुलिस के हवाले कर दिया गया। पुलिस जांच में विशाल कुमार के पास से बरामद बाइक भी चोरी की निकली। तुर्की थाने की पुलिस ने बताया कि आरोपी विशाल कुमार को फर्जीवाड़े के आरोप में गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। पुलिस यह पता लगा रही है कि जिले के किन-किन इलाकों में इस कंपनी के नाम पर ठगी की गई है। सकरा कांड के बाद प्रशासन की अनुमति के बिना जिले में काम कर रही माइक्रो फाइनेंस कंपनियों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस इस मामले को एक बड़े रैकेट से जोड़कर गंभीरता से जांच कर रही है। मुजफ्फरपुर जिले में एक माइक्रो फाइनेंस कंपनी के नाम पर फर्जी कार्यालय खोलकर लोन देने के बहाने ठगी का मामला सामने आया है। इस संबंध में कंपनी के निदेशक कृष्ण कुमार ने तुर्की थाने में एफआईआर दर्ज कराई है। कृष्ण कुमार के अनुसार, उनकी पंजीकृत माइक्रो फाइनेंस कंपनी ‘प्रयास बचत विकास निधि’ के वे, उनके भाई संजय कुमार और दोस्त विजय कुमार निदेशक हैं। आरोप है कि कुछ अज्ञात लोग उनकी कंपनी के नाम और फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल कर विभिन्न क्षेत्रों में लोगों को ठग रहे थे। उन्होंने पहले भी पुलिस अधिकारियों को इस संबंध में सूचित किया था। 13 जनवरी को लोन दिलाने के नाम पर ठगी के प्रयास की जानकारी मिलने के बाद कई थानों में शिकायतें दर्ज कराई गईं। इसी क्रम में सूचना मिली कि तुर्की थाना क्षेत्र के चढ़ुआ पोखर मोहल्ले में महिलाओं को लोन देने के नाम पर ठगा जा रहा है। सूचना पर कृष्ण कुमार अपने सहयोगियों के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने वैशाली जिले के महुआ थाना क्षेत्र के कुतुबपुर निवासी विशाल कुमार को कंपनी के फर्जी दस्तावेजों के साथ मौके से पकड़ा। बाद में उसे तुर्की पुलिस के हवाले कर दिया गया। पुलिस जांच में विशाल कुमार के पास से बरामद बाइक भी चोरी की निकली। तुर्की थाने की पुलिस ने बताया कि आरोपी विशाल कुमार को फर्जीवाड़े के आरोप में गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। पुलिस यह पता लगा रही है कि जिले के किन-किन इलाकों में इस कंपनी के नाम पर ठगी की गई है। सकरा कांड के बाद प्रशासन की अनुमति के बिना जिले में काम कर रही माइक्रो फाइनेंस कंपनियों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस इस मामले को एक बड़े रैकेट से जोड़कर गंभीरता से जांच कर रही है।


