South Superstar Vijay Karur Stampede Case: करूर भगदड़ मामले ने एक बार फिर साउथ के सुपरस्टार विजय के लिए मुश्किलें बढ़ा दी हैं। पहले से विवादों से घिरे टीवीके पार्टी के प्रमुख और मशहूर अभिनेता जोसेफ विजय चंद्रशेखर, जिन्हें लाखों लोग केवल ‘विजय’ के नाम से जानते हैं, अब सीबीआई के नए समन के चलते सुर्खियों में हैं।
केंद्रीय जांच ब्यूरो ने करूर में हुए भगदड़ हादसे की जांच को आगे बढ़ाते हुए विजय को नई दिल्ली में पेश होने का नोटिस भेजा है। यह समन इसलिए अहम माना जा रहा है क्योंकि इससे पहले भी विजय से इस मामले में सवाल-जवाब किए जा चुके हैं, लेकिन जांच एजेंसी अब और गहराई से जानकारी चाहती है।
विजय के प्रशंसक जहां इस स्थिति को लेकर चिंतित हैं, वहीं मामले की गंभीरता को देखते हुए सीबीआई का यह कदम बड़े राजनीतिक और फिल्मी हलकों में चर्चा का विषय बन गया है। आने वाले दिनों में यह पूछताछ क्या नया मोड़ लाएगी, सबकी नजरें इसी पर टिकी हैं।
कब होगी पूछताछ?
ताजा जानकारी के मुताबिक, विजय को दोबारा पूछताछ के लिए 19 जनवरी को बुलाया गया है। इससे पहले 12 जनवरी को सीबीआई ने एक्टर से लगातार 6 घंटे तक पूछताछ की थी।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, 12 जनवरी को हुई पूछताछ में अभिनेता विजय ने साफ कहा कि करूर भगदड़ के लिए न उनकी पार्टी जिम्मेदार है और न वे खुद। उनका कहना था कि जब उन्हें भीड़ बढ़ने का अंदेशा हुआ, तो उन्होंने तुरंत अपना भाषण रोक दिया और मंच से नीचे उतर आए, ताकि किसी तरह की घटना टाली जा सके।
वहीं दूसरी ओर, सीबीआई अब विजय के बयान और पुलिस के बयान को मिलाकर सच्चाई जानने की कोशिश कर रही है। पुलिस ने अपने बयान में कहा है कि भगदड़ की वजह अभिनेता और उनकी पार्टी ही बने। पुलिस के मुताबिक, विजय कार्यक्रम में तय समय से देर से पहुंचे थे, जिससे जगह पर जरूरत से ज्यादा भीड़ इकट्ठा हो गई। जैसे ही उन्होंने भाषण शुरू किया, लोग उन्हें करीब से देखने के लिए आगे बढ़ने लगे और इसी दौरान भगदड़ मच गई। अब सीबीआई इन दोनों तरफ के बयानों की जांच कर यह पता लगाने में जुटी है कि असल गलती किसकी थी।
क्या है पूरा मामला?
विजय से की जा रही पूछताछ 27 सितंबर 2025 की उस घटना से जुड़ी है, जब वे करूर में अपनी टीवीके पार्टी के लिए प्रचार कर रहे थे। बताया जाता है कि अभिनेता कार्यक्रम में देर से पहुंचे थे, इसी दौरान मंच के सामने भीड़ लगातार बढ़ती गई। जैसे ही लोग उन्हें देखने के लिए आगे बढ़े, भगदड़ मच गई। इस दुखद हादसे में 41 लोगों की मौत हो गई और कई लोग घायल हुए। विजय ने घटना पर गहरा दुख जताते हुए मृतकों के परिवारों को 20 लाख रुपये की सहायता राशि दी थी और कुछ परिवारों से वीडियो कॉल पर बात भी की थी।
इस मामले की जांच सुप्रीम कोर्ट के सेवानिवृत्त जज अजय रस्तोगी की अगुवाई वाली समिति की निगरानी में चल रही है। हाल में सीबीआई ने जांच तेज कर दी है और विजय के साथ-साथ टीवीके पार्टी के कई बड़े नेताओं से भी पूछताछ की है। पूछताछ में अधिकारियों ने यह जानने की कोशिश की कि कार्यक्रम का आयोजन किसने किया था, क्या विजय को व्यवस्थाओं की जानकारी थी, वे देर से क्यों पहुंचे और भीड़ को संभालने के लिए क्या कदम उठाए गए थे।



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