झांसी में 9 साल की मासूम बच्ची से रेप करने वाले फूफा को कोर्ट ने 25 साल के कारावास की सजा सुनाई है। आरोपी 5 साल पहले बच्ची को अपने घर ले गया था। वहां रात को दरिंदगी की थी। लहूलुहान होने पर बच्ची को प्राइवेट अस्पताल ले गया। जब माता-पिता पहुंचे तो आरोपी भाग गया था। मां की तहरीर पर पुलिस ने केस दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार किया था। आज कोर्ट ने 25 साल की जेल और 50 हजार रुपए के अर्थदण्ड से दंडित किया है। पूरी धनराशि पीड़िता को दी जाएगी। अर्थदण्ड अदा नहीं करने पर 6 महीने की जेल अतिरिक्त काटनी होगी। यह फैसला शुक्रवार को अपर सत्र न्यायाधीश अनुभव द्विवेदी ने सुनाया है। बच्ची को अपने साथ ले गया था विशेष लोक अभियोजक चंद्र प्रकाश शर्मा ने बताया- एक महिला ने कोतवाली थाना में तहरीर दी थी। बताया था कि उसकी 9 साल की बेटी कक्षा एक में पढ़ती है। 6 जनवरी 2020 को ननदोई का भाई घुमाने के बहाने बेटी को अपने साथ ले गया। रात में उसे नदनोई के घर बंगलाघाट मोहल्ला में रखा। अगले दिन फोन करने पर बताया कि बच्ची को चोट लगी है और वह डॉ. खुराना अस्पताल में भर्ती है। तब माता-पिता अस्पताल पहुंच गए। खून से लतपथ बच्ची को देखकर मां रोने लगी। तब आरोपी भाग गया। मां को बताई थी आपबीती आरोपी के भागने पर बच्ची अपनी मां से लिपटकर रोने लगी थी। उसके प्राइवेट पार्ट से खून आ रहा था। मां ने पूछने पर बच्ची ने बताया था कि फूफा ने रात को कमरा बंद करके गलत काम किया। चिल्लाने पर भी वह नहीं माने। मां की तहरीर पर पुलिस ने केस दर्ज करके आरोपी को गिरफ्तार किया था। बाद में कोर्ट में आरोप पत्र दाखिल किया गया। तमाम सबूतों के आधार पर आज कोर्ट ने आरोपी फूफा को सजा सुनाई है।


