बरेली जिले के बहेड़ी में उत्तराखंड की सीमा से अवैध खनन लेकर आ रहे ट्रक चालकों ने चेकिंग के दौरान रुकने के बजाय खनन विभाग की टीम को कुचलने का प्रयास किया। इस हमले में एक सब-इंस्पेक्टर घायल हो गए, जबकि टीम के अन्य सदस्यों ने सड़क किनारे कूदकर बमुश्किल अपनी जान बचाई। घटना के बाद प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाते हुए 24 लोगों को गिरफ्तार किया है और 37 ओवरलोड ट्रकों को कब्जे में लेकर मंडी परिसर में खड़ा कराया है। चेकिंग प्वाइंट पर मची अफरा-तफरी, बैरिकेडिंग तोड़ भागे ट्रक
डीएम अविनाश सिंह के निर्देश पर नैनीताल रोड स्थित बहेड़ी और दोहना टोल प्लाजा पर अवैध खनन के खिलाफ सघन चेकिंग अभियान चलाया जा रहा था। 15 जनवरी की शाम करीब 5:30 बजे जब खनन अधिकारी मनीष कुमार और पुलिस टीम ने गिट्टी-बजरी से लदे करीब 40-45 ट्रकों को रोकने का इशारा किया, तो चालकों ने रफ्तार कम करने के बजाय सीधे अधिकारियों की ओर वाहन दौड़ा दिए। माफियाओं के हौसले इतने बुलंद थे कि उन्होंने बैरिकेडिंग को टक्कर मारकर तोड़ दिया और जीपीएस लॉक कर सड़क के बीचों-बीच वाहन खड़े कर रास्ता जाम कर दिया। पुलिस टीम पर हमला, सब-इंस्पेक्टर को आई चोटें
ट्रक चालकों और उनके सहयोगियों द्वारा किए गए इस जानलेवा हमले में ड्यूटी पर तैनात उपनिरीक्षक कृष्णपाल सिंह को गुम चोटें आई हैं। बताया जा रहा है कि ट्रकों के साथ चल रहे कुछ निजी वाहनों में सवार खनन माफिया के गुर्गे (फील्डिंग करने वाले) चालकों को उकसा रहे थे। उन्होंने फोन और इशारों पर चालकों से कहा कि जो भी कर्मचारी ट्रक रोकने की कोशिश करे, उस पर गाड़ी चढ़ा दो। इस अफरा-तफरी के बीच अधिकारियों को अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागना पड़ा। घेराबंदी कर 24 दबोचे, गुंडा एक्ट और गैंगस्टर की तैयारी
घटना के बाद हरकत में आई बहेड़ी पुलिस और प्रशासन की संयुक्त टीम ने वन विभाग तिराहे के पास घेराबंदी की। पुलिस ने मौके से सलमान, मौ. कमर, करन सिंह और कासिम समेत कुल 24 चालकों व हेल्पर्स को गिरफ्तार किया है। इन सभी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की गंभीर धाराओं सहित खनन अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। प्रशासन अब इन आरोपियों पर गुंडा एक्ट और गैंगस्टर के तहत भी कार्रवाई करने की तैयारी कर रहा है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं पर लगाम लगाई जा सके। राजस्व वसूली में रिकॉर्ड, अब तक 177 लाख का जुर्माना
खनन विभाग के आंकड़ों के अनुसार, प्रशासन अवैध खनन के खिलाफ लगातार सख्त कार्रवाई कर रहा है। वित्तीय वर्ष 2025-26 में अब तक कुल 392 वाहनों पर कार्रवाई की जा चुकी है, जिनसे 177.65 लाख रुपये का अर्थदंड वसूला गया है। अकेले जनवरी माह में ही 13 तारीख तक 31 वाहनों से 12.06 लाख रुपये की वसूली की गई थी। जिलाधिकारी अविनाश सिंह ने स्पष्ट किया है कि माफियाओं के खिलाफ यह अभियान थमेगा नहीं और नियमों का उल्लंघन करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।


