दीदारगंज एनएच धर्मशाला के समीप बुधवार सुबह करीब नौ बजे एक अनियंत्रित ट्रैक्टर ने बाइक सवार को जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में बाइक सवार की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद चालक ट्रैक्टर लेकर फरार हो गया। मृतक की पहचान वैशाली जिले के फतेहपुर निवासी दिलीप कुमार सिंह के 45 वर्षीय पुत्र आलोक कुमार के रूप में हुई है। वह वर्तमान में हाजीपुर नगर थाना के गांधी चौक के पास अपना घर बनाकर रह रहे थे। बुधवार को वह अपनी बाइक से हाजीपुर से दीदारगंज हाईवे होते हुए राघोपुर जा रहे थे, इसी दौरान धर्मशाला के पास मौत बनकर आए ट्रैक्टर ने उन्हें चपेट में ले लिया। दीदारगंज थानाध्यक्ष रणवीर कुमार ने कहा कि फरार ट्रैक्टर और चालक की तलाश के लिए आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। एक घंटे तक एनएच पर लगा रहा जाम हादसे के बाद घटनास्थल पर राहगीरों और स्थानीय लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। इस कारण एनएच पर करीब एक घंटे तक वाहनों की कतार लग गई और जाम की स्थिति बनी रही। सूचना मिलते ही दीदारगंज थानाध्यक्ष रणवीर कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और लोगों को समझा-बुझाकर जाम हटवाया। पुलिस ने पंचनामा कर शव को पोस्टमार्टम के लिए नालंदा मेडिकल कॉलेज भेजा। मौत की सूचना मिलते ही हाजीपुर से परिजन दीदारगंज पहुंचे। आलोक अपने भाइयों में सबसे बड़े थे और परिवार की मुख्य जिम्मेदारी उन्हीं पर थी। आलोक के दो पुत्र हैं। पिता की अचानक मौत की खबर सुनकर बच्चों और प|ी का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव में भी शोक की लहर है। दीदारगंज एनएच धर्मशाला के समीप बुधवार सुबह करीब नौ बजे एक अनियंत्रित ट्रैक्टर ने बाइक सवार को जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में बाइक सवार की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद चालक ट्रैक्टर लेकर फरार हो गया। मृतक की पहचान वैशाली जिले के फतेहपुर निवासी दिलीप कुमार सिंह के 45 वर्षीय पुत्र आलोक कुमार के रूप में हुई है। वह वर्तमान में हाजीपुर नगर थाना के गांधी चौक के पास अपना घर बनाकर रह रहे थे। बुधवार को वह अपनी बाइक से हाजीपुर से दीदारगंज हाईवे होते हुए राघोपुर जा रहे थे, इसी दौरान धर्मशाला के पास मौत बनकर आए ट्रैक्टर ने उन्हें चपेट में ले लिया। दीदारगंज थानाध्यक्ष रणवीर कुमार ने कहा कि फरार ट्रैक्टर और चालक की तलाश के लिए आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। एक घंटे तक एनएच पर लगा रहा जाम हादसे के बाद घटनास्थल पर राहगीरों और स्थानीय लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। इस कारण एनएच पर करीब एक घंटे तक वाहनों की कतार लग गई और जाम की स्थिति बनी रही। सूचना मिलते ही दीदारगंज थानाध्यक्ष रणवीर कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और लोगों को समझा-बुझाकर जाम हटवाया। पुलिस ने पंचनामा कर शव को पोस्टमार्टम के लिए नालंदा मेडिकल कॉलेज भेजा। मौत की सूचना मिलते ही हाजीपुर से परिजन दीदारगंज पहुंचे। आलोक अपने भाइयों में सबसे बड़े थे और परिवार की मुख्य जिम्मेदारी उन्हीं पर थी। आलोक के दो पुत्र हैं। पिता की अचानक मौत की खबर सुनकर बच्चों और प|ी का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव में भी शोक की लहर है।


