बेतिया जिले में औद्योगिक आपदाओं से बचाव और जनसुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए जिला प्रशासन ने एक विशेष पहल की है। इसी क्रम में, आपदा प्रबंधन शाखा, पश्चिम चंपारण की प्रभारी पदाधिकारी श्रीमती नगमा तबस्सुम ने औद्योगिक आपदाओं से बचाव हेतु जन-जागरूकता रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह जागरूकता रथ जिले के विभिन्न प्रखंडों का दौरा करेगा। इसका मुख्य उद्देश्य आम जनता को औद्योगिक आपदाओं, जैसे गैस रिसाव, अग्निकांड और रासायनिक दुर्घटनाओं से बचाव के उपायों की जानकारी देना है। रथ के माध्यम से आपदा के दौरान अपनाए जाने वाले सुरक्षा उपाय, आवश्यक सतर्कता और त्वरित प्रतिक्रिया के बारे में भी बताया जाएगा। इस अवसर पर श्रीमती नगमा तबस्सुम ने बताया कि औद्योगिक गतिविधियों के विस्तार के साथ आपदा का जोखिम भी बढ़ता है। ऐसी स्थिति में आम नागरिकों को जागरूक करना अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि सही समय पर सही जानकारी उपलब्ध होने से जान-माल की क्षति को काफी हद तक कम किया जा सकता है। श्रीमती तबस्सुम ने यह भी जानकारी दी कि जागरूकता रथ में पोस्टर, बैनर, ऑडियो संदेश और दृश्य माध्यमों का उपयोग कर आपदा प्रबंधन से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां प्रसारित की जाएंगी। इस पहल का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों के लोगों को औद्योगिक आपदाओं के प्रति सजग और तैयार करना है। प्रभारी पदाधिकारी ने जोर दिया कि जिला प्रशासन लगातार यह सुनिश्चित करने का प्रयास कर रहा है कि आपदा के समय लोग घबराने के बजाय समझदारी और सतर्कता के साथ सुरक्षित कदम उठाएँ। उन्होंने इस पहल को जिले में आपदा प्रबंधन को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया। बेतिया जिले में औद्योगिक आपदाओं से बचाव और जनसुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए जिला प्रशासन ने एक विशेष पहल की है। इसी क्रम में, आपदा प्रबंधन शाखा, पश्चिम चंपारण की प्रभारी पदाधिकारी श्रीमती नगमा तबस्सुम ने औद्योगिक आपदाओं से बचाव हेतु जन-जागरूकता रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह जागरूकता रथ जिले के विभिन्न प्रखंडों का दौरा करेगा। इसका मुख्य उद्देश्य आम जनता को औद्योगिक आपदाओं, जैसे गैस रिसाव, अग्निकांड और रासायनिक दुर्घटनाओं से बचाव के उपायों की जानकारी देना है। रथ के माध्यम से आपदा के दौरान अपनाए जाने वाले सुरक्षा उपाय, आवश्यक सतर्कता और त्वरित प्रतिक्रिया के बारे में भी बताया जाएगा। इस अवसर पर श्रीमती नगमा तबस्सुम ने बताया कि औद्योगिक गतिविधियों के विस्तार के साथ आपदा का जोखिम भी बढ़ता है। ऐसी स्थिति में आम नागरिकों को जागरूक करना अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि सही समय पर सही जानकारी उपलब्ध होने से जान-माल की क्षति को काफी हद तक कम किया जा सकता है। श्रीमती तबस्सुम ने यह भी जानकारी दी कि जागरूकता रथ में पोस्टर, बैनर, ऑडियो संदेश और दृश्य माध्यमों का उपयोग कर आपदा प्रबंधन से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां प्रसारित की जाएंगी। इस पहल का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों के लोगों को औद्योगिक आपदाओं के प्रति सजग और तैयार करना है। प्रभारी पदाधिकारी ने जोर दिया कि जिला प्रशासन लगातार यह सुनिश्चित करने का प्रयास कर रहा है कि आपदा के समय लोग घबराने के बजाय समझदारी और सतर्कता के साथ सुरक्षित कदम उठाएँ। उन्होंने इस पहल को जिले में आपदा प्रबंधन को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया।


