पीलीभीत। जिले के लिए बड़ी खुशखबरी है। जिले को पहली बार एक्सप्रेसवे की सौगात मिलने जा रही है। गोरखपुर–शामली ग्रीन फील्ड लिंक एक्सप्रेसवे बिलसंडा और बीसलपुर क्षेत्र के गांवों से होकर या उनके आसपास से गुजरेगा। जिले में इसकी लंबाई करीब 35 से 40 किलोमीटर होगी। परियोजना की अधिसूचना जारी कर दी गई है।
जारी अधिसूचना के अनुसार एक्सप्रेसवे जिले के करीब 41 गांवों के पास से होकर निकलेगा। इसमें बीसलपुर तहसील के 39 गांव और सदर तहसील के वार नवादा व गुलड़िया जाफरपुर शामिल हैं। इससे ग्रामीण क्षेत्रों की सीधी कनेक्टिविटी मजबूत होगी।
पूर्वी से पश्चिमी यूपी का सीधा संपर्क
करीब 700 किलोमीटर लंबा यह एक्सप्रेसवे पूर्वी उत्तर प्रदेश को सीधे पश्चिमी उत्तर प्रदेश से जोड़ेगा। यह गोरखपुर से शुरू होकर बस्ती, अयोध्या, लखनऊ, सीतापुर और लखीमपुर होते हुए पीलीभीत पहुंचेगा। इसके बाद शाहजहांपुर, बरेली, रामपुर, मुरादाबाद, सहारनपुर और मेरठ से गुजरते हुए शामली तक जाएगा। गोरखपुर–शामली एक्सप्रेसवे बरेली मंडल के तीन जिलों में पीलीभीत, शाहजहांपुर और बरेली से होकर गुजरेगा। बरेली जिले में यह फरीदपुर, नवाबगंज और बहेड़ी तहसील क्षेत्रों के कई गांवों से होकर निकलेगा।
बिलसंडा और बीसलपुर क्षेत्र को मिलेगा लाभ
ब्लॉक बिलसंडा के तिलसंडा, बमरोली, लिलहर, मीरपुर हरायपुर, रामपुर अमृत, मुड़गवा, सुहेला, ईंटगांव, विरसिंगपुर, महेशापुर सहित कई गांवों को एक्सप्रेसवे का सीधा लाभ मिलेगा। वहीं बीसलपुर तहसील के कटकवारा, बरखेड़ा यासीन, बिहारीपुर हीरा, अटकोना, बहादिया, नौगवां संतोष और जोगीठेर गांव भी इससे जुड़ेंगे। जानकारी के अनुसार एक्सप्रेसवे शाहजहांपुर जिले के पुवायां के पास से पीलीभीत में प्रवेश करेगा और करीब 40 किलोमीटर का सफर तय कर बरेली के नवाबगंज क्षेत्र में पहुंचेगा। एक्सप्रेसवे पर चढ़ने के लिए बीसलपुर के आसपास एक स्थान चिह्नित किए जाने की संभावना है।
जमीन अधिग्रहण के बाद शुरू होगा निर्माण
परियोजना के लिए पहले चयनित भूमि का अधिग्रहण किया जाएगा। इसके बाद जमीन खरीद की प्रक्रिया पूरी कर निर्माण कार्य शुरू होगा। वहीं एक्सप्रेसवे बनने से जिले का आवागमन सुगम होगा। प्रमुख शहरों से सीधा जुड़ाव होने से व्यापार और उद्योग को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही जिले में रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे। बीसलपुर विधायक विवेक वर्मा ने कहा कि गोरखपुर–शामली एक्सप्रेसवे के उनकी विधानसभा से गुजरने की अधिसूचना जारी हो चुकी है। एक्सप्रेसवे बनने से क्षेत्र में विकास और औद्योगिक गतिविधियों को नई दिशा मिलेगी।


