रतनी प्रखंड क्षेत्र के कंसुआ पंचायत अंतर्गत कुंडीला गांव में मंगलवार सुबह गैस सिलेंडर से लगी आग में एक खपरैलनुमा मकान पूरी तरह जलकर राख हो गया। इस अग्निकांड में पीड़ित परिवार की लाखों रुपए की संपत्ति नष्ट हो गई। प्राप्त जानकारी के अनुसार, कुंडीला गांव निवासी रामप्यारे पासवान के घर में सुबह गैस सिलेंडर पर खाना बनाया जा रहा था। इसी दौरान गैस सिलेंडर में लीकेज हो गया और अचानक आग लग गई। देखते ही देखते आग ने पूरे खपरैलनुमा मकान को अपनी चपेट में ले लिया। आग की लपटें उठती देख गांव में अफरा-तफरी मच गई। ग्रामीणों ने आग बुझाने का काफी प्रयास किया, लेकिन आग इतनी विकराल थी कि वे सफल नहीं हो सके। इसके बाद तत्काल शकूराबाद थाना को सूचना दी गई, जिसके बाद अग्निशमन वाहन मौके पर पहुंचा। दमकल कर्मियों ने करीब दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। हालांकि, आग पर काबू पाने से पहले ही घर में रखा अनाज, कपड़े, बर्तन, खटिया, पलंग, बिस्तर, नकद रुपए और कई महत्वपूर्ण दस्तावेज पूरी तरह जलकर राख हो चुके थे। पीड़ित परिवार के पास खाने और ठंड से बचने के लिए ओढ़ने तक का सामान नहीं बचा। घटना की सूचना मिलते ही कांग्रेस जिलाध्यक्ष सह स्थानीय मुखिया इश्तियाक आज़म मौके पर पहुंचे। उन्होंने पीड़ित परिवार को तत्काल आर्थिक सहायता प्रदान की और हर संभव मदद का भरोसा दिलाया। उन्होंने जिला प्रशासन से पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग की, ताकि इस ठंड के मौसम में उनके रहने और खाने की समुचित व्यवस्था हो सके। रतनी प्रखंड क्षेत्र के कंसुआ पंचायत अंतर्गत कुंडीला गांव में मंगलवार सुबह गैस सिलेंडर से लगी आग में एक खपरैलनुमा मकान पूरी तरह जलकर राख हो गया। इस अग्निकांड में पीड़ित परिवार की लाखों रुपए की संपत्ति नष्ट हो गई। प्राप्त जानकारी के अनुसार, कुंडीला गांव निवासी रामप्यारे पासवान के घर में सुबह गैस सिलेंडर पर खाना बनाया जा रहा था। इसी दौरान गैस सिलेंडर में लीकेज हो गया और अचानक आग लग गई। देखते ही देखते आग ने पूरे खपरैलनुमा मकान को अपनी चपेट में ले लिया। आग की लपटें उठती देख गांव में अफरा-तफरी मच गई। ग्रामीणों ने आग बुझाने का काफी प्रयास किया, लेकिन आग इतनी विकराल थी कि वे सफल नहीं हो सके। इसके बाद तत्काल शकूराबाद थाना को सूचना दी गई, जिसके बाद अग्निशमन वाहन मौके पर पहुंचा। दमकल कर्मियों ने करीब दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। हालांकि, आग पर काबू पाने से पहले ही घर में रखा अनाज, कपड़े, बर्तन, खटिया, पलंग, बिस्तर, नकद रुपए और कई महत्वपूर्ण दस्तावेज पूरी तरह जलकर राख हो चुके थे। पीड़ित परिवार के पास खाने और ठंड से बचने के लिए ओढ़ने तक का सामान नहीं बचा। घटना की सूचना मिलते ही कांग्रेस जिलाध्यक्ष सह स्थानीय मुखिया इश्तियाक आज़म मौके पर पहुंचे। उन्होंने पीड़ित परिवार को तत्काल आर्थिक सहायता प्रदान की और हर संभव मदद का भरोसा दिलाया। उन्होंने जिला प्रशासन से पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग की, ताकि इस ठंड के मौसम में उनके रहने और खाने की समुचित व्यवस्था हो सके।


