पूर्णिया सांसद पप्पू यादव ने बीजेपी सांसद गिरिराज सिंह की तुलना सूअर से की है। उन्होंने X पर लिखा, ”गिरिराज सिंह का नाम आज से सूअर सिंह किया जाता है। काम न धाम, बस कीचड़ में लोटना है इनका काम…का हो सूअर सिंह..।” दरअसल, एक दिन पहले बेगूसराय में एक सभा को संबोधित करते हुए कहा था कि अब सूअर पालेंगे, जिससे कि एक खास धर्म के लोग उनके आसपास ना आ सकें। क्योंकि कुछ खास धर्म को मानने वाले लोग सूअर को अपवित्र मानते हैं। गिरिराज सिंह ने बयान बेगूसराय के बछवाड़ा विधानसभा के नारेपुर हाई स्कूल कैंपस में NDA कार्यकर्ता सम्मेलन के दौरान कही थी।
गिरिराज ने कहा था- महागठबंधन में सब संतरे की तरह बंटे हैं कुछ दिन पहले गिरिराज सिंह ने बेगूसराय में कहा था, ‘महागठबंधन है कहां? चुनाव के समय राहुल गांधी के आसपास सब सट जाते हैं, बाद में कोई नहीं रहता। सब संतरे की तरह बिखरे हुए हैं।’ वहीं, ममता बनर्जी को लेकर गिरिराज सिंह ने कहा था, “बंगाल का एक-एक व्यक्ति उन्हें संविधान विरोधी बता रहा है। आज तक कहीं देखा गया है कि कोई मुख्यमंत्री ED के हाथों से कागजात छीनकर बाहर आए और कहे कि ये गुप्त दस्तावेज थे। अगर गुप्त थे तो क्या वह पार्टी दफ्तर था?” पूर्णिया सांसद पप्पू यादव ने बीजेपी सांसद गिरिराज सिंह की तुलना सूअर से की है। उन्होंने X पर लिखा, ”गिरिराज सिंह का नाम आज से सूअर सिंह किया जाता है। काम न धाम, बस कीचड़ में लोटना है इनका काम…का हो सूअर सिंह..।” दरअसल, एक दिन पहले बेगूसराय में एक सभा को संबोधित करते हुए कहा था कि अब सूअर पालेंगे, जिससे कि एक खास धर्म के लोग उनके आसपास ना आ सकें। क्योंकि कुछ खास धर्म को मानने वाले लोग सूअर को अपवित्र मानते हैं। गिरिराज सिंह ने बयान बेगूसराय के बछवाड़ा विधानसभा के नारेपुर हाई स्कूल कैंपस में NDA कार्यकर्ता सम्मेलन के दौरान कही थी।
गिरिराज ने कहा था- महागठबंधन में सब संतरे की तरह बंटे हैं कुछ दिन पहले गिरिराज सिंह ने बेगूसराय में कहा था, ‘महागठबंधन है कहां? चुनाव के समय राहुल गांधी के आसपास सब सट जाते हैं, बाद में कोई नहीं रहता। सब संतरे की तरह बिखरे हुए हैं।’ वहीं, ममता बनर्जी को लेकर गिरिराज सिंह ने कहा था, “बंगाल का एक-एक व्यक्ति उन्हें संविधान विरोधी बता रहा है। आज तक कहीं देखा गया है कि कोई मुख्यमंत्री ED के हाथों से कागजात छीनकर बाहर आए और कहे कि ये गुप्त दस्तावेज थे। अगर गुप्त थे तो क्या वह पार्टी दफ्तर था?”


