प्रदेश में आयुष चिकित्सा प्रणाली को लोगों तक पहुंचाने के उद्देश्य से “आयुष आपके द्वार” डोर-टू-डोर अभियान की शुरुआत हो गई है। यह अभियान पं. जवाहरलाल नेहरू होम्योपैथिक मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल, लखनपुर, द्वारा चलाया जा रहा है। कॉलेज की चिकित्सकों की टीम शहर और आसपास के क्षेत्रों में घर-घर पहुंचकर लोगों को आयुष पद्धति से उपचार और स्वास्थ्य संरक्षण के बारे में जागरूक कर रही है। रविवार को भी ये भी सुबह से चला। मौसमी बीमारी और उसके उपचार के बारे में बताया अभियान के तहत टीम द्वारा लोगों को मौसमी बीमारियों, सर्दी-जुकाम, एलर्जी, पाचन संबंधी समस्याओं, अस्थमा, त्वचा रोग और जीवनशैली से जुड़ी बीमारियों के होम्योपैथिक उपचार के बारे में जानकारी दी जा रही है। साथ ही निःशुल्क परामर्श, दवा वितरण और फॉलो-अप की सुविधा भी प्रदान की जा रही है। डॉक्टरों का कहना है कि आयुष पद्धति सुरक्षित, दुष्प्रभाव रहित और दीर्घकालिक राहत देने वाली चिकित्सा प्रणाली है, जिसे अपनाकर लोग बिना साइड इफेक्ट के बेहतर स्वास्थ्य प्राप्त कर सकते हैं। आम जनमानस को करना है जागरूक कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. हर्षवर्धन सिंह के अनुसार इस अभियान का उद्देश्य आम जनता को अस्पताल आने के लिए बाध्य न करके, स्वास्थ्य सुविधाएं उनके घर तक पहुंचाना है। अभियान के दौरान लोगों को रोगों से बचाव, खानपान में सुधार, योग-प्राणायाम, प्राकृतिक उपचार और होम्योपैथिक दवाओं के नियमित सेवन के लाभों के बारे में भी बताया जा रहा है। विशेष रूप से बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों के स्वास्थ्य पर ध्यान दिया जा रहा है। कॉलेज के चिकित्सकों ने बताया कि सर्दी के मौसम में वायरल एवं श्वसन संबंधी रोग तेजी से बढ़ते हैं, ऐसे में आयुष चिकित्सा लोगों के लिए कारगर साबित हो सकती है। अभियान के माध्यम से लोगों को स्वयं के स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करने के साथ-साथ स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया जा रहा है। आने वाले दिनों में इस अभियान को ग्रामीण क्षेत्रों और शहरी झुग्गी बस्तियों तक विस्तारित करने की योजना है, ताकि अधिक से अधिक लोग इसका लाभ उठा सकें।


