नालंदा में हत्या के मामलों में 3.09% की कमी:2024 के तुलना में 2025 में कम हुई जघन्य घटनाएं, जिले में 16,746 लोगों की गिरफ्तारी

नालंदा में हत्या के मामलों में 3.09% की कमी:2024 के तुलना में 2025 में कम हुई जघन्य घटनाएं, जिले में 16,746 लोगों की गिरफ्तारी

नालंदा जिले में पुलिस-प्रशासन की ओर से अपराध नियंत्रण की दिशा में किए गए प्रयासों के सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं। वर्ष 2025 में जिले में विभिन्न अपराधों में कमी दर्ज की गई है। जिला पुलिस अधीक्षक के कार्यालय से जारी वार्षिक रिपोर्ट के अनुसार, वर्ष 2024 की तुलना में 2025 में कई जघन्य अपराधों में गिरावट आई है। पुलिस के आंकड़ों के मुताबिक, हत्या के मामलों में 3.09 प्रतिशत की कमी आई है। वर्ष 2024 में हत्या के 97 मामले दर्ज किए गए थे, जो 2025 में घटकर 94 रह गए। इसी प्रकार, डकैती और लूट की घटनाओं में भी 2.13 प्रतिशत की गिरावट देखी गई, जो 2024 के 94 मामलों से घटकर 2025 में 92 हो गए। साधारण दंगों के मामलों में भी कमी आई है। वर्ष 2024 में 481 मामले दर्ज किए गए थे, जो 2025 में 78 मामले कम होकर 403 रह गए, जो 16.21 प्रतिशत की गिरावट को दर्शाता है। यह आंकड़ा जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस प्रशासन की सफलता को रेखांकित करता है। दहेज हत्या के मामलों में भी 7.25 प्रतिशत की कमी आई है। 2024 के 69 मामलों की तुलना में 2025 में 64 मामले दर्ज किए गए। बलात्कार के मामलों में 8.7 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई, जो 2024 के 69 से घटकर 2025 में 63 रह गए। कुछ श्रेणियों में वृद्धि चिंताजनक हालांकि कई अपराधों में कमी आई है, लेकिन कुछ श्रेणियों में वृद्धि चिंता का विषय बनी हुई है। सांप्रदायिक दंगे के मामलों में 80 प्रतिशत की वृद्धि देखी गई, जो 2024 के 05 मामलों से बढ़कर 2025 में 01 हो गए। गृहभेदन के मामलों में 3.76 प्रतिशत की मामूली वृद्धि दर्ज की गई। जब्ती और बरामदगी के आंकड़े वर्ष 2025 में बड़े पैमाने पर अवैध सामग्री की जब्ती की गई। पुलिस ने कुल 16,746 गिरफ्तारियां की। अवैध शराब के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 14,674 लीटर देसी शराब और 28,042 लीटर विदेशी शराब को नष्ट किया गया। इसके अलावा 3400 लीटर स्प्रिट और 30,252 लीटर छोंवा भी जब्त किया गया। मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए गए अभियान में 379.442 ग्राम ब्राउन शुगर-स्मैक बरामद किया गया। 326.51 किलोग्राम गांजा भी जब्त किया गया। इसके अतिरिक्त, 256 आग्नेयास्त्र, 2260 कारतूस, 186 खोखा, 20 मैगजीन और 07 मिनी गन फैक्ट्री का खुलासा हुआ। पुलिस अलर्ट मोड में है जिला पुलिस अधीक्षक भारत सोनी ने इस रिपोर्ट के संबंध में बताया कि अपराध नियंत्रण और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन लगातार सक्रिय है। उन्होंने कहा कि हमारा उद्देश्य जिले में शांति, सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखना है। हम किसी भी आपराधिक गतिविधि की सूचना मिलते ही तत्काल कार्रवाई करते हैं। पुलिस अधीक्षक ने यह भी स्पष्ट किया कि कठोर कार्रवाई, त्वरित अनुशंधान, तकनीकी संसाधनों के प्रभावी उपयोग और आम नागरिकों के सहयोग से ही अपराध नियंत्रण संभव हो सका है। पुलिस विभाग जनता से अपील करता है कि वे किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके। नालंदा जिले में पुलिस-प्रशासन की ओर से अपराध नियंत्रण की दिशा में किए गए प्रयासों के सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं। वर्ष 2025 में जिले में विभिन्न अपराधों में कमी दर्ज की गई है। जिला पुलिस अधीक्षक के कार्यालय से जारी वार्षिक रिपोर्ट के अनुसार, वर्ष 2024 की तुलना में 2025 में कई जघन्य अपराधों में गिरावट आई है। पुलिस के आंकड़ों के मुताबिक, हत्या के मामलों में 3.09 प्रतिशत की कमी आई है। वर्ष 2024 में हत्या के 97 मामले दर्ज किए गए थे, जो 2025 में घटकर 94 रह गए। इसी प्रकार, डकैती और लूट की घटनाओं में भी 2.13 प्रतिशत की गिरावट देखी गई, जो 2024 के 94 मामलों से घटकर 2025 में 92 हो गए। साधारण दंगों के मामलों में भी कमी आई है। वर्ष 2024 में 481 मामले दर्ज किए गए थे, जो 2025 में 78 मामले कम होकर 403 रह गए, जो 16.21 प्रतिशत की गिरावट को दर्शाता है। यह आंकड़ा जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस प्रशासन की सफलता को रेखांकित करता है। दहेज हत्या के मामलों में भी 7.25 प्रतिशत की कमी आई है। 2024 के 69 मामलों की तुलना में 2025 में 64 मामले दर्ज किए गए। बलात्कार के मामलों में 8.7 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई, जो 2024 के 69 से घटकर 2025 में 63 रह गए। कुछ श्रेणियों में वृद्धि चिंताजनक हालांकि कई अपराधों में कमी आई है, लेकिन कुछ श्रेणियों में वृद्धि चिंता का विषय बनी हुई है। सांप्रदायिक दंगे के मामलों में 80 प्रतिशत की वृद्धि देखी गई, जो 2024 के 05 मामलों से बढ़कर 2025 में 01 हो गए। गृहभेदन के मामलों में 3.76 प्रतिशत की मामूली वृद्धि दर्ज की गई। जब्ती और बरामदगी के आंकड़े वर्ष 2025 में बड़े पैमाने पर अवैध सामग्री की जब्ती की गई। पुलिस ने कुल 16,746 गिरफ्तारियां की। अवैध शराब के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 14,674 लीटर देसी शराब और 28,042 लीटर विदेशी शराब को नष्ट किया गया। इसके अलावा 3400 लीटर स्प्रिट और 30,252 लीटर छोंवा भी जब्त किया गया। मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए गए अभियान में 379.442 ग्राम ब्राउन शुगर-स्मैक बरामद किया गया। 326.51 किलोग्राम गांजा भी जब्त किया गया। इसके अतिरिक्त, 256 आग्नेयास्त्र, 2260 कारतूस, 186 खोखा, 20 मैगजीन और 07 मिनी गन फैक्ट्री का खुलासा हुआ। पुलिस अलर्ट मोड में है जिला पुलिस अधीक्षक भारत सोनी ने इस रिपोर्ट के संबंध में बताया कि अपराध नियंत्रण और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन लगातार सक्रिय है। उन्होंने कहा कि हमारा उद्देश्य जिले में शांति, सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखना है। हम किसी भी आपराधिक गतिविधि की सूचना मिलते ही तत्काल कार्रवाई करते हैं। पुलिस अधीक्षक ने यह भी स्पष्ट किया कि कठोर कार्रवाई, त्वरित अनुशंधान, तकनीकी संसाधनों के प्रभावी उपयोग और आम नागरिकों के सहयोग से ही अपराध नियंत्रण संभव हो सका है। पुलिस विभाग जनता से अपील करता है कि वे किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।  

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