फर्रुखाबाद शहर में लक्ष्मी नारायण धर्मशाला के सचिव सुनील कुमार अग्रवाल ने अवैध कब्जे, रंगदारी और जान से मारने की धमकी देने के गंभीर आरोप लगाए हैं। पुलिस ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है। सुनील अग्रवाल, जो नुनहाई निवासी हैं, ने बताया कि वह लक्ष्मी नारायण धर्मशाला के सचिव हैं, जबकि सदर तहसीलदार इसके अध्यक्ष हैं। यह संपत्ति पहले संजीव पारिया के नाम कुर्क थी, जिसे बाद में जिलाधिकारी के आदेश पर सदर तहसीलदार और अधिशासी अधिकारी, नगर पालिका फर्रुखाबाद को मुक्त कर दिया गया था। आरोप है कि मदारवाड़ी निवासी रोहित गुप्ता धर्मशाला की दुकानों पर अवैध कब्जा करने की नीयत से लगातार गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी दे रहा था। वह खुद को फर्जी अधिकारी बताकर पैसे की मांग करता था। पीड़ित के अनुसार, रोहित गुप्ता ने पहले 10,000 रुपये और फिर दबाव बनाकर 1,000 रुपये लिए और लगातार और पैसों की मांग कर रहा था। उसके साथ कुछ अज्ञात व्यक्ति भी थे, जिनकी पहचान की जाएगी। इतना ही नहीं, आरोपी रोहित गुप्ता ने सदर तहसीलदार के सीयूजी और व्यक्तिगत मोबाइल नंबर पर स्वयं को उपमुख्यमंत्री बताकर फोन किया। उसने तहसीलदार को दुकान देने की धमकी दी और ऐसा न करने पर ताले तोड़कर कब्जा करने की बात कही। पीड़ित को यह भी धमकी दी गई कि यदि दुकान या रुपये नहीं दिए तो मृत्यु का भय दिखाया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल मुकदमा दर्ज किया और आरोपी रोहित गुप्ता को गिरफ्तार कर लिया। शहर कोतवाली प्रभारी दर्शन सिंह सोलंकी ने बताया कि आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया है।


