गोपालगंज के मॉडल अस्पताल परिसर में सुरक्षा गार्डों और एक युवक के बीच मारपीट हो गई। इस घटना में युवक समेत दो सुरक्षाकर्मी घायल हो गए, जिनका इलाज अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में किया गया। घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। घायलों की पहचान सरेया वार्ड नंबर के अभिनंदन कुमार पांडेय के बेटे मनीष कुमार, सारण के इसुआपुर गांव निवासी हरे राम प्रसाद के 50 वर्षीय बेटे विनोद कुमार (सुरक्षा गार्ड) और नगर थाना क्षेत्र के राजीव नगर निवासी स्वर्गीय देवी दयाल पांडेय के बेटे शिव नारायण पांडेय (सुरक्षा गार्ड) के रूप में हुई है। इमरजेंसी वार्ड में जाने की जिद पर अड़ा युवक बताया गया है कि यह विवाद तब शुरू हुआ जब युवक मनीष कुमार अस्पताल भवन में प्रवेश करने की कोशिश कर रहा था। गेट पर तैनात सुरक्षा गार्डों ने अस्पताल प्रशासन द्वारा जारी आदेश का हवाला देते हुए उसे अंदर जाने से रोक दिया। मनीष कुमार इमरजेंसी वार्ड में जाने की जिद पर अड़ा रहा, जिसके बाद दोनों पक्षों के बीच गाली-गलौज और हाथापाई शुरू हो गई। इस घटना का किसी ने अपने मोबाइल कैमरे में वीडियो बना लिया, जो बाद में सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। सूचना मिलने पर नगर थाना पुलिस अस्पताल पहुंची और मामले की जांच में जुट गई है। दलालों की बढ़ती सक्रियता को रोकने के लिए प्रवेश बंद अस्पताल के सिविल सर्जन डॉ. वीरेंद्र प्रसाद ने इमरजेंसी वार्ड में दलालों के प्रवेश पर रोक लगाने का आदेश दिया है। यह कदम अस्पताल के मुख्य गेट पर दलालों की बढ़ती सक्रियता के कारण उठाया गया है, जिससे मरीजों को काफी परेशानी हो रही थी। अस्पताल के डीएस शशि रंजन ने बताया कि हाल के दिनों में कुछ अनाधिकृत लोग, चाहे वे दलाल हों या यूट्यूबर, अस्पताल में प्रवेश कर निजता का उल्लंघन कर रहे थे। इसी कारण अनाधिकृत व्यक्तियों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगाया गया है। सुरक्षा में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी अब केवल मरीज, उनके परिजन या अधिकृत व्यक्ति ही अस्पताल में प्रवेश कर सकेंगे।सिविल सर्जन ने बताया कि सदर अस्पताल परिसर में मरीज के परिजन ही आऐंगे।इसके अतिरिक्त कोई भी व्यक्ति सदर अस्पताल परिसर में नहीं आएगा। अगर कोई आने की प्रयास करता है।उसके खिलाफ प्राथमिकी कराने का कार्य भी किया जाएगा। किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। गोपालगंज के मॉडल अस्पताल परिसर में सुरक्षा गार्डों और एक युवक के बीच मारपीट हो गई। इस घटना में युवक समेत दो सुरक्षाकर्मी घायल हो गए, जिनका इलाज अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में किया गया। घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। घायलों की पहचान सरेया वार्ड नंबर के अभिनंदन कुमार पांडेय के बेटे मनीष कुमार, सारण के इसुआपुर गांव निवासी हरे राम प्रसाद के 50 वर्षीय बेटे विनोद कुमार (सुरक्षा गार्ड) और नगर थाना क्षेत्र के राजीव नगर निवासी स्वर्गीय देवी दयाल पांडेय के बेटे शिव नारायण पांडेय (सुरक्षा गार्ड) के रूप में हुई है। इमरजेंसी वार्ड में जाने की जिद पर अड़ा युवक बताया गया है कि यह विवाद तब शुरू हुआ जब युवक मनीष कुमार अस्पताल भवन में प्रवेश करने की कोशिश कर रहा था। गेट पर तैनात सुरक्षा गार्डों ने अस्पताल प्रशासन द्वारा जारी आदेश का हवाला देते हुए उसे अंदर जाने से रोक दिया। मनीष कुमार इमरजेंसी वार्ड में जाने की जिद पर अड़ा रहा, जिसके बाद दोनों पक्षों के बीच गाली-गलौज और हाथापाई शुरू हो गई। इस घटना का किसी ने अपने मोबाइल कैमरे में वीडियो बना लिया, जो बाद में सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। सूचना मिलने पर नगर थाना पुलिस अस्पताल पहुंची और मामले की जांच में जुट गई है। दलालों की बढ़ती सक्रियता को रोकने के लिए प्रवेश बंद अस्पताल के सिविल सर्जन डॉ. वीरेंद्र प्रसाद ने इमरजेंसी वार्ड में दलालों के प्रवेश पर रोक लगाने का आदेश दिया है। यह कदम अस्पताल के मुख्य गेट पर दलालों की बढ़ती सक्रियता के कारण उठाया गया है, जिससे मरीजों को काफी परेशानी हो रही थी। अस्पताल के डीएस शशि रंजन ने बताया कि हाल के दिनों में कुछ अनाधिकृत लोग, चाहे वे दलाल हों या यूट्यूबर, अस्पताल में प्रवेश कर निजता का उल्लंघन कर रहे थे। इसी कारण अनाधिकृत व्यक्तियों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगाया गया है। सुरक्षा में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी अब केवल मरीज, उनके परिजन या अधिकृत व्यक्ति ही अस्पताल में प्रवेश कर सकेंगे।सिविल सर्जन ने बताया कि सदर अस्पताल परिसर में मरीज के परिजन ही आऐंगे।इसके अतिरिक्त कोई भी व्यक्ति सदर अस्पताल परिसर में नहीं आएगा। अगर कोई आने की प्रयास करता है।उसके खिलाफ प्राथमिकी कराने का कार्य भी किया जाएगा। किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।


