लखनऊ मेट्रो के ईस्ट-वेस्ट कॉरिडोर (चारबाग से बसंतकुंज) परियोजना के तहत पांच एलिवेटेड मेट्रो स्टेशन बनेंगे। इनका निर्माण लगभग 492.22 करोड़ रुपए की लागत से कराए जाएगा। निर्माण कार्य जल्द शुरू किया जाएगा। जिसके लिए उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (यूपीएमआरसी) ने ई-निविदाएं आमंत्रित की हैं। प्रस्तावित एलिवेटेड स्टेशनों में ठाकुरगंज, बालागंज, सरफराजगंज, मूसाबाग और बसंतकुंज शामिल हैं। इसके साथ ही ठाकुरगंज से बसंतकुंज तक लगभग 4.6 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड वायडक्ट (स्टेशन की लंबाई सहित) बनाया जाएगा। डिपो एंट्री और एग्जिट को वायडक्ट से जोड़ने के लिए लगभग 740 मीटर लंबा रैंप भी तैयार किया जाएगा। यूपीएमआरसी के प्रवक्ता के अनुसार, इस पैकेज में सिविल वर्क के अलावा एंसिलरी स्ट्रक्चर, पीईबी स्ट्रक्चर, आर्किटेक्चरल कार्य, जलापूर्ति, सफाई व्यवस्था, ड्रेनेज, आंतरिक विकास और फायर फाइटिंग सिस्टम जैसे कार्य भी शामिल होंगे। इन सभी कार्यों की कुल अनुमानित लागत 492.22 करोड़ रुपये रखी गई है। निर्माण कार्य के लिए ऑनलाइन खुली ई-निविदाएं आमंत्रित की गई हैं। निविदाएं 23 जनवरी से 2 फरवरी तक जमा की जा सकेंगी, जबकि इन्हें 3 फरवरी को खोला जाएगा। कार्य आवंटित होने के बाद चयनित निर्माण एजेंसी को 30 माह के भीतर परियोजना पूरी करनी होगी। गौरतलब है कि ईस्ट-वेस्ट कॉरिडोर की कुल लंबाई 11.16 किलोमीटर होगी, जिसमें 12 मेट्रो स्टेशन बनाए जाएंगे। इनमें से पांच स्टेशन एलिवेटेड और शेष अंडरग्राउंड होंगे। अंडरग्राउंड स्टेशनों में नवाबगंज, मेडिकल चौराहा, सिटी रेलवे स्टेशन, पांडेयगंज, अमीनाबाद, गौतमबुद्ध मार्ग और चारबाग शामिल हैं। चारबाग स्टेशन को मौजूदा नार्थ-साउथ कॉरिडोर (मुंशीपुलिया से एयरपोर्ट) से जोड़ा जाएगा। ईस्ट-वेस्ट कॉरिडोर पर यात्रा करने वाले यात्रियों को चारबाग स्टेशन पर मेट्रो बदलनी होगी। इसी तरह एयरपोर्ट या मुंशीपुलिया जाने वाले यात्रियों को भी चारबाग पर इंटरचेंज करना पड़ेगा।


