कानपुर के जाजमऊ स्थित लक्ष्मी हाउस में रविवार को पीडीए प्रहरी एवं बीएलए सम्मेलन का आयोजन किया गया। इस समारोह में समाजवादी पार्टी के एसआईआर प्रभारी राजारामपाल मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम में छावनी विधानसभा क्षेत्र से सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। एसआईआर प्रभारी राजारामपाल ने दावा किया कि बिहार में 65 लाख वोट काटे गए और 21 लाख फर्जी वोट बनाकर जल्दबाजी में चुनाव कराए गए। उन्होंने आरोप लगाया कि पीडीए (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) वर्ग के अधिक वोट काटे गए, जिनकी सुनवाई भी नहीं हो पाई। इसी मुद्दे को लेकर अन्य राज्यों में भी एसआईआर का काम जारी है। राजारामपाल ने बताया कि राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने पीडीए प्रहरी, प्रत्येक बूथ पर बीएलए और बूथ अध्यक्ष बनाकर मतदाताओं को जागरूक व सतर्क करने का निर्देश दिया है। इसका उद्देश्य धोखाधड़ी को रोकना है। इस सम्मेलन का आयोजन कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण देकर समाजवादी पार्टी को मजबूत करने और 2027 में अखिलेश यादव को मुख्यमंत्री बनाने के लक्ष्य के साथ किया गया है। कैंट विधायक हसन रूमी ने कहा कि एसआईआर अभियान पीडीए वर्ग को लक्षित कर चलाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने हर जिले में प्रभारी और पीडीए बीएलए नियुक्त किए हैं। रूमी ने यह भी जानकारी दी कि मतदाता सूची में नाम जोड़ने का दूसरा चरण जल्द शुरू होगा, जिसमें फॉर्म नंबर 6 के माध्यम से छूटे हुए मतदाताओं के नाम जोड़े जाएंगे। विधायक हसन रूमी ने बताया कि अगले एक महीने के भीतर छावनी विधानसभा के मतदाताओं को जोड़ने का काम पूरा किया जाएगा। इस प्रक्रिया की समीक्षा के लिए ही पीडीए प्रहरी सम्मेलन का आयोजन किया गया है।


