देवास के महात्मा गांधी चिकित्सालय पर शनिवार को नगर निगम ने 1 लाख रुपए का जुर्माना लगाया है। यह कार्रवाई निगम के कचरा संग्रहण वाहन में सामान्य कचरे के साथ मेडिकल वेस्ट डालने के आरोप में की गई है। नगर निगम आयुक्त दिलीप कुमार के निर्देश पर, निगम ने इससे पहले 29 दिसंबर 2025 को सिविल सर्जन को सूचना पत्र जारी किया था। इसके बावजूद, शुक्रवार को ट्रेंचिंग ग्राउंड पर एमजी अस्पताल से आए कचरे की जांच की गई, जिसमें बड़ी मात्रा में मेडिकल वेस्ट पाया गया। मेडिकल वेस्ट मिलने पर कार्रवाई
इस पर, निगम उपायुक्त आरती खेड़ेकर और मुख्य स्वच्छता निरीक्षक रविकृष्ण गोयनार ने महात्मा गांधी चिकित्सालय पहुंचकर डीएचओ डॉ. मनीषा मिश्रा को मेडिकल वेस्ट मिश्रित होने की जानकारी दी। आज (शनिवार) को सुबह 8:30 बजे, निगम के कर्मचारियों ने एमजी अस्पताल में कचरा संग्रहण वाहन में कचरा डालते समय फिर से जांच की। इस बार भी बड़ी मात्रा में मेडिकल वेस्ट मिलने पर कचरा लेने से इनकार कर दिया गया। घटना की तत्काल जानकारी नगर निगम के ग्रुप, सीएमएचओ को संदेश के माध्यम से और डॉ. मनीषा मिश्रा व डॉ. अजय पटेल को दूरभाष पर दी गई। निगम ने महात्मा गांधी चिकित्सालय में कचरा संग्रहण कार्य में लगे ठेकेदार पर 1 लाख रुपए की चालानी कार्रवाई करने का निर्देश दिया है। निगम ने स्पष्ट किया है कि यह राशि जमा होने के बाद ही चिकित्सालय से गीला और सूखा कचरा अलग-अलग लिया जाएगा।


