Chronic Kidney Disease: आज दुनिया में किडनी की बीमारी एक गंभीर समस्या बनती जा रही है। इंटरनेशनल सोसाइटी ऑफ नेफ्रोलॉजी के मुताबिक, दुनिया भर में 85 करोड़ से ज्यादा लोग किसी न किसी तरह की किडनी समस्या से पीड़ित हैं। डायबिटीज और हाई ब्लड प्रेशर के बढ़ते मामले इसकी सबसे बड़ी वजह हैं। किडनी हमारे शरीर का ऐसा अंग है जो खून को साफ करने, अतिरिक्त पानी बाहर निकालने, ब्लड प्रेशर कंट्रोल करने, मिनरल्स का संतुलन बनाए रखने और जरूरी हार्मोन बनाने का काम करती है।
क्यों जरूरी है किडनी की सेहत
किडनी खराब होने की दिक्कत यह है कि शुरुआती लक्षण बहुत हल्के होते हैं। क्रॉनिक किडनी डिजीज में तो कई बार तब तक पता चलता है, जब नुकसान काफी हो चुका होता है। इसलिए बीमारी का इलाज करने से ज्यादा जरूरी है उसे होने से रोकना, और इसमें हमारी रोज की आदतें सबसे अहम भूमिका निभाती हैं।
40 के बाद महिलाओं को क्यों ज्यादा खतरा
अमेरिका के बोर्ड-सर्टिफाइड डॉक्टर डॉ. जॉन वैलेंटाइन के अनुसार, 40 साल के बाद महिलाओं में हार्मोनल बदलाव, हाई बीपी और डायबिटीज जैसी समस्याओं के कारण किडनी पर असर जल्दी पड़ता है। ऐसे में कुछ आम आदतें धीरे-धीरे किडनी को नुकसान पहुंचा सकती हैं।
दर्द की गोलियों का ज्यादा इस्तेमाल
कई महिलाएं सिर दर्द, जोड़ों के दर्द या बॉडी पेन में बार-बार इबुप्रोफेन जैसी पेनकिलर ले लेती हैं। लेकिन इन दवाओं का ज्यादा और लंबे समय तक इस्तेमाल किडनी में खून का बहाव कम कर देता है, जिससे किडनी की फिल्टर करने की क्षमता कमजोर हो जाती है।
पानी कम पीना भी बन सकता है कारण
पानी कम पीने से शरीर में पानी की कमी हो जाती है और किडनी को ज्यादा मेहनत करनी पड़ती है। इससे टॉक्सिन जमा होने लगते हैं, पथरी और इंफेक्शन का खतरा बढ़ जाता है। रोज कम से कम 8–10 गिलास पानी पीना जरूरी है।
जरूरत से ज्यादा प्रोटीन लेना
प्रोटीन सेहत के लिए जरूरी है, लेकिन जरूरत से ज्यादा प्रोटीन लेने से किडनी पर दबाव पड़ता है। 40 के बाद हाई-प्रोटीन डाइट किडनी को नुकसान पहुंचा सकती है।
रात में बार-बार पेशाब आना
अगर रात में बार-बार पेशाब के लिए उठना पड़ रहा है, तो इसे उम्र का असर मानकर नजरअंदाज न करें। यह किडनी की शुरुआती खराबी का संकेत हो सकता है।
पेशाब रोकने की आदत
काम या व्यस्तता की वजह से पेशाब रोकना बहुत सी महिलाओं की आदत होती है। इससे बैक्टीरिया बढ़ते हैं, बार-बार इंफेक्शन होता है और किडनी को स्थायी नुकसान पहुंच सकता है।
छोटी आदतें, बड़ा असर
40 के बाद महिलाओं को अपनी रोजमर्रा की आदतों पर ध्यान देना बेहद जरूरी है। समय पर पानी पीना, दवाओं का सीमित इस्तेमाल और शरीर के संकेतों को समझना किडनी को लंबे समय तक स्वस्थ रख सकता है।


