Kiran Rao Appendix Surgery: एक्टर आमिर खान की एक्स वाइफ और लापता लेडीज फिल्म की मशहूर डायरेक्टर किरण राव ने नए साल 2026 की शुरुआत से ठीक पहले एक हेल्थ इमरजेंसी का सामना किया। जब वह न्यू ईयर सेलिब्रेशन की तैयारी कर रही थीं, तभी अचानक पेट में तेज दर्द शुरू हुआ। जांच कराने पर पता चला कि उनका अपेंडिक्स सूज गया है, जिसका साइज करीब 12 मिमी तक पहुंच चुका था। इसके बाद मुंबई के सर एचएन रिलायंस फाउंडेशन हॉस्पिटल में उनकी अपेंडिक्स सर्जरी की गई। अब वह पूरी तरह ठीक होकर घर लौट चुकी हैं।
किरण राव ने इस पूरे अनुभव को बड़े हल्के और सकारात्मक अंदाज में सोशल मीडिया पर साझा किया। इंस्टाग्राम पोस्ट में उन्होंने लिखा कि वह 2026 का स्वागत पार्टी के साथ करने वाली थीं, लेकिन उनके अपेंडिक्स ने उन्हें रुकने, गहरी सांस लेने और शुक्रिया अदा करने की याद दिला दी। यह पोस्ट बताती है कि सेहत के मामले में जिंदगी कभी भी ब्रेक लगाने को कह सकती है।
कैसे सामने आई समस्या
न्यू ईयर से पहले किरन को पेट के निचले हिस्से में दर्द महसूस हुआ, जिसे उन्होंने नजरअंदाज नहीं किया और तुरंत डॉक्टर से संपर्क किया। समय पर जांच कराने से अपेंडिसाइटिस की पुष्टि हुई। उनकी लैप्रोस्कोपिक सर्जरी की गई, जिसमें छोटे कट के जरिए अपेंडिक्स को निकाला गया। सर्जरी के बाद उन्हें एक एलर्जिक रिएक्शन भी हुआ, जिससे होंठ सूज गए, लेकिन यह अस्थायी था और जल्द ठीक हो गया। किरन ने अपने परिवार, खासकर आमिर खान और अपने सर्जन डॉ. कायोमार्ज कपाड़िया का धन्यवाद भी किया।
अपेंडिसाइटिस क्या है और क्यों होता है?
अपेंडिसाइटिस तब होता है जब बड़ी आंत से जुड़ा छोटा सा हिस्सा, यानी अपेंडिक्स, किसी कारण से ब्लॉक हो जाता है। यह ब्लॉकेज मल, संक्रमण या सूजन की वजह से हो सकता है। इससे बैक्टीरिया जमा हो जाते हैं और अपेंडिक्स में सूजन बढ़ जाती है। अक्सर यह समस्या 10 से 30 साल की उम्र में ज्यादा देखी जाती है, लेकिन किरण राव का मामला साफ बताता है कि यह किसी भी उम्र में हो सकती है।
इसके लक्षण क्या होते हैं?
शुरुआत में दर्द नाभि के आसपास होता है, जो धीरे-धीरे पेट के दाहिने निचले हिस्से में चला जाता है। चलने, खांसने या हलचल से दर्द बढ़ सकता है। इसके साथ उल्टी, मतली, भूख न लगना, हल्का बुखार, कब्ज या दस्त भी हो सकते हैं। दर्द तेजी से बढ़े तो तुरंत डॉक्टर को दिखाना जरूरी है।
इलाज और रिकवरी
अपेंडिसाइटिस का सबसे सुरक्षित इलाज सर्जरी है। आजकल लैप्रोस्कोपिक सर्जरी से मरीज 1-2 दिन में घर लौट सकता है। पूरी तरह एनर्जी वापस आने में 2 से 4 हफ्ते लग सकते हैं। इस दौरान पानी ज्यादा पीना, हल्का और फाइबर युक्त खाना फायदेमंद होता है।
क्या इससे बचाव संभव है?
इसका कोई पक्का तरीका नहीं है, लेकिन फल, सब्जियां, साबुत अनाज, सही हाइड्रेशन और एक्टिव लाइफस्टाइल पेट को हेल्दी रखती है। सबसे जरूरी बात शरीर के संकेतों को नजरअंदाज न करें, क्योंकि समय पर इलाज ही सबसे बड़ी सुरक्षा है।


