पूर्णिया में कड़ाके की ठंड पड़ रही है। बर्फीली पछिया हवा और कोहरे के कारण कोल्ड डे का असर बरकरार है। रविवार को अधिकतम और न्यूनतम तापमान में गिरावट आई। लोग ठंड से ठिठुरते रहे। आज भी तापमान में गिरावट देखी जा सकती है। लगातार गिरते तापमान के कारण सुबह से ही घना कोहरा छाया रहा। जिससे कनकनी अधिक बढ़ गई है। 10 KM प्रति घंटे की रफ्तार से बर्फीली पछुआ हवा चल रही है। इससे पहले शुक्रवार को अधिकतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस रहा। जो शनिवार को 8 डिग्री सेल्सियस लुढ़ककर 15 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। जबकि न्यूनतम तापमान 13 डिग्री सेल्सियस रहा। वहीं, रविवार को अधिकतम और न्यूनतम दोनों तापमान लुढ़क गया। तापमान एक डिग्री सेल्सियस खिसक कर 14 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया, जबकि न्यूनतम तापमान में भी एक डिग्री सेल्सियस की कमी आई। ठंड से राहत मिलने की उम्मीद कम भास्कर से बात करते हुए मौसम वैज्ञानिक राकेश कुमार ने बताया कि जिले में पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव तेजी से बढ़ रहा है। इसी वजह से टेंपरेचर में लगातार गिरावट होती दिख रही है। अगले 48 घंटे तक इसमें ठंड से राहत मिलने की कोई गुंजाइश नहीं। आने वाले 3 जनवरी तक ऐसे ही हालात बने रहेंगे। कुहासा और कनकनी बढ़ सकती बढ़ेगी। ठंड से राहत की उम्मीद नहीं है। रविवार को कोल्ड डे का असर लोगों के जनजीवन पर साफ दिखाई दिया। लोग घर से बाहर निकलने से बच रहे हैं, जिससे सड़कों पर वाहनों और राहगीरों की आवाजाही कम हो गई है। बाजार फीकी रही। अधिकांश दुकानें बंद रही। ठंड से बचाव के लिए लोग अलाव का सहारा लेते दिखाई दिए। 30 दिसंबर तक स्कूल बंद कड़ाके की ठंड को देखते हुए डीएम अंशुल कुमार ने लेटर जारी करते हुए छात्र-छात्राओं और उनके अभिभावकों को राहत दी है। जिले के सभी सरकारी और प्राइवेट स्कूलों में 30 दिसंबर तक के लिए क्लास 8 तक की एजुकेशनल एक्टिविटी पर रोक लगा दी है। इसमें प्री-स्कूल, आंगनबाड़ी केन्द्र और कोंचिग क्लासेज भी शामिल हैं। क्लास 8 से ऊपर की एजुकेशनल एक्टिविटी के लिए सुबह 10 से 3.30 बजे का समय निर्धारित किया गया है। साथ ही प्री-बोर्ड, बोर्ड की परीक्षा के लिए चलाई जाने वाली स्पेशल क्लासेस को इससे दूर रखा गया है। पूर्णिया में कड़ाके की ठंड पड़ रही है। बर्फीली पछिया हवा और कोहरे के कारण कोल्ड डे का असर बरकरार है। रविवार को अधिकतम और न्यूनतम तापमान में गिरावट आई। लोग ठंड से ठिठुरते रहे। आज भी तापमान में गिरावट देखी जा सकती है। लगातार गिरते तापमान के कारण सुबह से ही घना कोहरा छाया रहा। जिससे कनकनी अधिक बढ़ गई है। 10 KM प्रति घंटे की रफ्तार से बर्फीली पछुआ हवा चल रही है। इससे पहले शुक्रवार को अधिकतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस रहा। जो शनिवार को 8 डिग्री सेल्सियस लुढ़ककर 15 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। जबकि न्यूनतम तापमान 13 डिग्री सेल्सियस रहा। वहीं, रविवार को अधिकतम और न्यूनतम दोनों तापमान लुढ़क गया। तापमान एक डिग्री सेल्सियस खिसक कर 14 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया, जबकि न्यूनतम तापमान में भी एक डिग्री सेल्सियस की कमी आई। ठंड से राहत मिलने की उम्मीद कम भास्कर से बात करते हुए मौसम वैज्ञानिक राकेश कुमार ने बताया कि जिले में पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव तेजी से बढ़ रहा है। इसी वजह से टेंपरेचर में लगातार गिरावट होती दिख रही है। अगले 48 घंटे तक इसमें ठंड से राहत मिलने की कोई गुंजाइश नहीं। आने वाले 3 जनवरी तक ऐसे ही हालात बने रहेंगे। कुहासा और कनकनी बढ़ सकती बढ़ेगी। ठंड से राहत की उम्मीद नहीं है। रविवार को कोल्ड डे का असर लोगों के जनजीवन पर साफ दिखाई दिया। लोग घर से बाहर निकलने से बच रहे हैं, जिससे सड़कों पर वाहनों और राहगीरों की आवाजाही कम हो गई है। बाजार फीकी रही। अधिकांश दुकानें बंद रही। ठंड से बचाव के लिए लोग अलाव का सहारा लेते दिखाई दिए। 30 दिसंबर तक स्कूल बंद कड़ाके की ठंड को देखते हुए डीएम अंशुल कुमार ने लेटर जारी करते हुए छात्र-छात्राओं और उनके अभिभावकों को राहत दी है। जिले के सभी सरकारी और प्राइवेट स्कूलों में 30 दिसंबर तक के लिए क्लास 8 तक की एजुकेशनल एक्टिविटी पर रोक लगा दी है। इसमें प्री-स्कूल, आंगनबाड़ी केन्द्र और कोंचिग क्लासेज भी शामिल हैं। क्लास 8 से ऊपर की एजुकेशनल एक्टिविटी के लिए सुबह 10 से 3.30 बजे का समय निर्धारित किया गया है। साथ ही प्री-बोर्ड, बोर्ड की परीक्षा के लिए चलाई जाने वाली स्पेशल क्लासेस को इससे दूर रखा गया है।


