हरियाणा में हाईवे पर लिफ्ट के बहाने लूटपाट, ब्लैकमेलिंग व जबरन वसूली गैंग ने पंचकूला पुलिस की पूछताछ में कई खुलासे किए हैं। गैंग का सरगना हरियाणा का है। पकड़ से बाहर होने की वजह से पुलिस ने अभी उसकी पहचान उजागर नहीं की है। उसने अपनी लिव-इन पार्टनर संदीप कौर उर्फ माही दीपू के साथ मिलकर गैंग बनाया। संदीप कौर मूलरूप से पंजाब के फिरोजपुर की रहने वाली है। जो करीब चार साल से ऐसे ही कामों में संलिप्त है। वो अकसर लिफ्ट लेकर टैक्सी ड्राइवरों को अपना शिकार बनाती थी। उसकी 4 साल पहले हरियाणा के एक युवक के साथ दोस्ती हुई। दोनों के बीच दोस्ती इस कदर बढ़ी कि वे लिव-इन में रहने लगे। नशे की शौकीन लिव-इन पार्टनर के साथ जब खर्चा पूरा नहीं हुआ तो दोनों ने मिलकर एक गैंग बनाया। गैंग में पंजाब के अबोहर-फाजिल्का के सन्नी कुमार सचदेवा को भी शामिल कर लिया। माही रात के समय हाईवे किनारे खड़ी होकर टैक्सी ड्राइवरों से लिफ्ट मांगती और उन्हें सुनसान एरिया में गलत काम के नाम पर लेकर जाती। जहां पर पीछा करते हुए सन्नी व महिला का लिव-इन पार्टनर पहुंच जाते। टैक्सी ड्राइवर को लूटपाट के बाद पुलिस का भय दिखाकर छोड़ दिया जाता। पंजाब के जीरकपुर और मोहाली एरिया में 19 वारदातों को अंजाम दिया तो पंजाब पुलिस के हत्थे चढ़ गए। 2 बार अलग-अलग मामलों में जेल भी पहुंचे। इसी मामले में पुलिस ने पंचकूला के भैंसा टिब्बा निवासी अशोक कुमार को गिरफ्तार किया है। गैंग सदस्य उसकी कार दो बार बुक करके कहीं ले गए थे। आरोपियों ने उसे लालच दिया कि अगर वे उनके काम में मदद करेगा तो हर रात उसे किराए के अलावा 5 हजार रुपए का इनाम दिया जाएगा। अशोक की मां शहर के कुछ घरों में खाना बनाने का काम करती है। अशोक का रिश्ता भी तय हो चुका था। अशोक मूल रूप से यूपी के बरेली का है। जानिए कैसे लूट के पैसे को लग्जरी लाइफ-नशे पर उड़ाया हरियाणा में एंट्री व ड्राइवर फंसाने के अहम पॉइंट… 4 पॉइंट में समझिए कैसे एक चूक ने बिगाड़ा खेल… ACP बोले- 54 वारदातों का खुलासा, 34 लोगों ने शिकायत नहीं की
पंचकूला ACP क्राइम अरविंद कंबोज ने बताया कि टैक्सी ड्राइवरों को लूटने वाले गिरोह के तीन लोगों को अभी तक गिरफ्तार किया जा चुका है। एक आरोपी अभी भी फरार है। जिसकी तलाश के लिए पुलिस लगातार दबिश दे रही है। गिरना 54 वारदातों का खुलासा किया है जिनमें करीब 35 वारदात केवल पंचकूला की हैं।


