BSEB Matric Result: बिहार की टॉपर्स फैक्ट्री कहे जाने वाले सिमुलतला आवासीय विद्यालय की छात्रा पुष्पांजलि कुमारी ने मैट्रिक परीक्षा में वो स्कोर हासिल किया है जो किसी भी छात्र के लिए एक सपना होता है। उनकी मार्कशीट यह बताती है कि उन्होंने केवल रट्टा नहीं मारा, बल्कि हर विषय को समझकर पढ़ा है। पुष्पांजलि ने वैशाली की सबरीन परवीन के साथ संयुक्त रूप से पहला स्थान हासिल किया है। पुष्पांजलि कुमारी ने मैट्रिक परीक्षा में कुल 492 अंक (98.4%) प्राप्त किए।
पुष्पांजलि की मार्कशीट
पुष्पांजलि की मार्कशीट की सबसे खास बात उनके मुख्य विषयों में प्राप्त अंक हैं। उन्होंने तीन कठिन विषयों में लगभग पूरे अंक हासिल किए हैं। पुष्पांजलि ने गणित में 100 में से 99 अंक, संस्कृत (S.I.L.) में 100 में से 99 अंक और सामाजिक विज्ञान (जिसमें थ्योरी में 79 और इंटरनल असेसमेंट के 20 अंक शामिल हैं)।
इसके अलावा, उन्होंने हिंदी में 98 अंक और विज्ञान में 97 अंक प्राप्त किए। हालांकि, उनकी मार्कशीट की सबसे खास बात उनके वैकल्पिक विषय में उनका प्रदर्शन है। उन्होंने एडवांस मैथ जैसा कठिन विषय चुना और उसमें भी 95 अंक हासिल कर अपनी क्षमता का लोहा मनवाया।

पिता शिक्षक, बेटी बनना चाहती है वैज्ञानिक
पुष्पांजलि मूल रूप से बांका जिले के रजौन (गोपालपुर गांव) की रहने वाली हैं। उनकी मां सिंधु देवी एक गृहिणी हैं, जबकि उनके पिता लालमोहन शर्मा स्वयं भगवानपुर के मिडिल स्कूल में सरकारी शिक्षक हैं, उन्होंने बचपन से ही पुष्पांजलि की शिक्षा की नींव मजबूत रखी। पुष्पांजलि अपनी सफलता का श्रेय अपने पिता और सिमुलतला में अपने शिक्षकों को देती हैं। पुष्पांजलि का लक्ष्य आगे चलकर एक वैज्ञानिक बनकर देश की सेवा करना है।
दिन में 12-13 घंटे करती थीं पढ़ाई
पुष्पांजलि ने अपनी खुशी जाहिर करते हुए कहा कि ऐसा रिजल्ट आने पर बहुत अच्छा लग रहा है। वो कहती हैं कि जैसी मेहनत की थी, वैसा परिणाम मिला है। पुष्पांजलि ने बताया कि उसने इस परीक्षा के लिए कोई कोचिंग नहीं ली थी। 2021 में सिमुलतला आवासीय विद्यालय में दाखिला लेने के बाद से वह कैंपस में ही रही और वहीं अपनी पढ़ाई की। स्कूल की छुट्टियों के दौरान भी, जब वह घर आती थी तो अपने पिता की देखरेख में अपनी पढ़ाई जारी रखती थी। वह प्रतिदिन 12 से 13 घंटे खुद से पढ़ाई करती थी। पुष्पांजलि का मानना है कि अगर सही दिशा में कड़ी मेहनत की जाए, तो कोई भी सपना पूरा किया जा सकता है।
7 साल बाद सिमुलतला स्कूल से स्टेट टॉपर
सिमुलतला आवासीय विद्यालय के लिए पुष्पांजलि का स्टेट टॉपर होना बहुत मायने रखता है। साल 2019 के बाद, पिछले 7 वर्षों से इस स्कूल का कोई भी छात्र स्टेट टॉपर नहीं बन पा रहा था। पुष्पांजलि की इस सफलता ने टॉपर्स फैक्ट्री की उस विरासत को फिर से ज़िंदा कर दिया है जो कुछ समय से शांत पड़ी थी। पुष्पांजलि के साथ-साथ इसी स्कूल के अभिनव कुमार (रैंक-6) और सुरभी सिंह (रैंक-10) ने भी टॉप-10 में जगह बनाई है।
सरकार देगी इनाम और स्कॉलरशिप
बिहार सरकार की नई नीति के मुताबिक और स्टेट टॉपर होने के नाते पुष्पांजलि को 2 लाख रुपये का नकद इनाम, एक लैपटॉप और एक Kindle ई-बुक रीडर दिया जाएगा। इसके अलावा, उसे राजेंद्र प्रसाद मेधा छात्रवृत्ति (मेरिट स्कॉलरशिप) योजना के तहत अपनी इंटरमीडिएट स्तर की पढ़ाई में मदद के लिए हर महीने 2,000 की आर्थिक सहायता भी मिलेगी।


